फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   bulandshahar news

बुलंदशहर के डॉ.राजेश ने इकट्ठे किए 150 देशों के पांच हजार सिक्के

Fri, 17 Jan 2020 11:21 PM IST
गाजियाबाद ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, बुलंदशहर
अमर उजाला नेटवर्क, बुलंदशहर Published by: गाजियाबाद ब्यूरो Updated Fri, 17 Jan 2020 11:21 PM IST
विज्ञापन
bulandshahar news
डा.राजेश। - फोटो : KHURJA
सिक्कों के संसार में डॉ.राजेश संस्कृति की विरासत को संभाल रहे हैं। उनके पास पहली सदी से लेकर स्वतंत्र भारत यानि 1950 तक के सिक्कों का संग्रह है। यहीं नहीं कई देशों के सिक्के, करेंसी और डाकटिकटों का संकलन भी उन्होंने किया है। करीब 45 वर्षों के परिश्रम के बाद उन्होंने यह उपलब्धि प्राप्त की है। जिसके जरिए वह एतिहासिक विरासत को रूबरू करा रहे हैं।
विज्ञापन


नगर के पुराना बाजार निवासी डॉ.राजेश अग्रवाल एसएमजेईसी इंटर कॉलेज में प्रवक्ता हैं। वह विगत 45 वर्षों से सिक्कों का संग्रह कर रहे हैं। उनके इस परिश्रम का परिणाम यह हुआ कि आज उनके पास भारत व विश्व के हजारों वर्ष पुराने एतिहासिक व दुर्लभ सिक्कों का अनमोल खजाना है। डॉ.अग्रवाल बताते हैं कि उनके बाबा ने उन्हें कुछ दुर्लभ सिक्के दिए थे। जो 150 वर्षों से उनके परिवार के पास थे। इन्हीं दुर्लभ सिक्कों को देखकर उनके अंदर पुराने से पुराने सिक्कों का संग्रह करने की रुचि जागृत हुई और उसके बाद से वह इसी कार्य में जुट गए। अथक परिश्रम की बदौलत डॉ.राजेश अग्रवाल के पास 150 देशों के 5 हजार सिक्के, उनमें 300 सिक्के चांदी के हैं। 50 देशों के 350 करेंसी नोट तथा दो सौ देशों के 3500 डाकटिकट हैं। जिनकी कीमत लाखों रुपये की है। डॉ राजेश अग्रवाल ने बताया कि नगर में एक संग्रहालय बनाकर ज्ञानबर्धन के लिए एतिहासिक विरासतों को रखा जाए।
विज्ञापन

इकट्ठे किए गए सिक्के।

विज्ञापन
विज्ञापन

इकट्ठे किए गए सिक्के।- फोटो : KHURJA

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed