मुन्नाभाई हायर कराने वाला सरगना हिरासत में, पांच छात्र मिले संदिग्ध
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मुन्नाभाइयों को हायर कर बीएएमएस में प्रवेश दिलाने वाले गैंग के सरगना जहांगीर को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। इसके अलावा वर्ष 2012 बैच में गुरुकुल कांगड़ी आयुर्वेदिक कॉलेज के पांच छात्र संदिग्ध पाए गए हैं। लेकिन पुष्टि नहीं होने पर उन्हें जांच जारी रहने तक बाहर न जाने की हिदायत दी गई है। जबकि ऋषिकुल आयुर्वेदिक कॉलेज के वर्ष 2012 बैच के सभी छात्र जांच में सही पाए गए हैं। आज (बुधवार) वर्ष 2011 बैच के छात्रों की जांच होगी।
मंगलवार को ऋषिकुल आयुर्वेदिक कॉलेज में चार प्रोफेसर की समिति और एसआईटी की टीम ने वर्ष 2012 बैच के छात्र-छात्राओं की जांच पड़ताल की गई। पूरे दिन चली जांच में ऋषिकुल कॉलेज के 54 में से 52 छात्र टीम के सामने उपस्थित हुए। दो छात्र नहीं पहुंचे।
इनमें से एक छात्र दुर्घटना के चलते उपस्थिति नहीं हो पाया। जबकि दूसरा बीमारी के कारण नहीं पहुंच पाया। बीमार छात्र की मां कॉलेज पहुंची। इसी कॉलेज का छात्र जहांगीर भी जांच पड़ताल के लिए टीम के सामने पहुंचा। वह जांच में तो सही पाया गया। लेकिन मुन्नाभाई उपलब्ध करवाने के आरोप में उसे हिरासत में ले लिया।
गुरुकुल के 48 छात्र-छात्राएं पहुंचे जांच में, 5 संदिग्ध
उधर, गुरुकुल आयुर्वेदिक कॉलेज के 48 छात्र-छात्राएं जांच में शामिल हुए। इनमें से पांच छात्र संदिग्ध निकले। इनके प्रवेश फार्म पर फोटो और हस्ताक्षर अलग-अलग निकले हैं। लेकिन चार वर्षों में शरीर में आए बदलाव के चलते पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हो पाया कि यह आरोपी हैं। पांचों के खिलाफ गुरुकुल कॉलेज प्रशासन ने तहरीर दे दी है। फिलहाल पुलिस ने उन्हें चेतावनी देते हुए छोड़ दिया। कॉलेज निदेशक प्रो. एएन पांडेय ने बताया कि बुधवार को वर्ष 2011 बैच के दोनों कॉलेजों के छात्र-छात्राओं की जांच होगी।
एमडी के तीन बैचों की भी होगी जांच
ऋषिकुल के बीएएमएस छात्रों के बाद एमडी के तीन बैचों के (2013, 2014, 2015) की भी जांच होगी। इन बैचों में 99 छात्र-छात्राएं हैं। कॉलेज निदेशक प्रो. एएन पांडेय ने बताया कि विवि की ओर से एमडी के तीन बैचों की भी जांच के लिए निर्देश आए हैं।
सत्र 2008 से मामला संदिग्ध
आयुर्वेदिक कॉलेज में बीएएमएस में प्रवेश कराने के मामले की बू वर्ष 2008 बैच से आ रही है। सत्र 2008 से 2012 तक प्रवेश परीक्षा एआईपीएमटी के माध्यम से पंतनगर यूनिवर्सिटी कराती थी। तभी से मुन्नाभाईयों को हायर कर परीक्षा कराने की सुगबुगाहट होने की चर्चा होती रहती थी। अब सत्र 2008, 2009 के उत्तीर्ण अभ्यर्थी प्रेक्टिस कर रहे है। सत्र 2010 के अभी अप्रेंटिस कर रहे हैं। उसके बाद के समस्त बैच के छात्र-छात्राएं कॉलेजों में पढ़ाई कर रहे हैं।