{"_id":"5d49db9a8ebc3e6cf231ad38","slug":"doctors-learned-the-tricks-to-deal-with-dengue-dehradun-news-drn315538027","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेंगू से निपटने को डॉक्टरों को सिखाएं बीमारी प्रबंधन के गुर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेंगू से निपटने को डॉक्टरों को सिखाएं बीमारी प्रबंधन के गुर
विज्ञापन
डेंगू से बचाव पर दून मेडिकल कॉलेज में आयोजित कार्यशाला में उपस्थित छात्र-छात्राएं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देहरादून। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन और राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में मंगलवार को सेमिनार का आयोजन कॉलेज सभागार में किया गया। सेमिनार में एनवीबीडीसीपी के राज्य परियोजना अधिकारी डॉ. पंकज सिंह ने स्टैंडर्ड क्लीनिकल मैनेजमेंट गाइडलाइंस फार डेंगू से जुड़े पहलुओं की जानकारी दी।
दून मेडिकल कॉलेज की कम्युनिटी मेडिसिन की विभागाध्यक्ष असिस्टेंट प्रोफेसर डॉॅ. अनुपमा ने डेंगू वाहक टाइगर मच्छर की ब्रीडिंग रोकने के उपायों और बीमारी से बचाव के तरीके पर चर्चा की। बाल रोग विभाग की प्रोफेसर डॉ. तन्वी ने डेंगू से बच्चों के बचाव से जुड़ी तमाम जानकारियां साझा कीं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. सादिक उमर में डेंगू के दौरान त्वचा पर पड़ने वाले प्रभावों की जानकारी व प्लेटलेट्स की कमी आदि की जानकारी साझा की। डॉ. एसडी जोशी ने डेंगू के लिए तय की गई नेशनल गाइड लाइन, एम्स ऋषिकेश के विशेषज्ञ डॉ. मिथिलेश कटारिया ने डेंगू से निपटने के पहलुओं पर जानकारी साझा की। डॉ. केपी जोशी ने निजी अस्पतालों की भूमिका व ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. संजय उप्रेती ने ब्लड बैंकों की भूमिका समझाई।
इस अवसर पर वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके सिंह ने नगर निगम की ओर से शहर में फागिंग और दवाओं के छिड़काव की जानकारी दी। डॉ. आलोक ने डेंगू के लिए हुए हालिया शोध पर प्रकाश डाला। सेमिनार में स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. आरके पांडे, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के प्रबंध निदेशक युगल किशोर पंत, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना, सीएमओ डॉ. एसके गुप्ता, डॉ. एमके पंत समेत बड़ी संख्या में मेडिकल कॉलेज के छात्र उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
दून मेडिकल कॉलेज की कम्युनिटी मेडिसिन की विभागाध्यक्ष असिस्टेंट प्रोफेसर डॉॅ. अनुपमा ने डेंगू वाहक टाइगर मच्छर की ब्रीडिंग रोकने के उपायों और बीमारी से बचाव के तरीके पर चर्चा की। बाल रोग विभाग की प्रोफेसर डॉ. तन्वी ने डेंगू से बच्चों के बचाव से जुड़ी तमाम जानकारियां साझा कीं। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. सादिक उमर में डेंगू के दौरान त्वचा पर पड़ने वाले प्रभावों की जानकारी व प्लेटलेट्स की कमी आदि की जानकारी साझा की। डॉ. एसडी जोशी ने डेंगू के लिए तय की गई नेशनल गाइड लाइन, एम्स ऋषिकेश के विशेषज्ञ डॉ. मिथिलेश कटारिया ने डेंगू से निपटने के पहलुओं पर जानकारी साझा की। डॉ. केपी जोशी ने निजी अस्पतालों की भूमिका व ब्लड बैंक प्रभारी डॉ. संजय उप्रेती ने ब्लड बैंकों की भूमिका समझाई।
विज्ञापन
इस अवसर पर वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके सिंह ने नगर निगम की ओर से शहर में फागिंग और दवाओं के छिड़काव की जानकारी दी। डॉ. आलोक ने डेंगू के लिए हुए हालिया शोध पर प्रकाश डाला। सेमिनार में स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. आरके पांडे, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के प्रबंध निदेशक युगल किशोर पंत, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना, सीएमओ डॉ. एसके गुप्ता, डॉ. एमके पंत समेत बड़ी संख्या में मेडिकल कॉलेज के छात्र उपस्थित रहे।
विज्ञापन