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फोर्टिस अस्पताल ने चार घंटे इलाज का बिल एक लाख रुपये दिया
ब्यूरो/अमर उजाला, नोएडा
Updated Wed, 13 Dec 2017 11:22 AM IST
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- फोटो : File Photo
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निजी अस्पतालों की ओर से भारी भरकम बिल थमाने का एक और मामला सामने आया है। सेक्टर-62 स्थित फोर्टिस अस्पताल पर महज चार घंटे इलाज के लिए 1.03 लाख रुपये वसूलने और इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप मृतका के पिता ने लगाया है।
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इस संबंध में एसएसपी, डीएम, सीएमओ और थाना सेक्टर-58 में शिकायत की गई है। पुलिस के मुताबिक मेरठ के सिकरोड़ निवासी जोगिंदर सिंह ने शिकायत में कहा है कि उसकी बेटी श्वेता (21) 18 नवंबर को अचानक दौरा पड़ने से बेहोश हो गई थी। उसे गाजियाबाद के यशोदा अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद उसे छुट्टी दे दी गई थी।
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20 नवंबर को श्वेता की तबियत फिर खराब हो गई। रात करीब एक बजे उसे नोएडा के सेक्टर 62 स्थित फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने इमरजेंसी में उसे एक इंजेक्शन दिया और सीधे आईसीयू में भर्ती कर लिया।
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जोगिंदर सिंह के मुताबिक, रातभर डॉक्टर यही कहते रहे कि तबियत में सुधार है, लेकिन सुबह करीब पांच बजे उसे मृत घोषित कर दिया गया। आरोप है कि इलाज की एवज में1.03 लाख रुपये का भुगतान करने के बाद ही परिजनों को शव सौंपा गया।
पीड़ित ने कहा कि महज चार घंटे में इतना बिल कैसे हो गया, इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई है। उधर, फोर्टिस अस्पताल ने दावा किया कि मरीज को बचाने का हर संभव प्रयास किया था।