सड़क किनारे इस हाल में पड़ा मिला नवजात बच्ची का शव, देखकर सबकी आंखे नम हो गईं
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सड़क किनारे नवजात बच्ची का शव जिस हालत में मिला उसे देखकर हर किसी की आंखे नम हो गई। एक मां के आगे न जाने वह कौन सी मजबूरी थी कि उसने कलेजे के टुकड़े को मार कर या मरने के लिए हाइवे के किनारे फेंक दिया।
या फिर बेटे को ही सबकुछ समझने वाले किसी शैतान ने एक मां को ममता से दूर कर दिया। यह सवाल टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर तिलौन के पास रविवार को नवजात बच्ची का शव पड़ा देखने के बाद लोग एक दूसरे से पूछते दिखे। पुलिस ने नवजात बच्ची के शव को कब्जे में ले लिया है। डीएनए नमूना लेने के बाद सोमवार को उसके शव को दफना दिया जाएगा।
पिथौरागढ़ जिले के बलुवाकोट में भी बृहस्पतिवार को किसी ने नवजात बच्ची को लावारिस हालत में फेंक दिया था, जिसे रविवार को अल्मोड़ा स्थित शिशु सदन केंद्र भेज दिया गया है। पहाड़ पर नवजात बच्चियों को इस तरह फेंके जाने की शर्मनाक घटनाएं ‘बेटी बचाओ’ अभियान को पलीता लगा रही हैं।
चंपावत से करीब छह किमी दूर तिलौन के पास रविवार को नवजात बच्ची का शव मिला। ग्रामीणों का कहना है कि शव शनिवार से पड़ा था। शव को एक कपड़े में लपेटा गया था। ग्राम प्रधान शांति जोशी की सूचना पर प्रभारी कोतवाल आरएस डांगी पुलिस कर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे औैर शव को कब्जे में ले लिया।
डांगी ने बताया कि नवजात बच्ची के शव को किसने फेंका, इसका पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। 30 मार्च से अब तक चंपावत जिला अस्पताल में एक बालक और दो बालिकाओं का जन्म हुआ, उनके बारे में भी पता कराया जा रहा है।