{"_id":"c7ae8b699c29a7770280b8067d9ab09f","slug":"6-congress-post-holders-in-faridabad-left-party-in-one-day","type":"story","status":"publish","title_hn":"अपने ही क्यों दे रहे हैं कांग्रेस को दगा?","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अपने ही क्यों दे रहे हैं कांग्रेस को दगा?
ओम प्रकाश/अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Wed, 19 Mar 2014 03:35 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फरीदाबाद में सत्ताधारी कांग्रेस पार्टी की मजबूत दीवार अब दरकने लगी है। जिला कांग्रेस को एक ही दिन में पार्टी के छह पदाधिकारियों ने झटका दे दिया।
विज्ञापन
इनमें से अधिकांश ऐसे हैं, जिन्हें अभी न तो विधानसभा चुनाव लड़ना है और न ही लोकसभा का। बस वे अपनी पार्टी छोड़कर विरोधी प्रत्याशियों का साथ देने पहुंच गए हैं।
विज्ञापन
जिला कांग्रेस कमेटी को इसकी भनक तक नहीं लगी। ‘अमर उजाला’ ने इस बारे में कांग्रेस के कुछ और नेताओं से बातचीत की तो पता चला कि पंजाबी समाज के कई नेता इस समय इनेलो प्रत्याशी आरके आनंद के संपर्क में हैं।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें: मोदी की दोस्ती ने दिलाया लोकसभा का टिकट
इसमें एक जिला महासचिव भी बताया गया है। उनका कहना है कि कांग्रेस और भाजपा दोनों ने गुर्जर समाज को टिकट दिया है। इन्होंने कभी पंजाबियों को तव्ज्जो नहीं दी, इसलिए वे पार्टी छोड़ सकते हैं।
मंगलवार को जिन नेताओं ने कांग्रेस को झटका दिया, उनमें धर्मवीर भड़ाना प्रमुख हैं। वह जिला उपाध्यक्ष थे। कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेताओं से उनके अच्छे संबंध हैं। फिर भी उस वक्त पार्टी छोड़कर चले गए, जब सांसद भड़ाना को चुनाव के दौरान गुर्जर नेताओं की जरूरत है। कारण यह कि भाजपा ने भी इस बार गुर्जर कार्ड खेल दिया है।
कहा यह जा रहा है कि धर्मवीर भड़ाना ने विशुद्ध रूप से विधानसभा टिकट के लिए हाथ छोड़कर हाथी की सवारी की है। वह कितना कामयाब हो पाते हैं, यह वक्त ही बताएगा।
कांग्रेस में फरीदाबाद लोकसभा क्षेत्र प्रचार कमेटी के अध्यक्ष गुलशन बग्गा का कहना है कि कुछ लोगों की किसी से निजी नाराजगी हो सकती है। पार्टी से किसी की नाराजगी नहीं है।