बाजार में नहीं चल रहा 2000 का नोट, नकली होने की भी फैल रही बात
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10 नवंबर से बैंकों ने 2000 के नए नोट ग्राहकों को देने शुरू किए। पहले दिन 2000 का नोट लेने के लिए ग्राहक खासे उत्साहित रहे, लेकिन जैसे-जैसे दिन बीत रहे हैं। उनके लिए यह जी का जंजाल साबित हो रहा है। वजह, इसका खुल्ला नहीं होना है।
सेक्टर-11 के एक ढाबे में एक ग्राहक 2000 के नए नोट के साथ पहुंचा। उसने ढाबा संचालक को पहले ही बता दिया कि उसके पास 2000 का नया नोट है और उसे एक प्लेट खाना चाहिए, लेकिन दुकानदार को जैसे ही पता चला उसने खुल्ले होने से साफ मना कर दिया।
ग्राहक बेहद मायूसी के साथ वहां से चला गया। शहर में कुछ ऐसा ही हाल उन सभी लोगों का है, जिनके पास 2000 का नोट है और उन्हें 100 से 200 रुपये का सामान खरीदना है। ऐसे लोगों को नया नोट होने के बावजूद सामान नहीं मिल रहा है।
2000 के नकली नोट की फैल रही अफवाह
सेक्टर-62 के एक रेस्टोरेंट संचालक अतुल वालिया का कहना है कि अगर कोई ग्राहक 100 रुपये का खाना खाकर 2000 का नोट देता है तो उसे 100-100 के 19 नोट कैसे दें। उनका तर्क है कि बाजार में 500 और 1000 के नोट नहीं हैं। ऐसे में 2000 का नोट तुड़वाने पर 100-100 का ही नोट देना पड़ेगा, जो आज की तिथि में बेहद मुश्किल है।
2000 के नकली नोट की फैल रही अफवाह
शहर में 2000 के नकली नोट की भी अफवाह फैल रही है। दरअसल, शहर में पहले दिन 2000 का नोट लेने के बाद भी जिन लोगों का काम रुका है या पैसे खुल्ले नहीं हो रहे हैं। ऐसे लोग अब 2000 के नए नोट से बच रहे हैं। वहीं ऐसे नोट बेहद कम लोगों के पास उपलब्ध हैं। यानी अधिकांश लोगों ने अभी तक 2000 के नोट के दर्शन भी नहीं किए हैं।
ऐसे में कुछ दुकानदार तर्क दे रहे हैं कि अगर किसी ने नकली नोट ही दे दिया तो इसकी पहचान कैसे की जाएगी, हमने तो अभी तक नोट देखा ही नहीं। लिहाजा ऐसे नोट नहीं लेने की यह भी एक बड़ी वजह बन रही है। इसके अलावा कुछ लोग नोट पर छपे शब्दों को लेकर भी तर्क दे रहे हैं। हालांकि, लोग इसे पूरी तरह से अफवाह मान रहे हैं और किसी ने आधिकारिक रूप से कुछ भी नहीं कहा है।