{"_id":"5a3be87f4f1c1b6a118b95d9","slug":"151387573519315-gopeshwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षा विभाग ने 315 निजी विद्यालयों को दी मोहलत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षा विभाग ने 315 निजी विद्यालयों को दी मोहलत
Updated Thu, 21 Dec 2017 10:29 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
गोपेश्वर। चमोली जिले में बिना मान्यता चल रहे 315 निजी विद्यालयों को शिक्षा विभाग ने सशर्त 31 मार्च 2018 तक के लिए विद्यालय संचालन की मान्यता दे दी है। इस पर निजी विद्यालय संचालकों ने राहत की सांस ली है।
जिले में एक भी विद्यालय आरटीई (शिक्षा का अधिकार अधिनियम) के मानक पूरे नहीं कर रहा है। ऐसे में 315 निजी विद्यालयों की चालू वर्ष के 31 मार्च को मान्यता समाप्त हो गई थी। लिहाजा शिक्षा विभाग ने विद्यालयों का संचालन तत्काल बंद करने के आदेश विद्यालय संचालकों को दिए थे। 25 नवंबर को इस संबंध में ‘बिना मान्यता के संचालित हो रहे 315 विद्यालय’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की गई थी। इस पर जिलाधिकारी आशीष जोशी ने शिक्षा विभाग से जवाब मांगा और अग्रिम कार्रवाई के निर्देश दिए। मुख्य शिक्षा अधिकारी ललित मोहन चमोला ने सभी विद्यालयों को 31 मार्च 2018 तक सशर्त मान्यता दे दी है। मुख्य शिक्षा अधिकारी ललित मोहन चमोला ने कहा कि इसके बाद भी जिन विद्यालयों ने मानकों को पूरा नहीं किया तो उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
बिना सुरक्षा मानकों के चल रहे स्कूल
गोपेश्वर नगर के साथ ही जिले के अन्य कस्बा व शहरी क्षेत्रों में निजी विद्यालय सुरक्षा मानकों की भी अनदेखी कर रहे हैं। गोपेश्वर में कई विद्यालय सड़क किनारे बिना चहारदीवारी के संचालित हो रहे हैं। कई विद्यालयों के खेल मैदान भी नहीं हैं। छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालय भी नहीं हैं। साथ ही कक्षा-कक्ष मानक के अनुरूप नहीं बनाए गए हैं।
जिले में एक भी विद्यालय आरटीई (शिक्षा का अधिकार अधिनियम) के मानक पूरे नहीं कर रहा है। ऐसे में 315 निजी विद्यालयों की चालू वर्ष के 31 मार्च को मान्यता समाप्त हो गई थी। लिहाजा शिक्षा विभाग ने विद्यालयों का संचालन तत्काल बंद करने के आदेश विद्यालय संचालकों को दिए थे। 25 नवंबर को इस संबंध में ‘बिना मान्यता के संचालित हो रहे 315 विद्यालय’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की गई थी। इस पर जिलाधिकारी आशीष जोशी ने शिक्षा विभाग से जवाब मांगा और अग्रिम कार्रवाई के निर्देश दिए। मुख्य शिक्षा अधिकारी ललित मोहन चमोला ने सभी विद्यालयों को 31 मार्च 2018 तक सशर्त मान्यता दे दी है। मुख्य शिक्षा अधिकारी ललित मोहन चमोला ने कहा कि इसके बाद भी जिन विद्यालयों ने मानकों को पूरा नहीं किया तो उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
बिना सुरक्षा मानकों के चल रहे स्कूल
गोपेश्वर नगर के साथ ही जिले के अन्य कस्बा व शहरी क्षेत्रों में निजी विद्यालय सुरक्षा मानकों की भी अनदेखी कर रहे हैं। गोपेश्वर में कई विद्यालय सड़क किनारे बिना चहारदीवारी के संचालित हो रहे हैं। कई विद्यालयों के खेल मैदान भी नहीं हैं। छात्र और छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालय भी नहीं हैं। साथ ही कक्षा-कक्ष मानक के अनुरूप नहीं बनाए गए हैं।
विज्ञापन