आईआईटी रुड़की के स्थापना दिवस पर पूर्व छात्रों का सम्मान, ऑनलाइन आयोजित हुआ कार्यक्रम
- ऑनलाइन मनाया गया आईआईटी रुड़की का 173वां स्थापना दिवस
- छात्र, फैकल्टी समेत दुनियाभर से आईआईटी के पूर्व छात्र हुए शामिल
विस्तार
आईआईटी रुड़की का 173वां स्थापना दिवस बृहस्पतिवार को वर्चुअल रूप से मनाया गया। एनआईआईटी के चेयरमैन आरएस पंवार ने बतौर मुख्य अतिथि कार्यक्रम में शिरकत की। इस अवसर पर आईआईटी रुड़की के दस पूर्व छात्रों को यंग एलुमनस अवॉर्ड देने की घोषणा की गई।
आईआईटी रुड़की के बोर्ड ऑफ गवर्नेंस के चेयरमैन बीवीआर मोहन रेड्डी की अध्यक्षता में आयोजित ऑनलाइन स्थापना दिवस समारोह में छात्रों, फैकल्टी मेंबर्स के साथ-साथ दुनियाभर से आईआईटी रुड़की के पूर्व छात्रों ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया।
इस दौरान आईआईटी के निदेशक प्रो. अजीत के चतुर्वेदी ने कहा कि 26 नवंबर 1847 को ही रुड़की में सिविल इंजीनियरिंग कॉलेज के प्रोस्पेक्टस को पश्चिमोत्तर प्रांत के तत्कालीन लेफ्टिनेंट गवर्नर जेम्स थॉमसन के अनुमोदन से अधिसूचित किया गया था।
यही वह दिन था, जब वर्ष 1948 में रुड़की विश्वविद्यालय बना। संस्थान के साथ पूर्व छात्रों की सक्रियता आईआईटी रुड़की में उत्कृष्टता को बढ़ावा देने में मदद कर रही है। मुख्य अतिथि आरएस पंवार ने आईआईटी रुड़की के 173वें स्थापना दिवस पर पूरे आईआईटी परिवार को बधाई दी।
इन्हें मिला यंग एलुमनस अवार्ड
आरती गिल 2008 बीटेक, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्यूनिकेशन इंजीनियरिंग
राहुल शर्मा 2012 बीटेक, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग
सचिन गुप्ता 2012 बीटेक, कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग
प्रो.एससी हांडा 1966 एमई-सिविल इंजीनियरिंग
राजा राम सिंह यादव 1975, बीई-मैकेनिकल इंजीनियरिंग
नवीन जैन 1979, बीई-इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग
प्रकाश कुमार सिंह 1979, बीई-मैटलर्जिकल इंजीनियरिंग
प्रो. अजय के. अग्रवाल 1980, बीई-मैकेनिकल इंजीनियरिंग
प्रो. पंकज अग्रवाल 1982, बीई-इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्यूनिकेशन इंजीनियरिंग
आर. मुकुंदन 1988, बीई-इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग