{"_id":"6ad0e1a382fb6d597806d08b","slug":"cbd-ground-is-turning-into-a-hub-for-bushes-and-filth-delhi-ncr-news-c-503-1-del1005-2042-2026-10-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Delhi NCR News: झाड़ियों और गंदगी का अड्डा बनता जा रहा सीबीडी ग्राउंड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Delhi NCR News: झाड़ियों और गंदगी का अड्डा बनता जा रहा सीबीडी ग्राउंड
विज्ञापन
मोहित शुक्ला
पूर्वी दिल्ली। यमुनापार के अहम व्यावसायिक और प्रशासनिक केंद्र कड़कड़डूमा स्थित सीबीडी ग्राउंड इन दिनों अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। उचित समय पर रख-रखाव और मेंटिनेंस न होने के कारण इस विशाल ग्राउंड के बड़े-बड़े हिस्सों में बड़ी-बड़ी घास और जंगली झाड़ियां उग आई हैं जिससे इसकी पूरी सूरत बिगड़ती जा रही है। एक ओर जहां इस मैदान को भविष्य में बड़े आयोजनों, राजनीतिक रैलियों और सामाजिक कार्यक्रमों के संभावित केंद्र के रूप में देखा जा रहा है वहीं दूसरी ओर बुनियादी साफ-सफाई और देखरेख के अभाव में यहां जगह-जगह कचरे के ढेर और गंदगी फैली हुई है। इस स्थिति को देखकर स्थानीय लोग और राहगीर यही सवाल उठा रहे हैं कि आखिर ऐसी बदहाली के बीच यह मैदान आगे चलकर कैसे बड़े आयोजनों और राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र बन पाएगा।
मोटी कमाई करने के बाद भी नहीं दिया जाता ध्यान
करीब 12 एकड़ के सीबीडी ग्राउंड के कई भू-भागों को किराये पर देकर हर साल डीडीए को लाखों रुपये की कमाई होती है। ग्राउंड के अलग-अलग हिस्सों में फैली यह गंदगी और अनियंत्रित घास-फूस न केवल पर्यावरण और सौंदर्य के लिहाज से नुकसानदेह है बल्कि यहां आने वाले आम नागरिकों के लिए भी परेशानी का सबब बन रही है। जानकारों का कहना है कि जब तक इस मैदान की नियमित साफ-सफाई और समय पर कटाई-छंटाई नहीं कराई जाएगी तब तक यहां किसी भी बड़े कार्यक्रम या आयोजन की कल्पना करना भी मुश्किल होगा।
कार्यक्रमों के बाद यहीं फेंक दिया जाता है कचरा
इस ग्राउंड में शादी व अन्य आयोजनों के लिए 5 से 7 अलग अलग पंडाल बने हुए हैं। इन पंडालों में आए दिन शादी समारोह के साथ अन्य धार्मिक व सामाजिक कार्यक्रम होते रहते हैं। कई बार टेंट हाउस संचालक बचे हुए कचरे को ग्राउंड के खाली हिस्से में डलवा देते हैं। वहीं आयोजनों के भोजन का बचा हुआ कचरा यहां पर पड़ा होने के कारण दुर्गंध के साथ बीमारी का कारण भी बन रहा है। लोगों का कहना है कि इसकी समय पर सफाई करवाई जानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
पूर्वी दिल्ली। यमुनापार के अहम व्यावसायिक और प्रशासनिक केंद्र कड़कड़डूमा स्थित सीबीडी ग्राउंड इन दिनों अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। उचित समय पर रख-रखाव और मेंटिनेंस न होने के कारण इस विशाल ग्राउंड के बड़े-बड़े हिस्सों में बड़ी-बड़ी घास और जंगली झाड़ियां उग आई हैं जिससे इसकी पूरी सूरत बिगड़ती जा रही है। एक ओर जहां इस मैदान को भविष्य में बड़े आयोजनों, राजनीतिक रैलियों और सामाजिक कार्यक्रमों के संभावित केंद्र के रूप में देखा जा रहा है वहीं दूसरी ओर बुनियादी साफ-सफाई और देखरेख के अभाव में यहां जगह-जगह कचरे के ढेर और गंदगी फैली हुई है। इस स्थिति को देखकर स्थानीय लोग और राहगीर यही सवाल उठा रहे हैं कि आखिर ऐसी बदहाली के बीच यह मैदान आगे चलकर कैसे बड़े आयोजनों और राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र बन पाएगा।
मोटी कमाई करने के बाद भी नहीं दिया जाता ध्यान
करीब 12 एकड़ के सीबीडी ग्राउंड के कई भू-भागों को किराये पर देकर हर साल डीडीए को लाखों रुपये की कमाई होती है। ग्राउंड के अलग-अलग हिस्सों में फैली यह गंदगी और अनियंत्रित घास-फूस न केवल पर्यावरण और सौंदर्य के लिहाज से नुकसानदेह है बल्कि यहां आने वाले आम नागरिकों के लिए भी परेशानी का सबब बन रही है। जानकारों का कहना है कि जब तक इस मैदान की नियमित साफ-सफाई और समय पर कटाई-छंटाई नहीं कराई जाएगी तब तक यहां किसी भी बड़े कार्यक्रम या आयोजन की कल्पना करना भी मुश्किल होगा।
विज्ञापन
कार्यक्रमों के बाद यहीं फेंक दिया जाता है कचरा
इस ग्राउंड में शादी व अन्य आयोजनों के लिए 5 से 7 अलग अलग पंडाल बने हुए हैं। इन पंडालों में आए दिन शादी समारोह के साथ अन्य धार्मिक व सामाजिक कार्यक्रम होते रहते हैं। कई बार टेंट हाउस संचालक बचे हुए कचरे को ग्राउंड के खाली हिस्से में डलवा देते हैं। वहीं आयोजनों के भोजन का बचा हुआ कचरा यहां पर पड़ा होने के कारण दुर्गंध के साथ बीमारी का कारण भी बन रहा है। लोगों का कहना है कि इसकी समय पर सफाई करवाई जानी चाहिए।
विज्ञापन