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व्यापार सभा के विरोध में उतरा वाल्मीकि समाज
Updated Wed, 17 Oct 2018 10:20 PM IST
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श्रीनगर। वाल्मीकि समाज के लोगों ने व्यापार सभा अध्यक्ष व साथियों पर फेरी वालों के साथ अभद्रता करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कोतवाली में अध्यक्ष व साथियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही ऐसा नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
बुधवार देर शाम वाल्मीकि समुदाय के लोग राजेश पारछा के नेतृत्व में कोतवाली पहुंचे। उन्होंने बताया कि बीते 16 अक्तूबर को व्यापार सभा अध्यक्ष बासुदेव कंडारी व उनके कुछ साथियों ने वाल्मीकि मंदिर परिसर स्थित धर्मशाला में ठहरे फेरी वालों के साथ अभद्रता की, जबकि उनके पास फेरी करने के संबंध में सभी कानूनी दस्तावेज थे। जिस कमरे में फेरी वाले ठहरे थे, वहां ताला लगा दिया। राजेश पारछा ने कहा कि 24 अक्तूबर को वाल्मीकि जयंती है, लेकिन धर्मशाला के हॉल पर ताला लगा होने के कारण वह तैयारियां नहीं कर पा रहे हैं। वाल्मीकि समुदाय ने पुलिस से व्यापार सभा अध्यक्ष व उनके साथियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। शिकायत करने वालों में विकास, मनोज, दीपक, सोनू, सुनील कुमार, गौरव, रोहित, रविकुमार, विनोद, रमेश, हरीश, अमीर चंद आदि शामिल थे। वहीं व्यापार सभा अध्यक्ष बासुदेव कंडारी ने कहा कि उन्होंने केवल फेरी वालों की शिकायत वाणिज्य कर आयुक्त से की थी। ताला भी वाणिज्य विभाग के अधिकारियों की ओर से लगाया गया है।
हस्त शिल्पकारों ने भी दी थी व्यापारियों के खिलाफ तहरीर
श्रीनगर। कुछ दिन पूर्व काशीपुर के हस्त शिल्पकारों ने भी श्रीनगर व श्रीकोट के व्यापारियों के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है। शिल्पकारों ने भी व्यापारियों पर माल जलाने, अभद्रता व धमकी देने का आरोप लगाया है। हस्त शिल्पकार हैंडलूम प्रदर्शनी लगाने आए थे, लेकिन व्यापारियों के विरोध के चलते बैरंग लौट गए थे।
बुधवार देर शाम वाल्मीकि समुदाय के लोग राजेश पारछा के नेतृत्व में कोतवाली पहुंचे। उन्होंने बताया कि बीते 16 अक्तूबर को व्यापार सभा अध्यक्ष बासुदेव कंडारी व उनके कुछ साथियों ने वाल्मीकि मंदिर परिसर स्थित धर्मशाला में ठहरे फेरी वालों के साथ अभद्रता की, जबकि उनके पास फेरी करने के संबंध में सभी कानूनी दस्तावेज थे। जिस कमरे में फेरी वाले ठहरे थे, वहां ताला लगा दिया। राजेश पारछा ने कहा कि 24 अक्तूबर को वाल्मीकि जयंती है, लेकिन धर्मशाला के हॉल पर ताला लगा होने के कारण वह तैयारियां नहीं कर पा रहे हैं। वाल्मीकि समुदाय ने पुलिस से व्यापार सभा अध्यक्ष व उनके साथियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। शिकायत करने वालों में विकास, मनोज, दीपक, सोनू, सुनील कुमार, गौरव, रोहित, रविकुमार, विनोद, रमेश, हरीश, अमीर चंद आदि शामिल थे। वहीं व्यापार सभा अध्यक्ष बासुदेव कंडारी ने कहा कि उन्होंने केवल फेरी वालों की शिकायत वाणिज्य कर आयुक्त से की थी। ताला भी वाणिज्य विभाग के अधिकारियों की ओर से लगाया गया है।
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हस्त शिल्पकारों ने भी दी थी व्यापारियों के खिलाफ तहरीर
श्रीनगर। कुछ दिन पूर्व काशीपुर के हस्त शिल्पकारों ने भी श्रीनगर व श्रीकोट के व्यापारियों के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है। शिल्पकारों ने भी व्यापारियों पर माल जलाने, अभद्रता व धमकी देने का आरोप लगाया है। हस्त शिल्पकार हैंडलूम प्रदर्शनी लगाने आए थे, लेकिन व्यापारियों के विरोध के चलते बैरंग लौट गए थे।
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