फिरौती के लिए अगवा कर 12 साल के मासूम की हत्या, परिजनों ने थाने के बाहर जमकर किया बवाल
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उत्तर-पूर्वी दिल्ली के करावल नगर इलाके में एक युवक ने पड़ोस में रहने वाले मासूम निशांत कश्यप उर्फ छोटू (12) की फिरौती के लिए अगवा कर हत्या कर दी। उसने लाश को ठिकाने भी लगा दिया। परिजनों ने युवक पर पहले ही दिन शक जताकर उसे पुलिस के हवाले किया था, लेकिन महज औपचारिकता पूरी कर पुलिस ने युवक को छोड़ दिया। शुक्रवार को मासूम का शव घर के पास ही नाले से बोरे में बरामद हुआ तो हत्या का राज खुला। पुलिस ने अगवा कर हत्या करने और सबूत मिटाने के आरोप में पड़ोसी नन्हे (22) को गिरफ्तार कर लिया। इधर, पुलिस से नाराज परिजनों और रिश्तेदारों ने शनिवार दोपहर करावल नगर थाने के बाहर जमकर हंगामा किया। इस दौरान पथराव व हमले में कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर उन्हें हटाया।
पुलिस के मुताबिक, बी-44, गली नंबर-5, नाला रोड, अमर विहार, करावल नगर में निशांत कश्यप पिता देवेंद्र कश्यप, मां राखी और दो बड़े भाई-बहनों के साथ रहता था। छोटृ पास के पब्लिक स्कूल में 5वीं कक्षा का छात्र था। 11 मार्च की शाम करीब 7:30 बजे वह घर के पास ही रहने वाले नन्हे के पास जाने की बात कहकर घर से निकला था। वह अक्सर नन्हे के मोबाइल से खेलने उसके पास चला जाता था। वह घर नहीं लौटा तो परिजनों ने काफी तलाश करने के बाद सूचना पुलिस को दी। उन्होंने नन्हे पर शक जताते हुए उसे पुलिस के हवाले कर दिया। पूछताछ में नन्हे ने छोटू के बारे में जानकारी नहीं होने की बात कही तो पुलिस ने उसे छोड़ दिया। इस बीच, पुलिस व परिवार छोटू की तलाश करता रहा। शुक्रवार दोपहर घर के पास ही नाले से एक बोरे में बच्चे की बुरी तरह सड़ी-गली लाश बरामद हुई। उसकी पहचान छोटू के रूप में हुई।
छोटू की लाश मिलने के बाद पुलिस ने नन्हे को दोबारा हिरासत में लेकर पूछताछ की तो वह टूट गया। उसने पुलिस को बताया कि घटना वाले दिन उसने मासूम को बुलाया और गला घोंटकर हत्या कर दी। बाद में शव को बोरे में बंद कर नाले में फेंक दिया। वह फिरौती की रकम नही मांग सका था। उसे लगता था कि छोटू का शव बरामद नहीं हो पाएगा और वह परिवार से उसकी जानकारी देने की बात कर धीरे-धीरे रुपये ऐंठता रहेगा। आरोपी टाइल लगाने का काम करता है और जल्द रुपये कमाने के चक्कर में उसने वारदात की।
परिजनों ने थाने के बाहर लगाया जाम
मासूम छोटू की हत्या के बाद से उसके परिजनों में खासा रोष है। पुलिस की कार्रवाई में देरी से नाराज होकर उन्होंने शनिवार दोपहर बाद करावल नगर थाने के बाहर प्रदर्शन किया और सड़क पर जाम लगा दिया। लोगों का कहना था कि पहले ही दिन आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया गया था। पुलिस ने रुपये लेकर आरोपी को छोड़ दिया। भीड़ को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी पहुंच गए। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे परिजनों का हटाने का प्रयास किया तो वे उग्र हो गए और पुलिस पर पथराव कर दिया। कई पुलिसकर्मी पत्थरबाजी में जख्मी हो गए। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर लोगों को हटाया। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे लोगों के खिलाफ सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, ड्यूटी के दौरान हमला करने का मामला दर्ज कर लिया गया है।
मोमोज खिलाने के बहाने से मासूम को बुलाया
पूछताछ में नन्हे ने बताया है कि उसे पता था कि छोटू मोबाइल में गेम खेलने का शौकीन था। उसने मासूम को मोबाइल में गेम और मोमोज खिलाने का झांसा दिया। नन्हे ने उसे मोमोज और रोल भी खिलाया। बाद में वह उसे बहला-फुसलाकर नाले के पास ले गया। वहां मासूम की गला घोंटकर हत्या कर शव को एक बोरे में डाला और नाले में फेंक दिया। बाद में वह घर लौट गया।
परिवार से मोटी रकम वसूलना चाहता था
टाइल लगाने वाला नन्हे छोटू के पिता से मोटी रकम वसूलना चाहता था। इसके लिए उसने राज खुलने के डर से पहले छोटू की हत्या की योजना बनाई। अगवा करने के एक घंटे के भीतर ही नन्हे ने उसे मार दिया। बाद में शव को भी ठिकाने लगा दिया। डर की वजह से वह फिरौती की रकम नहीं वसूल सका। इसके बाद आरोपी ने सोचा कि वह परिवार को मासूम की जानकारी होने की बात कर भी रकम वसूल सकता है।
परिवार की शिकायत के बाद पहले ही दिन अपहरण का मामला दर्ज कर छानबीन की गई थी। पुलिस लगातार परिवार के संपर्क में थी। आसपास के सीसीटीवी की फुटेज भी खंगाली गई थी, लेकिन छोटू का पता नहीं लग रहा था। शुक्रवार को उसकी लाश मिलने के बाद हत्याकांड का राज खुला। पुलिस ने हत्या और सबूत मिटाने का मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
- अतुल कुमार ठाकुर, जिला पुलिस उपायुक्त