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क्रिसमस व नववर्ष का रंगारंग प्रस्तुतियों से किया स्वागत
Updated Tue, 26 Dec 2017 10:37 PM IST
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श्रीनगर। हिमालय साहित्य एवं कला परिषद (चैरिटेवल ट्रस्ट) की ओर से क्रिसमस और नववर्ष के आगमन पर गंगानाली श्रीकोट के एक होटल में साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संध्या का आयोजित किया गया। इस मौके पर भौतिक विज्ञान के प्रो. राजेंद्र प्रसाद गैरोला के काव्य संग्रह ‘सृजन’ का लोकार्पण किया गया।
इस मौके पर कवि सम्मेलन में आरती पुंडीर की कविता ‘आ ही गया ये साल नवल... , संगीता फरासी की ‘तरक्की की जो राहें हमें लेकर कहां जाती...’ और देवेंद्र उनियाल की ‘देव ही नहीं ये देव के निसाण...’ तथा राधा मैंदोली की ‘मुखमंडल पर चिर हर्ष रहे..’ आकर्षण का केंद्र रही। संगीत संध्या में संजय पांडे, जयकृष्ण पैन्यूली, विरेंद्र रतूडृी के गजल-गीतों की प्रस्तुति ने श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया।
इस मौके पर कार्यक्रम की अध्यक्ष राजेश्वरी देवी, मुख्य अतिथि कृष्णानंद मैठानी, प्रो. डीआर पुरोहित, प्रो. प्रकाश नौटियाल, डॉ. राजेंद्र थपलियाल, विमल बहुगुणा, भरत सिंह बुटोला, मनोज नौटियाल, त्रिलोक थपलियाल, डॉ. प्रकाश चमोली, मनोज कंडियाल, नयन कोटियाल और विनोद शैली मौजूद थे।
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इस मौके पर कवि सम्मेलन में आरती पुंडीर की कविता ‘आ ही गया ये साल नवल... , संगीता फरासी की ‘तरक्की की जो राहें हमें लेकर कहां जाती...’ और देवेंद्र उनियाल की ‘देव ही नहीं ये देव के निसाण...’ तथा राधा मैंदोली की ‘मुखमंडल पर चिर हर्ष रहे..’ आकर्षण का केंद्र रही। संगीत संध्या में संजय पांडे, जयकृष्ण पैन्यूली, विरेंद्र रतूडृी के गजल-गीतों की प्रस्तुति ने श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया।
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इस मौके पर कार्यक्रम की अध्यक्ष राजेश्वरी देवी, मुख्य अतिथि कृष्णानंद मैठानी, प्रो. डीआर पुरोहित, प्रो. प्रकाश नौटियाल, डॉ. राजेंद्र थपलियाल, विमल बहुगुणा, भरत सिंह बुटोला, मनोज नौटियाल, त्रिलोक थपलियाल, डॉ. प्रकाश चमोली, मनोज कंडियाल, नयन कोटियाल और विनोद शैली मौजूद थे।
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