आप और भाजपा ने एक-दूसरे के खिलाफ दर्ज कराई प्राथमिकी, जानिए क्या है मामला?
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पूर्वी दिल्ली के शकरपुर इलाके में बीते शुक्रवार को एक निजी चैनल के डिबेट में आप व भाजपा कार्यकर्ता भिड़ गए थे। कार्यक्रम में लक्ष्मी नगर से आप के निवर्तमान विधायक नितिन त्यागी और भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष अभय वर्मा मुख्य वक्ता थे। मारपीट इतनी बढ़ गई कि पुलिस बुलानी पड़ी।
बाद में दोनों ओर से मारपीट और महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की शिकायत दी गई। जिला पुलिस उपायुक्त जसमीत सिंह के मुताबिक रविवार को छानबीन के बाद दोनों ओर से मिली शिकायत के आधार पर मारपीट और छेड़छाड़ की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने दोनों ओर के कई लोगों को पूछताछ में शामिल होने के लिए कहा है। पुलिस चैनल के वीडियो से मामले की छानबीन कर रही है।
पुलिस के मुताबिक शुक्रवार शाम शकरपुर स्कूल ब्लॉक में एक चैनल की ओर से चुनावी डिबेट आयोजित किया गया था। इसमें आप से नितिन त्यागी व भाजपा से अभय वर्मा मौजूद थे। कार्यक्रम में आप व भाजपा के कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में थे। बहस के दौरान दोनों पार्टियों के कार्यकर्ता नारेबाजी और हूटिंग कर रहे थे।
इसी दौरान कुछ कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए। दोनों ओर से जमकर लात-घूंसे चले। बात इतनी बढ़ी कि टीवी चैनल को कार्यक्रम बंद करना पड़ा। बवाल की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। किसी तरह मामले को शांत करवाया गया।
नितिन त्यागी ने आरोप लगाया था कि जब वह अपने विकास कार्य गिनवा रहे थे तो भाजपा नेता ने माहौल खराब कर दिया। त्यागी का कहना था कि कार्यक्रम में कोई भी आप कार्यकर्ता नहीं था। इसी तरह के आरोप अभय वर्मा की ओर से भी लगाए गए।
आचार संहिता उल्लंघन: 7 दिन में 325 केस दर्ज, 229 दबोचे गए
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के अनुसार बीते सात दिन में आचार संहिता उल्लंघन के आरोप में 325 मुकदमे दर्ज किए गए हैं। साथ ही 229 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। सोमवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि 21 मामले आचार संहिता के उल्लंघन पर दर्ज किए गए हैं, जिनमें से एक कांग्रेस के खिलाफ है।
जबकि चार डीडी एंट्री भी कराई गई हैं। इनके अलावा आबकारी अधिनियम के तहत 220 और शस्त्र अधिनियम के तहत 84 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं। 229 लोगों को आबकारी अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया जा चुका है। दिल्ली पुलिस की विशेष टीम के साथ छापामारी कर 97 अवैध हथियार और 154 कारतूस बरामद किए गए हैं।
09 किलो से ज्यादा मादक पदार्थ सील किए गए हैं। 3.76 लाख से ज्यादा होर्डिंग और बैनरों को अब तक हटाया जा चुका है। इसके अलावा अब तक 1091 लोगों के खिलाफ सीआरपीसी अधिनियम और 24687 के खिलाफ डीपी एक्ट के तहत मुकदमे दर्ज किए गए हैं।