300 करोड़ की ठगी का आरोपी गिरफ्तार: 12 सालों में 10 राज्यों के लोगों को ठगा, लखनऊ और बलिया से हुई गिरफ्तारी
चार साल में पैसे दोगुने करने का लालच देकर निवेशकों से करीब 300 करोड़ ठगने वाला ठग गिरफ्तार हो गया है। इंडस वेयर कंपनी के मास्टर माइंड समेत दो आरोपियों को कमिश्नरेट पुलिस ने लखनऊ और बलिया से गिरफ्तार किया।
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निवेशकों को चार साल में धन दोगुना का झांसा देकर करोड़ों रुपये ठगी करने वाले इंडस वेयर कंपनी के मास्टर माइंड समेत दो आरोपियों को कमिश्नरेट पुलिस ने लखनऊ और बलिया से गिरफ्तार किया।
बिहार, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों में गिरोह पर सैकड़ों मुकदमे दर्ज है। करोड़ों के घोटाले में वर्षों से फ़रार अंतरराज्यीय गिरोह के मास्टरमाइंड अरुणेश सीता को लखनऊ से औऱ इसी गिरोह के एक और डायरेक्टर बालचंद चौरसिया को बलिया से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस आयुक्त ए सतीश गणेश ने बताया कि सर्विलांस सेल प्रभारी अंजनी पांडेय की टीम के एसआई राजकुमार पांडेय औऱ सूरज तिवारी ने आरोपियों को गिरफ्तार किया। यूपी के ईओडब्ल्यू सहित कई जनपदों से मास्टरमाइंड वांछित था। सैकड़ों भोले भाले लोगों को ठग चुका है।
दोनों लगभग 300 करोड़ से अधिक की ठगी कर चुके हैं। कई वर्षों से भूमिगत इन दोनों शातिर दिमाग अभियुक्तों को किसी भी राज्य की पुलिस नहीं ढूंढ नहीं पाई थी। कमिश्नरेट वाराणसी पुलिस आज न्यायलय में आरोपियों को प्रस्तुत करेगी और ज्यूडिशियल रिमांड के लिए आवेदन करेगी।
रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस (RLI) का रीजनल मैनेजर था आरोपी
बिहार का मूल निवासी अरुणेश सीता पहले रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस में रीजनल मैनेजर के पद पर बिहार और पश्चिम बंगाल में काम करता था। उसके बाद 2010 में अपने कुछ साथियों अनिल त्रिवेदी और राशिद आदि के साथ मिलकर इंडस वेयर तथा अन्य कंपनियां खोलकर ये धंधा दिल्ली में ऑफिस खोलकर शुरू किया। फिर देश के कई शहरों में इस नेटवर्क को फैलाया।
कंपनी में कई डायरेक्टर्स, लीडर्स और एरिया मैनेजर जैसे पदों पर अपने खास लोगों को बैठा कर महा ठगी का धंधा शुरू किया। इन्वेस्टर से एफडीआर (Fix Deposit Reciept) और शेयर के नाम पर पैसे जमा कराएं। उन पैसों से पश्चिम बंगाल के वर्धमान में होटल, पटना में बेशकीमती जमीने और प्लॉट, दिल्ली में मॉल और कॉम्प्लेक्स में कमर्शियल प्रॉपर्टीयां खरीदी। अरुणेश ने एक फिल्म कंपनी भी लॉन्च किय। इस महा ठगी के पैसे से चार पांच भोजपुरी फिल्में तक प्रोड्यूस की।
आरोपी अरुणेश फाइव स्टार होटल में सक्सेस पार्टियां देता था। पिछले एक दशक से पुलिस के चंगुल से बचता रहा है ये शाति। लेकिन वाराणसी कमिश्नरेट के क्राइम ब्रांच के जाल में आखिरकार ये महाठग फंस ही गया। अरुणेश सीता एवं उसके गैंग के खिलाफ अब तक की छानबीन में पंजीकृत अपराधों की क्रिमिनल हिस्ट्री सामने आई है। यूपी, बिहार, एमपी, छत्तीसगढ़ अन्य राज्यों में करीब 19 आपराधिक मुकदमे दर्ज है। इसमें 14 मुकदमे जानकारी में है।