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देहरादून: अफ्रीकी चीतों को भाने लगा है कूनो राष्ट्रीय उद्यान का माहौल, वैज्ञानिकों की है पैनी नजर
Wed, 02 Nov 2022 03:40 PM IST
रेनू सकलानी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: रेनू सकलानी
Updated Wed, 02 Nov 2022 03:40 PM IST
सार
वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं डीन डॉ. वाईवी झाला ने बताया कि नामीबिया से लाए गए सभी चीतों को विशेष रूप से तैयार किए गए बाड़े में रखा गया है। जहां वन्यजीव संस्थान के वैज्ञानिकों की टीम उनके खानपान, रहन-सहन के साथ ही उनके पूरी तरह स्वस्थ होने पर नजर बनाए हुए है।
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चीता
- फोटो : iStock
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विस्तार
दक्षिण अफ्रीकी देश नामीबिया से मध्य प्रदेश के कूनो राष्ट्रीय उद्यान में लाए गए आठ चीतों को यहां का माहौल भाने लगा है। भारतीय वन्यजीव संस्थान के वैज्ञानिकों की छह सदस्यीय टीम इन चीतों की हर गतिविधि और खानपान पर बारीकी से नजर बनाए हुए है।
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टीम का नेतृत्व कर रहे संस्थान के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं डीन डॉ. वाईवी झाला ने बताया कि नामीबिया से लाए गए सभी चीतों को विशेष रूप से तैयार किए गए बाड़े में रखा गया है। जहां वन्यजीव संस्थान के वैज्ञानिकों की टीम उनके खानपान, रहन-सहन के साथ ही उनके पूरी तरह स्वस्थ होने पर नजर बनाए हुए है।
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बताया कि चीतों को कूनो राष्ट्रीय उद्यान का माहौल पसंद आ रहा है। उल्लेखनीय है कि केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय और नेशनल टाइगर कंजर्वेशन अथॉरिटी (एनटीसीए) की पहल पर पांच सालों में नामीबिया और दक्षिण अफ्रीका से 40 चीतों को लाया जाना है। फिलहाल पहले चरण में आठ चीतों को लाया गया है।
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डॉ. वाईवी झाला ने बताया कि अन्य चातों को भारत लाने के लिए नामीबिया, दक्षिण अफ्रीका की सरकारों के साफ फिर से समझौता किया जाएगा। हालांकि अभी तिथि निर्धारित नहीं है कि इन बाकी के चीतों को लाने की प्रक्रिया कब शुरू होगी। उन्होंने कहा कि संस्थान के वैज्ञानिक चीतों को लाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।