फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Congress MLA Harish Dhami accuses Uttarakhand government of ignoring Disaster Affected Area

कांग्रेस विधायक हरीश धामी ने सरकार पर लगया अनदेखी का आरोप, कहा- रावण सा घमंड न करें

Thu, 06 Aug 2020 10:35 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पिथौरागढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पिथौरागढ़ Published by: अलका त्यागी Updated Thu, 06 Aug 2020 10:35 PM IST
सार

  • धारचूला के कांग्रेस विधायक ने पत्रकार वार्ता कर सरकार पर लगाए अनदेखी का आरोप 

विज्ञापन
Congress MLA Harish Dhami accuses Uttarakhand government of ignoring Disaster Affected Area
कांग्रेस विधायक हरीश धामी - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

धारचूला विधायक हरीश धामी ने प्रदेश सरकार पर आपदा प्रभावितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। पत्रकार वार्ता में धामी ने कहा कि सरकार को लंका के रावण की तरह घमंड नहीं करना चाहिए। अगर जनता चाहे तो सत्ता से उतारना भी जानती है।

विज्ञापन


उन्होंने कहा इतनी भीषण आपदा आने के बाद भी अभी तक प्रदेश के मुखिया ने आपदा प्रभावित क्षेत्र का भ्रमण नहीं किया। वो अपने प्रतिनिधि के तौर पर लोगों को भेज रहे हैं जो निंदनीय है। उन्होंने सीएम से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करने की मांग की है।
विज्ञापन


बृहस्पतिवार को विधायक हरीश धामी ने एक निजी होटल पत्रकार वार्ता के दौरान कहा कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में बिजली, पानी और संचार की व्यवस्था ठप हो गई है। उन्होंने कहा मुनस्यारी को जोड़ने वाली जौलजीबी- मुनस्यारी सड़क पिछले कई दिनों से बंद चल रही हैं। ऐसे में बीआरओ न जनप्रतिनिधियों की सुन रहा है, न ही जिला प्रशासन और सरकार की। उन्होंने कहा ग्रिफ की बंद सड़कों को लोनिवि और पीएमजीएसवाई की मशीनें खोल रही हैं। ग्रिफ के पास पर्याप्त संशाधन नहीं है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने आपदा में ध्वस्त विद्युत लाइन, पेयजल लाइन, पुल सड़कों को शीघ्र ठीक कर आपदा प्रभावितों को राहत पहुंचाने की मांग की है। साथ ही आपदा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील क्षेत्रों का विस्थापन करने की मांग की है। उन्होंने कहा आपदा से धारचूला, मुनस्यारी और व्यास, चौदास वैली तक हुआ है। 

ये इलाके हैं प्रभावित

कहा कि सबसे ज्यादा नुकसान टांगा, धापा, मल्ला जौहार, गैला, बसाड़ी, धूरातोला, कोटा पंद्रहपाला, दाखिमकुरूवा, धामीगांव, भ्यूला, बांसबगड़, गूठी, मुवानी, घरोड़ी, जोशा, मेतली, कनार, मनकोट, बताएमाउंट, मदरमा, बंगापानी, लुमती, मल्ला लुमती, मोरी, जाराजीबली, खुमती, कालिका, निंगालपानी, गलाती सहित कई अन्य हिस्सों में हुआ है। वहां  पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश पंत, प्रदीप पाल, हिमांश ओझा सहित कई लोग मौजूद रहे।  

चार सूत्रीय मांगों को पूर करने की मांग
- आपदा की दृष्टि से संवेदनशील और बेहद संवेदनशील गांवों को विस्थापित किया जाए।
- धारचूला, मुनस्यारी में आई आपदा के लिए आर्थिक पैकेज की घोषणा हो। 
- आपदा प्रभावितों को उचित मुआवजा और प्रत्येक परिवार के एक सदस्य को नौकरी दी जाए।
- आपदा में ध्वस्त योजनाओं को शीघ्र ठीक किया जाए।

आपदा ने कनार गांव को किया अलग-थलग

विगत 27 जुलाई की रात आई भीषण आपदा ने बरम क्षेत्र के कनार गांव को अलग-थलग कर दिया है। गांव को जाने वाला 18 किलोमीटर पैदल रास्ता पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया है। गांव की जमीन अभी भी दरक रही है। ग्रामीणों ने प्रदेश सरकार से उन्हें शीघ्र सुरक्षित स्थान पर विस्थापित करने की गुहार लगाई है। 

कनार गांव के लिए सड़क नहीं है। इस गांव तक पहुंचने के लिए ग्रामीणों को जंगल में 18 किलोमीटर पैदल चलना पड़ता है। 27 जुलाई की रात आई भीषण आपदा ने इस रास्ते को भी क्षतिग्रस्त कर दिया है। अब गांव तक पहुंचने में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र भ्रमण के तहत कनार गांव पहुंचे प्रदेश के श्रम संविदा बोर्ड के अध्यक्ष शमशेर सत्याल के समक्ष ग्रामीणों ने पुनर्वास की मांग उठाई। ग्रामीणों ने कहा कि यहां पर भूस्खलन के कारण खतरा बना हुआ है।

गांव तक सड़क नहीं है, जो पैदल रास्ता था अब कुछ स्थानों पर उसका भी नामोनिशान नहीं है। इस अवसर पर केएमवीएन अध्यक्ष केदार जोशी, भाजपा जिलाध्यक्ष वीरेंद्र वल्दिया, वरिष्ठ नेता महेंद्र लुंठी, जिला पंचायत सदस्य गंगोत्री दताल ने ग्रामीणों को शीघ्र समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। यहां पर ब्लाक प्रमुख धन सिंह धामी, जगदीश परिहार, गणेश चंद, प्रेम परिहार, चंद्रा सुमतियाल, कुशल सिंह, उमेश चंद, महिमन सिंह आदि मौजूद रहे। 

दो सप्ताह बाद हुए बिजली के दर्शन

आपदा प्रभावित कनार गांव में पिछले दो सप्ताह से बिजली नहीं थी। इसके चलते ग्रामीणों को आपदा काल में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। बिजली नहीं होने से मोबाइल फोन भी बंद हो गए थे। जिला पंचायत सदस्य गंगोत्री दताल के प्रयास से आपूर्ति सुचारु हुई। पान सिंह, जसपाल सिंह, रतन सिंह, दिलीप सिंह, सुंदर सिंह, बाला सिंह, कुशल सिंह आदि ग्रामीणों ने जिला पंचायत सदस्य का आभार जताया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed