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जासूसी रैकेट का पर्दाफाश, वायुसेना कर्मी दे रहा था गुप्त सूचनाएं

Wed, 30 Dec 2015 11:31 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Wed, 30 Dec 2015 11:31 AM IST
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Air Force personnel giving secret information on Facebook.

दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा, मिलिट्री इंटेलिजेंस और एयरफोर्स लाइजनिंग यूनिट ने पड़ोसी देश के एक और जासूसी रैकेट का पर्दाफाश किया है।

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अपराध शाखा ने जासूसी के आरोप में वायुसेना के एक लीडिंग एयर क्राफ्टमैन (एलएसी) रनजीत के.के (24) को पंजाब के बठिंडा एयरफोर्स स्टेशन से गिरफ्तार किया है। बताया गया है कि पड़ोसी देश की खुफिया एजेंसी ने फेसबुक पर लड़की की नकली आईडी बनाकर टेक्नीशियन को जाल में फंसाया। साथ ही रनजीत को रुपयों का लालच भी दिया गया।
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बदले में वह वायुसेना की गुप्ता सूचनाएं लीक कर रहा था। गिरफ्तार वायुसेना कर्मी को पुलिस ने मंगलवार को कोर्ट में पेश कर चार दिन के रिमांड पर लिया है। पुलिस आरोपी को ग्वालियर व जैसलमेर भी लेकर जाएगी।
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अपराध शाखा के संयुक्त आयुक्त रविंद्र यादव ने बताया कि उनकी टीम को सूचना मिली थी कि पड़ोसी देश की खुफिया एजेंसी भारतीय सेना के जवानों को लड़कियों के जाल में फंसाकर जासूसी करवा रही है।

लड़की की नकली फेसबुक आईडी बनाकर फंसाया

Air Force personnel giving secret information on Facebook.

छानबीन के दौरान पता चला कि दामिनी मैकनॉट के नाम से नकली आईडी बनाकर पड़ोसी देश की खुफिया एजेंसी भारतीय एयरफोर्स के लीडिंग एयर क्राफ्टमैन रनजीत के.के के संपर्क में है।

इसके बाद आरोपी को पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान रनजीत ने माना कि उसने एयरफोर्स से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां (नक्शा बनाकर और लिखकर) दामिनी मैकनॉट नाम की फेसबुक आईडी को मुहैया करवाई थी।

रनजीत ने बताया कि 2013 में फेसबुक पर उसे फ्रेंडशिप रिक्वेस्ट भेजी गई थी। दामिनी ने उसे बताया था कि वह यूके की खबरों पर आधारित एक मैगजीन में एक्जीक्यूटिव है। उसे एयरफोर्स की कुछ जानकारी मैगजीन में प्रकाशित करनी हैं, बदले में उसे पैसे दिए गए। भरोसा जीतने के लिए बाकायदा उसका इंटरव्यू भी लिया गया।

खुफिया एजेंसी के जासूसों ने रनजीत से उसके मोबाइल फोन पर इंटरनेट से कॉल भी की। उसने एयरफोर्स की मौजूदा गतिविधियों, एयरक्राफ्ट की तैनाती और मूवमेंट की जानकारी लीक की।

चार दिन की पुलिस रिमांड पर आरोपी

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देश की वायु सेना संबंधी जानकारी बेचने के मामले में गिरफ्तार वायुसेना कर्मी रंजीत के.के को दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया।

कोर्ट ने आरोपी को पूछताछ के लिए चार दिन के पुलिस रिमांड पर सौंप दिया। पूरी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए पुलिस उसे जैसलमेर और ग्वालियर लेकर भी जाएगी।

सोमवार को पुलिस ने आरोपी को बठिंडा एयरफोर्स स्टेशन से गिरफ्तार किया है। इस स्टेशन से भारत-पाकिस्तान सीमा केवल सात किलोमीटर दूर है।

सीमा से बेहद नजदीक होने के कारण यह एयरफोर्स स्टेशन बेहद संवेदनशील है और संबंधित जानकारी लीक होने पर इसे आसानी से निशाना बनाया जा सकता है।

2013 से मुहैया करा रहा था जानकारी

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दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने आरोपी को ड्यूटी एमएम पुनीत पाहवा के समक्ष पेश कर पूछताछ के लिए पांच दिन का रिमांड मांगा।

पुलिस ने कहा कि आरोपी ने बठिंडा के अलावा ग्वालियर और जैसलमेर वायु सेना स्टेशनों की खुफिया जानकारियां भी दी हैं। पूरी साजिश का पर्दाफाश करने के लिए आरोपी से पूछताछ जरूरी है। पुलिस ने बताया कि आरोपी 2013 से खुफिया जानकारी बाहरी लोगों को मुहैया करवा रहा था। इसके बदले में आरोपी के बैंक खाते में 30000 रुपये की रकम डाली गई थी।

कोर्ट में दायर आवेदन में पुलिस ने कहा कि आरोपी फेसबुक पर अपनी महिला मित्र को खुफिया जानकारी देता था। वह व्हाट्सऐप पर भी जानकारी देता था। इसके अलावा आरोपी के पास स्काइप इंटरनेट सेवा से फोन आता था, जिस पर कोई महिला इससे बात करती थी।

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