कोयला घोटाले पर क्या बोले केजरीवाल?
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सुप्रीम कोर्ट की तरफ से कोल ब्लॉक आवंटन रद्द करने का फैसला भ्रष्टाचार के खिलाफ शुरू की गई लड़ाई का पहला पड़ाव है। आगे ढेरों चुनौतियां आने वाली हैं। आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने बृहस्पतिवार को यह बातें कहीं।
केजरीवाल कांस्टीट्यूशन क्लब में प्रशांत भूषण के सम्मान में आयोजित समारोह में बोल रहे थे। इस मौके पर पार्टी के संघर्ष के दिनों के पुराने वीडियो भी दिखाए गए। इनमें आप के तमाम आंदोलनों और कोयला ब्लाक रद्द किए जाने की मांग वाले प्रदर्शन शामिल थे।
केजरीवाल ने कहा कि कोयला घोटाले का पर्दाफाश करने के लिए आप ने सड़क से अदालत तक लंबी लड़ाई थी। जंतर मंतर पर हमें अनशन पर बैठना पड़ा। वहीं, प्रशांत भूषण अदालत में लड़ाई लड़ रहे थे। ठोस कार्रवाई करने की जगह तत्कालीन यूपीए सरकार आंदोलनकारियों पर ताना मार रही थी। सुप्रीम कोर्ट का फैसला यूपीए सरकार के मंत्रियों पर तमाचा है।
बोले केजरी, हम CM या विधायक बनने नहीं आए
केजरीवाल ने कहा कि यह आम लोगों की जीत है। पार्टी गठन का मकसद ही देश से भ्रष्टाचार खत्म करना है। हम सब मुख्यमंत्री-विधायक बनने राजनीति में नहीं आए थे। इस दौरान केजरीवाल ने नसीहत दी कि अभी चुनौतियां खत्म नहीं हुई हैं। हमें हर कदम पर चौकन्ना रहना पड़ेगा।
खास तौर से इस बात पर कि एनडीए सरकार अब नए सिरे से कोल ब्लॉक के आवंटन के लिए किस योजना पर काम करती है। किस तरह से आवंटन किया जाता है। पुरानी सरकार की तरह अगर नई सरकार भी आवंटन में हेरा-फेरी करने की कोशिश करती है तो आम लोगों के साथ पार्टी कार्यकर्ताओं को इस पर नकेल कसने को तैयार रहना पड़ेगा।
दूसरी तरफ प्रंशात भूषण ने कहा कि यह जीत केवल मेरे अकेले की नहीं है। यह जीत आम आदमी पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं और नेताओं की है। सभी ने मिलकर पार्टी के संदेश को आंदोलनों और प्रदर्शनों में तब्दील किया। बता दें कि बुधवार को उच्चतम न्यायालय ने कोयला ब्लाक आंवटन पर एतिहासिक फैसला देते हुए 218 में से 214 कोयला ब्लॉक को रद्द कर दिया था।