{"_id":"5b979b06867a557ff129c123","slug":"uttarakhand-government-suspended-two-ias-officers-in-nh-74-scam","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"उत्तराखंड सरकार की बड़ी कार्रवाई, 400 करोड़ के घोटाले में दो आईएएस अधिकारी निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उत्तराखंड सरकार की बड़ी कार्रवाई, 400 करोड़ के घोटाले में दो आईएएस अधिकारी निलंबित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Updated Wed, 12 Sep 2018 02:28 PM IST
विज्ञापन
Trivendra Singh Rawat
उत्तराखंड सरकार ने भ्रष्टाचार के मामले में बड़ी कार्रवाई की है। सरकार ने रोड घोटाले में आरोपी दो आईएएस अधिकारियों को निलंबित कर दिया है।
निलंबित आईएएस पंकज पांडेय और चंद्रेश कुमार पर एन-एच 74 के लिए भूमि अधिग्रहण में गड़बड़ी करने का आरोप है। दोनों अफसर अपर मुख्यसचिव कार्मिक कार्यालय में जुड़े रहेंगे। विस्तृत जांच के लिए जल्द शासन जांच अधिकारी तैनात करेगा।
कार्मिक विभाग आरोप पत्र जारी करने की तैयारी में है। एनएच 74 मामले में एसआईटी जांच हो रही है। उसी आधार पर शासन ने कार्रवाई की है। दोनों अफसर मौजूदा समय में शासन में अपर सचिव के पद पर तैनात हैं।
विज्ञापन
निलंबित आईएएस पंकज पांडेय और चंद्रेश कुमार पर एन-एच 74 के लिए भूमि अधिग्रहण में गड़बड़ी करने का आरोप है। दोनों अफसर अपर मुख्यसचिव कार्मिक कार्यालय में जुड़े रहेंगे। विस्तृत जांच के लिए जल्द शासन जांच अधिकारी तैनात करेगा।
कार्मिक विभाग आरोप पत्र जारी करने की तैयारी में है। एनएच 74 मामले में एसआईटी जांच हो रही है। उसी आधार पर शासन ने कार्रवाई की है। दोनों अफसर मौजूदा समय में शासन में अपर सचिव के पद पर तैनात हैं।
विज्ञापन
Trending Videos
ये था मामला
घोटाला
- फोटो : amar ujala
आपको बता दें कि नेशनल हाइवे 74 घोटाले में नाम सामने आने के बाद एसआईटी की टीम ने दोनों निलंबित आईएएस अधिकारियों से पूछताछ भी की थी।
खुद सीएम रावत ने दोनों अफसरों के निलंबन की पुष्टि की है। गौरतलब है कि एनएच 74 में करीब 400 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ था।
आपको बता दें कि 2011 से 2016 के बीच जसपुर, काशीपुर, बाजपुर और सितारगंज में यह जमीन घोटाला हुआ था। इस मामले में अब तक 22 लोग जेल जा चुके हैं।
खुद सीएम रावत ने दोनों अफसरों के निलंबन की पुष्टि की है। गौरतलब है कि एनएच 74 में करीब 400 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ था।
आपको बता दें कि 2011 से 2016 के बीच जसपुर, काशीपुर, बाजपुर और सितारगंज में यह जमीन घोटाला हुआ था। इस मामले में अब तक 22 लोग जेल जा चुके हैं।