लापता सौरभ के मामले में CBI ने शुरू किया लाई डिटेक्टर टेस्ट
ऊधमसिंहनगर के काशीपुर में दो साल पहले रहस्यमय ढंग से लापता सौरभ घिल्डियाल उर्फ भीम के मामले में सीबीआई टीम ने संदिग्ध पाए गए सात लोगों का लाई डिटेक्टर टेस्ट शुरू कर दिया है।
सीबीआई की टीम डॉ. एके सिंह के नेतृत्व में रामनगर मार्ग स्थित एक होटल में डेरा डाले हुए है। टेस्ट में संदिग्धों से सीबीआई की टीम पहले से तैयार सवालों की सूची से एक के बाद एक सवाल पूछ रही है। टेस्ट में पॉजिटिव पाए गए व्यक्ति से केस के विवेचक फिर पूछताछ कर कार्रवाई करेंगे।
बता दें कि कुंडेश्वरी पुलिस चौकी क्षेत्र के ग्राम भीमनगर निवासी दिनेश घिल्डियालका पुत्र सौरभ घिल्डियाल(22) उर्फ भीम 22 सितंबर 2013 को अपने घर यह कह कर कहीं गया था कि अभी आ रहा है, लेकिन तब से नहीं लौटा। उसके पिता ने कुछ युवकों पर पुत्र का अपहरण करने का संदेह जताकर पुलिस में शिकायत की थी।
सौरभ के गायब होने के तीन माह बाद उसकी बाइक एस्कार्ट फार्म में लावारिस मिली थी। इस पर पुलिस ने सौरभ के एस्कार्ट फार्म के आसपास रहने वालों से पूछताछ की, लेकिन कुछ पता नहीं चला।
एक संदिग्ध ने पूछताछ के बाद कर ली थी आत्महत्या
सूत्रों के अनुसार पुलिस ने सौरभ के गायब होने के दिन की सारी मोबाइल कॉल डिटेल खंगाली। उसे आखिरी फोन संजू निवासी एस्कार्ट फार्म का आया था। पुलिस ने उससे भी कड़ी पूछताछ की। बाद में संजू ने आत्महत्या कर ली।
गायब युवक के परिजनों द्वारा लगातार पुलिस पर दबाव बनाने और कोई सुराग हाथ नहीं लगने पर पुलिस ने सीबीआई से संदिग्धों का लाई डिटेक्टर टेस्ट करने का अनुरोध किया था। इस पर सीबीआई ने काशीपुर पहुंचकर मंगलवार से लाई डिटेक्टर टेस्ट लेना शुरू कर दिया है।
अधिकारियों की चुप्पी
सौरभ घिल्डियाल प्रकरण में सीबीआई की जांच के चलते इस संबंध में कोई भी पुलिस अधिकारी कुछ भी कहने को तैयार नहीं है। उधर, एएसपी कमलेश उपाध्याय ने बताया कि सौरभ के गायब होने के मामले में उसके परिजन लगातार दबाव बनाए हुए हैं। केस के विवेचक को कोई सफलता नहीं मिल रही है। विवेचक के संदिग्धों का लाई डिटेक्टर टेस्ट कराने के अनुरोध पर पुलिस ने सीबीआई से टेस्ट कराना स्वीकार किया है।