{"_id":"5ad3b8424f1c1b350a8b4b97","slug":"15238247083-rishikesh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"संस्कृति के संरक्षण के लिए होगा समिति का गठन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
संस्कृति के संरक्षण के लिए होगा समिति का गठन
Updated Mon, 16 Apr 2018 02:16 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश।
लोक संस्कृति संरक्षण के उद्देश्य के लिए सांस्कृतिक समिति बनाने पर विमर्श किया गया। बताया गया कि संस्था का नाम जल्द घोषित किया जाएगा। संस्था लोक संस्कृति से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर लोक संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए कार्य करेगी। रविवार को नगर पालिका मुनिकीरेती सभागार में बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न संगठनों से जुड़े लागों ने शिरकत की। इस अवसर पर मुनिकीरेती क्षेत्र में पांडव नृत्य के आयोजन का निर्णय भी लिया गया। कहा गया कि पहाड़ों से पलायन के चलते युवा पीढ़ी अपनी संस्कृति व जड़ों से दूर होती जा रही है। इस अवसर पर नगर निकाय के पूर्व अध्यक्ष महंत मनोज प्रपन्नाचार्य ने बताया कि समिति पहाड़ की संस्कृति के संवर्धन व संरक्षण के लिए कार्य करेगी। मौके पर पूर्व प्रधान सरस्वती जोशी, जिला पंचायत सदस्य निर्मला उनियाल, कुसुम कंडवाल, पुष्षा ध्यानी, पूनम जोशी, दीपा भट्ट, रमाबल्लभ भटृ, धनीराम बिंजोला, जनार्दन कैरवान, नरेंद्र मैठाणी, भगवती प्रसाद रतूड़ी, सुभाष डोभाल, कमल जोशी, भरत बिष्ट आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
लोक संस्कृति संरक्षण के उद्देश्य के लिए सांस्कृतिक समिति बनाने पर विमर्श किया गया। बताया गया कि संस्था का नाम जल्द घोषित किया जाएगा। संस्था लोक संस्कृति से जुड़े विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर लोक संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए कार्य करेगी। रविवार को नगर पालिका मुनिकीरेती सभागार में बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न संगठनों से जुड़े लागों ने शिरकत की। इस अवसर पर मुनिकीरेती क्षेत्र में पांडव नृत्य के आयोजन का निर्णय भी लिया गया। कहा गया कि पहाड़ों से पलायन के चलते युवा पीढ़ी अपनी संस्कृति व जड़ों से दूर होती जा रही है। इस अवसर पर नगर निकाय के पूर्व अध्यक्ष महंत मनोज प्रपन्नाचार्य ने बताया कि समिति पहाड़ की संस्कृति के संवर्धन व संरक्षण के लिए कार्य करेगी। मौके पर पूर्व प्रधान सरस्वती जोशी, जिला पंचायत सदस्य निर्मला उनियाल, कुसुम कंडवाल, पुष्षा ध्यानी, पूनम जोशी, दीपा भट्ट, रमाबल्लभ भटृ, धनीराम बिंजोला, जनार्दन कैरवान, नरेंद्र मैठाणी, भगवती प्रसाद रतूड़ी, सुभाष डोभाल, कमल जोशी, भरत बिष्ट आदि मौजूद थे।