{"_id":"594ff9814f1c1b9d448b4591","slug":"91498413441-dehradun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुड़मंडी छावनी मे तब्दील, नहीं हुई जनसभा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुड़मंडी छावनी मे तब्दील, नहीं हुई जनसभा
Updated Sun, 25 Jun 2017 11:27 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मंगलौर।
मुंडेट बवाल को लेकर भीम आर्मी की ओर से रविवार को गुड़मंडी में बुलाई गई जनसभा नहीं हो पाई। पुलिस ने इस कदर मंडी की घेराबंदी की थी कि सुबह से ही कोई अंदर प्रवेश नहीं कर पाया। इससे पहले जो कुछ लोग वहां पहुंचे भी थे पुलिस ने उन्हें चलता कर दिया। किसी भी चौराहे-तिराहे से पुलिस ने किसी को जनसभा स्थल की ओर आने नहीं दिया।
अंबेडकर जयंती (14 अप्रैल) पर मुंडेट में पोस्टर फाड़े जाने को लेकर हुए बवाल में कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए थे। मामले में करीब 150 लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया था। इससे पहले सहारनपुर में दलितों एवं ठाकुरों के बीच सांप्रदायिक हिंसा हो गई थी। दोनों ही मामलों को लेकर भीम आर्मी की ओर से रविवार को गुड़मंडी (मंगलौर) में एक जनसभा आयोजित की गई थी, लेकिन प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी थी। जनसभा न होने देने के लिए पुलिस ने रविवार सुबह से गुड़मंडी के गेट को घेर लिया था। इसके अलावा देवबंद तिराहे, झबरेड़ा तिराहे पर भी पुलिस बल को तैनात किया गया था। नारसन बार्डर पर जनसभा में भाग लेने पहुंचने वाले लोगों को रोकने के लिए पुलिस बल तैनात किया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए रविवार को पुलिस ने किसी को भी मंडी के अंदर घुसने नहीं दिया। जनसभा करने के लिए कुछ लोग गुड़मंडी पहुंचे, लेकिन पुलिस देखकर कोई मंडी के भीतर नहीं घुस पाया। एसपी देहात मणिकांत मिश्रा का कहना है कि किसी भी कीमत पर शांति और सौहार्द खराब नहीं होने दिया जाएगा। कुछ लोग राजनीतिक कारणों से इसे तूल देने में लगे हुए हैं, लेकिन इसे सफल नहीं होने दिया जाएगा।
विज्ञापन
मुंडेट बवाल को लेकर भीम आर्मी की ओर से रविवार को गुड़मंडी में बुलाई गई जनसभा नहीं हो पाई। पुलिस ने इस कदर मंडी की घेराबंदी की थी कि सुबह से ही कोई अंदर प्रवेश नहीं कर पाया। इससे पहले जो कुछ लोग वहां पहुंचे भी थे पुलिस ने उन्हें चलता कर दिया। किसी भी चौराहे-तिराहे से पुलिस ने किसी को जनसभा स्थल की ओर आने नहीं दिया।
अंबेडकर जयंती (14 अप्रैल) पर मुंडेट में पोस्टर फाड़े जाने को लेकर हुए बवाल में कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए थे। मामले में करीब 150 लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया था। इससे पहले सहारनपुर में दलितों एवं ठाकुरों के बीच सांप्रदायिक हिंसा हो गई थी। दोनों ही मामलों को लेकर भीम आर्मी की ओर से रविवार को गुड़मंडी (मंगलौर) में एक जनसभा आयोजित की गई थी, लेकिन प्रशासन ने इसकी अनुमति नहीं दी थी। जनसभा न होने देने के लिए पुलिस ने रविवार सुबह से गुड़मंडी के गेट को घेर लिया था। इसके अलावा देवबंद तिराहे, झबरेड़ा तिराहे पर भी पुलिस बल को तैनात किया गया था। नारसन बार्डर पर जनसभा में भाग लेने पहुंचने वाले लोगों को रोकने के लिए पुलिस बल तैनात किया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए रविवार को पुलिस ने किसी को भी मंडी के अंदर घुसने नहीं दिया। जनसभा करने के लिए कुछ लोग गुड़मंडी पहुंचे, लेकिन पुलिस देखकर कोई मंडी के भीतर नहीं घुस पाया। एसपी देहात मणिकांत मिश्रा का कहना है कि किसी भी कीमत पर शांति और सौहार्द खराब नहीं होने दिया जाएगा। कुछ लोग राजनीतिक कारणों से इसे तूल देने में लगे हुए हैं, लेकिन इसे सफल नहीं होने दिया जाएगा।
विज्ञापन