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दिल्ली के निजी स्कूलों में खाली हैं EWS श्रेणी की 40 फीसदी सीटें, शिक्षा विभाग ने दिए जांच के आदेश
Tue, 20 Aug 2019 06:10 PM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Trainee Trainee
Updated Tue, 20 Aug 2019 06:10 PM IST
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दिल्ली के निजी स्कूलों में फरवरी से ही नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाती है। नामांकन पूरे होने के सात महीने बीते चुके हैं, इसके बावजूद भी अब तक आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आरक्षित सीटों में से 40 फीसदी सीट खाली पड़े हुए हैं। 13 अगस्त को जारी किए गए आधिकारिक रिपोर्ट के अनुसार लगभग 14 हजार सीटें ऐसी हैं जिनके लिए बच्चे एडमिशन करवाने नहीं आए, जबकि 1338 सीटें अब भी वेटिंग में हैं।
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वहीं 4,152 छात्रों की नामांकन सूची अब तक अपडेट नहीं की गई है। मालूम हो की शिक्षा का अधिकार कानून के तहत निजी स्कूलों की कुल सीटों में से 25 फीसदी सीटें आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए आरक्षित होतीं हैं।
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इस रिपोर्ट को जारी किए जाने के बाद शिक्षा विभाग ने जिला कार्यालय को मामले की जांच करने के आदेश दिए हैं। जिला कार्यालय से कहा गया है कि जो बच्चे दाखिला लेने नहीं आ रहे हैं, उनके अभिभावकों से संपर्क कर के इसके कारण का पता लगाया जाए। इसके साथ ही स्कूलों से बात कर के डाटा अपडेट नहीं होने की वजह पता करने को भी कहा गया है।
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