AIIMS: कुत्तों-बंदरों को लेकर लिखे गए पत्र का आया जवाब, मेनका गांधी ने कहा- लगवा लें लाउडस्पीकर..
देश के सबसे बड़े चिकित्सीय संस्थान एम्स में कुत्तों और बंदरों के आतंक को लेकर केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी ने डॉक्टरों से परिसर को खाने-पीने की चीजों से मुक्त कराने की बात कही है।
उन्होंने सुझाव दिया है कि एम्स परिसर में लाउडस्पीकर लगाकर तीमारदारों से खाना इधर-उधर न फेंकने की अपील की जाए तो काफी हद तक इस समस्या से निपटा जा सकता है।
बता दें कि एक दिन पहले एम्स की रेजीडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (आरडीए) ने केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी को पत्र लिखा था। इसमें डॉक्टरों ने तंज कसते हुए कुत्तों और बंदरों से एम्स परिसर को मुक्त कराने के लिए सलाह भी मांगी थी।
मेनका गांधी ने बुधवार सुबह करीब 10:30 बजे इसका जवाब बाकायदा ईमेल के जरिए डॉक्टरों को भेजा। उन्होंने सुझाव दिया कि एम्स के कुछ हिस्से को छोड़कर अन्य कहीं भी खाद्य पदार्थ इधर-उधर न फेंके जाएं।
मेनका गांधी ने डॉक्टरों को कार्यालय बुलाया
मेनका गांधी ने कहा कि कुत्तों का बंध्याकरण और टीकाकरण किया जा सकता है, लेकिन बंदर इससे और भी ज्यादा खतरनाक हो सकते हैं। इन्हें परिसर से हटाया जा सकता है, लेकिन रात के वक्त ये फिर नए समूह में आ पहुंचेंगे।
मेनका गांधी ने कहा कि एम्स में मूल समस्या खाद्य सामग्री का आसानी से उपलब्ध हो जाना है। मेनका ने यह भी कहा है कि एम्स देश का सर्वश्रेष्ठ चिकित्सीय संस्थान है।
इसलिए एम्स के लिए कुछ करने में उन्हें खासी खुशी मिलेगी। उन्होंने डॉक्टरों से कहा है कि वे इन सुझाव को स्वीकारते हैं तो उनके कार्यालय में आकर मुलाकात कर सकते हैं।