दिल्ली: पानी के बाद अब सब्जी व दूध पर संकट
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हरियाणा में जाट आरक्षण की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन का असर राजधानी में हरी सब्जियों व दूध की सप्लाई पर पड़ रहा है। मंडी प्रशासन का कहना है कि आंदोलन खत्म होने के बाद भी आवक सामान्य होने में वक्त लगेगा।
इससे सब्जियों के दाम में उछाल आ सकता है। रविवार को भी कीमत में मामूली बढ़ोत्तरी दर्ज की गई। दूसरी तरफ रोहतक का दूध प्लांट बंद होने से दूध की आवक में भी कमी आई है।
मंडी कारोबारियों का कहना है कि विरोध प्रदर्शन की वजह से परिवहन व्यवस्था ठप हो गई है। चैंबर ऑफ फ्रूट एंड वेजिटेबल के महासचिव राजकुमार भाटिया के मुताबिक, रविवार को ज्यादातर उत्पादकों ने अपने खेत से सब्जी व फल नहीं निकाला।
आवक में कमी आने से बढ़ेंगी कीमतें
इसका सीधा असर सोमवार को मंडी पर दिखेगा। आवक में कमी आने से कीमत में उछाह आ सकता है। भाटिया ने बताया कि आंदोलन अगर खत्म भी हो जाता है, तब भी आवक सामान्य होने में तीन-चार दिन लग जायेगा।
दूसरी तरफ प्रमुख दूध उत्पादक कंपनी अमूल ने पहले ही अपने रोहतक प्लांट को अस्थाई तौर पर बंद कर दिया है। यहां से रोजना पांच लाख लीटर दूध उत्पादन होता है। वहीं, सिरसा और फतेहाबाद चिलिंग सेन्टर से दूध संग्रहण का काम रोक दिया है। यहां से ज्यादातर दूध की सप्लाई दिल्ली-एनसीआर में होती है।
दिल्ली की मांग फिलहाल उत्तर प्रदेश से दूध की सप्लाई बढ़ाकर पूरा किया जा रहा है। लेकिन आगे हालात सामान्य न होने पर लोगों को दूध मिलना मुश्किल होगा। रविवार को भी बाहरी दिल्ली के कई इलाकों में लोगों को दूध की किल्लत सामना करना पड़ा।