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एक्कड़ हाथी ने आबादी में घुसकर मचाया उत्पात
Updated Tue, 06 Feb 2018 01:52 AM IST
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मिस्सरवाला में हाथी ने तोड़ी मकान की खिड़की
-- देर रात गांव में आ धमका हाथी, गश्ती दल ने जंगल में खदेड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
डोईवाला। वन सीमा से सटे मिस्सरवाला कलां गांव में हाथी ने उत्पात मचाते हुए एक मकान की खिड़की का क्षतिग्रस्त कर दिया। वन विभाग के गश्ती दल ने रात में पहुंचकर हाथी का जंगल में खदेड़ा। लच्छीवाला वन रेंज के मिस्सरवाला कलां गांव में देर रात एक हाथी आ धमका। घनी आबादी में चहलकदमी करते हुए जोर-जोर से चिघांडकर कर ग्रामीणों को भयग्रस्त करता रहा। खेतों की ओर रुख करने के बजाए हाथी आबादी में ही इधर-उधर घूमता रहा। रात में चिंघाड़ सुनकर ग्रामीणों ने हाथी आबादी में देखकर वन विभाग के गश्ती दल को सूचना दी।
तब तक हाथी ने विक्रम सिंह नेगी के मकान की खिड़की क्षतिग्रस्त कर दी। नेगी ने बताया कि उन्होंने मकान नमकीन बनाने वाले कुछ लोगों को किराए पर दे रखा है। ग्रामीण प्रेमचंद चौहान ने कहा कि वन सीमा से सटे आबादी वाले इलाकों में हाथियों को रोकने के उपाय बेअसर हो रहा है। कहा कि हाथियों की आवाजाही पर अंकुश लगाने के लिए ठोस प्रयास करने चाहिए। लच्छीवाला वन क्षेत्राधिकारी घनानंद उनियाल ने बताया कि हाथियों की आवाजाही रोकने के लिए विभागीय गश्ती दल सक्रिय होकर काम कर रहा है। कहा कि सूचना मिलने पर टीम मौके पर पहुंच रही है।
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-- देर रात गांव में आ धमका हाथी, गश्ती दल ने जंगल में खदेड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
डोईवाला। वन सीमा से सटे मिस्सरवाला कलां गांव में हाथी ने उत्पात मचाते हुए एक मकान की खिड़की का क्षतिग्रस्त कर दिया। वन विभाग के गश्ती दल ने रात में पहुंचकर हाथी का जंगल में खदेड़ा। लच्छीवाला वन रेंज के मिस्सरवाला कलां गांव में देर रात एक हाथी आ धमका। घनी आबादी में चहलकदमी करते हुए जोर-जोर से चिघांडकर कर ग्रामीणों को भयग्रस्त करता रहा। खेतों की ओर रुख करने के बजाए हाथी आबादी में ही इधर-उधर घूमता रहा। रात में चिंघाड़ सुनकर ग्रामीणों ने हाथी आबादी में देखकर वन विभाग के गश्ती दल को सूचना दी।
तब तक हाथी ने विक्रम सिंह नेगी के मकान की खिड़की क्षतिग्रस्त कर दी। नेगी ने बताया कि उन्होंने मकान नमकीन बनाने वाले कुछ लोगों को किराए पर दे रखा है। ग्रामीण प्रेमचंद चौहान ने कहा कि वन सीमा से सटे आबादी वाले इलाकों में हाथियों को रोकने के उपाय बेअसर हो रहा है। कहा कि हाथियों की आवाजाही पर अंकुश लगाने के लिए ठोस प्रयास करने चाहिए। लच्छीवाला वन क्षेत्राधिकारी घनानंद उनियाल ने बताया कि हाथियों की आवाजाही रोकने के लिए विभागीय गश्ती दल सक्रिय होकर काम कर रहा है। कहा कि सूचना मिलने पर टीम मौके पर पहुंच रही है।
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