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विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी से दिव्यांगों के जीवन में ला सकते हैं मुस्कराहट
Updated Tue, 04 Dec 2018 02:07 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
लखनऊ के समेकित क्षेत्रीय केंद्र दिव्यांगजन के 43 छात्रों और पांच अध्यापकों का दल सोमवार को शैक्षिक भ्रमण पर दून के उत्तराखंड विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान केंद्र (यूसर्क) पहुंचा। इस मौके पर यूसर्क की ओर से बौद्धिक उन्नयन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ यूसर्क के निदेशक प्रोफेसर दुर्गेश पंत ने किया। उन्होंने कहा कि हम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी का उपयोग कर दिव्यांगजनाें के जीवन में मुस्कराहट ला सकते हैं। पंत ने कहा कि देश में हो रहे तमाम शोध का फायदा जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच रहा है। ऐसे में यूसर्क की ओर से दिव्यांगों की समस्याओं और संवेदनाओं के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए कार्य किया जा रहा है। इस मौके पर समेकित क्षेत्रीय केंद्र दिव्यांगजन के अध्यापक विकास मिश्रा ने विशेष डिप्लोमा की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आम युवा भी इस तरह का डिप्लोमा हासिल करके दिव्यांगजनाें के अध्ययन-अध्यापन कार्य से जुड़ सकते हैं। इसके बाद अंजली अग्रवाल ने छात्राें को समर्थनम ट्रस्ट एवं यूसर्क की ओर से दिव्यांगजनाें के लिए चलाए जा रहे कार्यक्रमों की जानकारी दी। इस मौके पर अनुराधा ध्यानी, बिंदु, अमित कुमार, रवि, डॉ. ओपी नौटियाल, कुसुम रावत, डॉ. मंजू सुंदरियाल, डॉ. राजेंद्र राणा, अनुराधा ध्यानी आदि मौजूद रहीं।
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लखनऊ के समेकित क्षेत्रीय केंद्र दिव्यांगजन के 43 छात्रों और पांच अध्यापकों का दल सोमवार को शैक्षिक भ्रमण पर दून के उत्तराखंड विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान केंद्र (यूसर्क) पहुंचा। इस मौके पर यूसर्क की ओर से बौद्धिक उन्नयन कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ यूसर्क के निदेशक प्रोफेसर दुर्गेश पंत ने किया। उन्होंने कहा कि हम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी का उपयोग कर दिव्यांगजनाें के जीवन में मुस्कराहट ला सकते हैं। पंत ने कहा कि देश में हो रहे तमाम शोध का फायदा जरूरतमंदों तक नहीं पहुंच रहा है। ऐसे में यूसर्क की ओर से दिव्यांगों की समस्याओं और संवेदनाओं के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए कार्य किया जा रहा है। इस मौके पर समेकित क्षेत्रीय केंद्र दिव्यांगजन के अध्यापक विकास मिश्रा ने विशेष डिप्लोमा की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आम युवा भी इस तरह का डिप्लोमा हासिल करके दिव्यांगजनाें के अध्ययन-अध्यापन कार्य से जुड़ सकते हैं। इसके बाद अंजली अग्रवाल ने छात्राें को समर्थनम ट्रस्ट एवं यूसर्क की ओर से दिव्यांगजनाें के लिए चलाए जा रहे कार्यक्रमों की जानकारी दी। इस मौके पर अनुराधा ध्यानी, बिंदु, अमित कुमार, रवि, डॉ. ओपी नौटियाल, कुसुम रावत, डॉ. मंजू सुंदरियाल, डॉ. राजेंद्र राणा, अनुराधा ध्यानी आदि मौजूद रहीं।
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