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अपने दम पर अंतरिक्ष शक्ति के रूप में उभरा है भारतः किरण कुमार
ब्यूरो/अमर उजाला, रुड़की
Updated Sun, 24 Sep 2017 12:46 PM IST
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kiran kumar
आईआईटी के दीक्षांत समारोह के पहले दिन बतौर मुख्य अतिथि इसरो के चेयरमैन एएस किरण कुमार ने महान वैज्ञानिक एवं भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम के संस्थापक डा. विक्रम साराभाई को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि यह गर्व का विषय है कि भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम, वैश्विक समाज में सबसे कम लागत का प्रभावी कार्यक्रमों में से एक है। आज भारत अपने दम पर बड़ी अंतरिक्ष विज्ञान शक्ति के रूप में स्थापित हो चुका है। उन्होंने पीएसएलवी (पॉलर सेटेलाइट लांच वहीकल) द्वारा फरवरी 2017 में एक ही प्रक्षेपण में 104 उपग्रहों को लॉंच दुनिया की सबसे बड़ी उपलब्धि बताया। इस दौरान उन्होंने 1,140 छात्र-छात्राओं को उपाधि प्रदान की।
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दीक्षांत सभागार में शनिवार को आयोजित समारोह में छात्रों को संबोधित करते हुए चेयरमैन कुमार ने कहा कि यहां से डिग्री लेने के बाद आप दुनिया में आगे बढ़ रहे हैं। यह एक शुरुआत है, जबकि सीखने की प्रक्रिया जीवनभर जारी रहेगी। कहा कि ग्लोबलाइजेशन में आर्थिक लाभ हासिल करने के लिए जबरदस्त प्रतिस्पर्धा है। इसका अर्थ है कि हमें नवीन एवं उन्नत तकनीक से कम लागत में प्रभावी उत्पादों एवं संसाधनों को विकसित करना होगा।
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युवाओं को इसरो में हो रहे कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि हमारा अंतरिक्ष कार्यक्रम स्वदेशी तकनीक के क्षेत्र में प्रगति कर रहा है। स्पेस ट्रांसपोर्टेशन सिस्टम में पीएसएलवी और जीएसएलवी समेत हमारे उपग्रहों ने पृथ्वी का अवलोकन और संचार प्रणाली में राष्ट्र के लिए जबरदस्त आवश्यक सेवाएं प्रदान की हैं। उन्होंने बढ़ी जनसंख्या के साथ बढ़ती ऊर्जा, खाद्य सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में तकनीकी एवं प्रबंधन दक्षता विकसित करने पर जोर दिया। साथ ही तेजी से बदलती दुनिया में छात्रों को व्यक्तिगत नहीं, बल्कि एक टीम के रूप में काम करने का आह्वान किया। इस अवसर पर संस्थान में सर्वाधिक सीजीपीए हासिल करने वाले बीटेक इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के छात्र चैतन्य रस्तोगी को प्रेजीडेंट गोल्ड मेडल से सम्मानित किया। इस दौरान संस्थान निदेशक प्रो. एके चतुर्वेदी ने संस्थान की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। समारोह में डा. एनपी पाढ़ी समेत सभी विभागों के डीन, स्टाफ एवं छात्र-छात्राएं मौजूद रहीं।
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उन्नत प्रक्षेपण तकनीक की ओर बढ़ रहा इसरो
इसरो चेयरमैन एएस किरण कुमार ने बताया कि इसरो उन्नत प्रक्षेपण तकनीक जैसे सेमीक्रायोजेनिक प्रक्षेपण और स्पेसक्राफ्ट इलेक्ट्रिक प्रक्षेपण पर काम कर रहा है। इससे अंतरिक्ष यान भारी लिफ्ट वाहनों को लांच करने में सक्षम होगा। इसका प्रदर्शन मई-2017 में जीएसएलवी द्वारा दक्षिण एशिया सैटेलाइट लॉंच द्वारा किया जा चुका है। यह भविष्य में सभी विद्युत संचार उपग्रहों को सक्षम भी करेगा।