{"_id":"5ae62c4b4f1c1b65098b6fba","slug":"91525034059-dehradun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दून पहुंचने पर देवांशी का जोरदार स्वागत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दून पहुंचने पर देवांशी का जोरदार स्वागत
Updated Mon, 30 Apr 2018 02:04 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
सिडनी, आस्ट्रेलिया में आयोजित जूनियर वर्ल्ड शूटिंग कप में दो स्वर्ण पदक जीतकर राज्य का मान बढ़ाने वाली देवांशी राणा का रविवार को दून पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। प्रेस क्लब में उनका अभिनंदन समारोह भी आयोजित किया गया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहली बार भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए देवांशी ने दो स्वर्ण पदक जीतने में सफलता हासिल की थी। देवांशी ने व्यक्तिगत और टीम स्पर्द्धा में एक-एक स्वर्ण पदक जीता। रविवार को उनके दून पहुंचने पर जौलीग्रांट एयरपोर्ट समेत कई स्थानों पर उनका फूल-मालाओं से भव्य स्वागत किया गया। रायफल संघ की ओर से प्रेस क्लब में आयोजित अभिनंदन समारोह में बड़ी संख्या में लोगों ने उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। गोरखा इंटरनेशल सोशियो कल्चरल फाउंडेशन की ओर से देवांशी को चांदी की खुखरी प्रदान की गई। इस दौरान देवांशी की मां मीना राणा, एस फारूख, नंदलाल भारती, दिनेश रावत, राजीव नयन बहुगुणा, सूर्यविक्रम शाही, देवेंद्र शाही, राजन, मीनू क्षेत्री, भरत चंद, ओपी शर्मा, अशोक प्रधान, शारदा चंद, पूजा बसनेत समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
....................................
तीसरी पीढ़ी की शूटर है देवांशी
देवांशी राणा गोल्डन ब्वॉय के नाम से विख्यात जसपाल राणा की बेटी और प्रसिद्ध निशानेबाज नारायण सिंह राणा की पोती हैं। उनके पिता जसपाल राणा ने अंतरराष्ट्रीय स्पर्द्धाओं में भारतीय निशानेबाजी को नई पहचान दिलाते हुए कई पदक जीते। इसके लिए उन्हें पद्मश्री और अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है। वह अभी भारतीय जूनियर पिस्टल टीम के मुख्य कोच हैं। देवांशी की मां मीना राणा भी राष्ट्रीय स्तर की निशानेबाज रहीं हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सिडनी, आस्ट्रेलिया में आयोजित जूनियर वर्ल्ड शूटिंग कप में दो स्वर्ण पदक जीतकर राज्य का मान बढ़ाने वाली देवांशी राणा का रविवार को दून पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। प्रेस क्लब में उनका अभिनंदन समारोह भी आयोजित किया गया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहली बार भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए देवांशी ने दो स्वर्ण पदक जीतने में सफलता हासिल की थी। देवांशी ने व्यक्तिगत और टीम स्पर्द्धा में एक-एक स्वर्ण पदक जीता। रविवार को उनके दून पहुंचने पर जौलीग्रांट एयरपोर्ट समेत कई स्थानों पर उनका फूल-मालाओं से भव्य स्वागत किया गया। रायफल संघ की ओर से प्रेस क्लब में आयोजित अभिनंदन समारोह में बड़ी संख्या में लोगों ने उन्हें बधाई दी और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। गोरखा इंटरनेशल सोशियो कल्चरल फाउंडेशन की ओर से देवांशी को चांदी की खुखरी प्रदान की गई। इस दौरान देवांशी की मां मीना राणा, एस फारूख, नंदलाल भारती, दिनेश रावत, राजीव नयन बहुगुणा, सूर्यविक्रम शाही, देवेंद्र शाही, राजन, मीनू क्षेत्री, भरत चंद, ओपी शर्मा, अशोक प्रधान, शारदा चंद, पूजा बसनेत समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
....................................
तीसरी पीढ़ी की शूटर है देवांशी
देवांशी राणा गोल्डन ब्वॉय के नाम से विख्यात जसपाल राणा की बेटी और प्रसिद्ध निशानेबाज नारायण सिंह राणा की पोती हैं। उनके पिता जसपाल राणा ने अंतरराष्ट्रीय स्पर्द्धाओं में भारतीय निशानेबाजी को नई पहचान दिलाते हुए कई पदक जीते। इसके लिए उन्हें पद्मश्री और अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है। वह अभी भारतीय जूनियर पिस्टल टीम के मुख्य कोच हैं। देवांशी की मां मीना राणा भी राष्ट्रीय स्तर की निशानेबाज रहीं हैं।
विज्ञापन