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चारा बैंकों में नहीं मिल रहा चारा महंगे दामों पर चारा खरीदने को मजबूर पशुपालक
Updated Sat, 16 Jun 2018 11:00 PM IST
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गोपेश्वर। जिले में पशुपालन विभाग की ओर से स्थापित चारा बैंकों में पशु चारा न मिलने से पशु पालक परेशान हैं। पशुपालकों को विपणन केंद्रों पर तीन माह से पशु चारा न मिलने के चलते खुले बाजार से महंगे दाम पर चारा खरीदना पड़ रहा है।
पशुपालक हेमंत दरमोड़ा, दर्शन सिंह, रघुवीर सिंह, बदरी सिंह, हुकम सिंह और मनोज कुमार और देवेश्वरी देवी का कहना है कि जिले में पशुपालन विभाग की ओर से 10 चारा विपणन केंद्रों की स्थापना की गई। विभाग की ओर से पशुपालकों को 255 रुपए प्रति बैग के हिसाब से चारा उपलब्ध कराया जाता है, लेकिन चारा बैंकों में तीन माह से मांग के सापेक्ष चारा आपूर्ति नहीं हो रही है। ऐसे में बाजार से 400 रुपए प्रति बैग के हिसाब से चारा खरीदना पड़ रहा है। इस कारण पशुपालकों को प्रतिमाह 4-5 हजार रुपये का अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है। इधर, जिला पशुपालन अधिकारी डा. लोकेश कुमार का कहना है कि केंद्र सरकार से ढुलाई की सब्सिडी नहीं मिल पाई है। इस वर्ष चारा ट्रांस्पोर्टेशन के लिए शासन स्तर पर होने वाला अनुबंध भी नहीं किया गया है। इस कारण जिले में चारे की आपूर्ति मांग के सापेक्ष नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में शासन से पत्राचार किया जा रहा है।
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पशुपालक हेमंत दरमोड़ा, दर्शन सिंह, रघुवीर सिंह, बदरी सिंह, हुकम सिंह और मनोज कुमार और देवेश्वरी देवी का कहना है कि जिले में पशुपालन विभाग की ओर से 10 चारा विपणन केंद्रों की स्थापना की गई। विभाग की ओर से पशुपालकों को 255 रुपए प्रति बैग के हिसाब से चारा उपलब्ध कराया जाता है, लेकिन चारा बैंकों में तीन माह से मांग के सापेक्ष चारा आपूर्ति नहीं हो रही है। ऐसे में बाजार से 400 रुपए प्रति बैग के हिसाब से चारा खरीदना पड़ रहा है। इस कारण पशुपालकों को प्रतिमाह 4-5 हजार रुपये का अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है। इधर, जिला पशुपालन अधिकारी डा. लोकेश कुमार का कहना है कि केंद्र सरकार से ढुलाई की सब्सिडी नहीं मिल पाई है। इस वर्ष चारा ट्रांस्पोर्टेशन के लिए शासन स्तर पर होने वाला अनुबंध भी नहीं किया गया है। इस कारण जिले में चारे की आपूर्ति मांग के सापेक्ष नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में शासन से पत्राचार किया जा रहा है।
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