विवादों से डरी AAP में बदल रहे हैं पार्टी के चेहरे
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विवादों के बीच आम आदमी पार्टी की दिल्ली से जुड़ी इकाइयों में बदलाव कर रही है। पार्टी की युवा, महिला व छात्र समेत सभी प्रमुख इकाइयों के प्रमुखों को बदला जा रहा है। वहीं, जिला स्तरीय इकाइयों का भी पुनर्गठन किया जा रहा है। हालांकि, राज्यस्तरीय संगठन में फेरबदल नहीं किया गया है। अशुतोष, दिलीप पांडेय व दुर्गेश पाठक पहले की तरह काम करते रहेंगे।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, युवा इकाई का गठन दिल्ली विधानसभा से पहले हुआ था। इसके प्रमुख तिलक नगर विधायक जनरैल सिंह थे। सरकार बनने के बाद जनरैल सिंह को संसदीय सचिव बना दिया गया। ऐसे में उनकी जिम्मेदारी अंकुश नारंग को दे दी गई है। दूसरी तरफ अभी तक शालीमार बाग विधायक बंदना कुमारी आप की महिला विंग की अध्यक्ष थीं।
बंदना के विधानसभा उपाध्यक्ष बनने के बाद उनकी जिम्मेदारी पालम विधायक भावना गौर को सौंप दी गई है। इसके अलावा छात्र इकाई का जिम्मा अभी तक रोहताश नगर के विधायक सरिता सिंह के पास है।
14 जिला इकाईयों का पार्टी कर रही पुनर्गठन
सरिता के संसदीय सचिव बनने के बाद इस पद भी नए व्यक्ति की नियुक्ति होनी है। दूसरी तरफ अनुसूचित जाति/ जनजाति इकाई का अध्यक्ष अशोक नांगलिया, ग्रामीण सेल राजीव चौधरी और ई-रिक्शा विंग मनीष झा के जिम्मे है।
दूसरी तरफ पार्टी दिल्ली की सभी 14 जिला इकाइयों का पुनर्गठन कर रही है। प्रत्येक जिले में एक इंचार्ज के साथ दो उपाध्यक्ष, दो सचिव व एक कोषाध्यक्ष की नियुक्ति हो रही है। जल्द ही जिलास्तरीय संगठन तैयार हो जाएगा। एक वरिष्ठ पदाधिकारी के मुताबिक, आप की सभी इकाइयों ने दिल्ली चुनाव में अहम भूमिका अदा की थी।
इसके जरिए पार्टी अपना विजन आम लोगों तक पहुंचाने में कामयाब रही। इन्हीं इकाइयों केदम पर 70 में से 67 सीटें जीतने में कामयाब रही थी। अब कोशिश है कि एक बार फिर से इनमें ऊर्जा भरी जाए। जिससे सरकार के कामों को आम लोगों तक पहुंचाया जा सके।