{"_id":"611d6baa8ebc3e79fe261ecf","slug":"you-told-our-shortcomings-now-ride-a-bicycle-without-charge-chandigarh-news-pkl423827816","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपने बताईं कमियां हमारी.. अब बिना शुल्क करें साइकिल की सवारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आपने बताईं कमियां हमारी.. अब बिना शुल्क करें साइकिल की सवारी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंडीगढ़। शहरवासी 155 डॉकिंग स्टेशन से अब 31 अगस्त तक बिना शुल्क दिए साइकिल की सवारी कर सकेंगे। डॉकिंग स्टेशनों पर खड़ी साइकिलों की बैटरी डाउन रहने और लॉक व अनलॉक में समस्या आने की शिकायतों के बाद स्मार्ट सिटी ने कंपनी को फिलहाल शुल्क न लेने के लिए कहा है। समस्याओं के समाधान के बाद कंपनी स्मार्ट सिटी को पत्र लिखेेगी। इसके बाद ही स्मार्ट सिटी के अधिकारी शुल्क लेने की अनुमति देंगे।
बता दें कि बीते 12 अगस्त को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर और उनके सलाहकार धर्मपाल ने पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट के पहले चरण का शुभारंभ किया था। इस दौरान शहर में बनाए गए 155 डॉकिंग स्टेशन से 1250 साइकिलें चलाई गई थीं। साइकिल की सुविधा शुरू होने के बाद से ही लोगों के सामने समस्याएं आने लगीं। किसी साइकिल का लॉक खुले बिना ही उपयोगकर्ता के रुपये कट रहे थे तो किसी उपयोगकर्ता की साइकिल का लॉक नहीं लग पा रहा था। वहीं, कुछ साइकिलों का कोड डालने पर उसकी जानकारी एप पर प्रदर्शित ही नहीं हो रही थी। लोगों ने इन सभी समस्याओं को स्मार्ट सिटी तक पहुंचाया।
स्मार्ट सिटी ने कंपनी से समस्याओं को जांचने के लिए कहा तो पता चला कि नेटवर्क की समस्या के कारण एप ठीक से काम नहीं कर पा रहा है। इसके बाद स्मार्ट सिटी के आदेश पर कंपनी ने साइकिल की सुविधा निशुल्क कर दी है। अब जब तक सभी समस्याएं खत्म नहीं हो जातीं, तब तक कंपनी लोगों को निशुल्क सुविधा देगी। फिलहाल 31 अगस्त का कंपनी ने समस्याओं को खत्म करने की बात कही है।
विज्ञापन
चार्जिंग प्वाइंट न होने से डिस्चार्ज रहती हैं साइकिलें
सभी डॉकिंग स्टेशनों पर कंपनी को फिलहाल बिजली का कनेक्शन नहीं मिल सका है। ऐसे में यहां चार्जिंग प्वाइंट नहीं लगे हैं। चार्जिंग प्वाइंट न होने से बैटरी संचालित साइकिलों की बैटरी चार्ज नहीं हो पा रही है। ऐसे में जब लोग सुबह साइकिल लेने जातेे हैं तो ज्यादातर साइकिलों की बैटरी डिस्चार्ज मिलती है। कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही सभी डॉकिंग स्टेशनों पर चार्जिंग प्वाइंट लगा दिए जाएंगे।
सरल की गई पंजीकरण प्रक्रिया
स्मार्ट सिटी के पास लोगों ने आपत्ति दर्ज कराई थी कि स्मार्ट बाइक एप को मोबाइल में इंस्टॉल करने के बाद उस पर पंजीकरण की प्रक्रिया काफी जटिल है। पंजीकरण के लिए कई दस्तावेजों को मांगा जाता है, जिसमें काफी समय बेकार होता है। स्मार्ट सिटी के निर्देश पर अब कंपनी ने सरकारी दस्तावेजों की अनिवार्यता को खत्म करके पंजीकरण प्रक्रिया को काफी सरल कर दिया है। अब मोबाइल नंबर और पता देने के साथ ही एप पर पंजीकरण हो जाएगा।
कंपनी ने कई लोगों के रुपये लौटाए
कंपनी के उपाध्यक्ष अभिनंदन मल्होत्रा ने बताया कि जिन लोगों ने अतिरिक्त रुपया कटने की शिकायत की थी, उनके रुपये वापस कर दिए गए हैं। वहीं, एप के माध्यम से ऐसे लोगों को चिह्नित किया जा रहा है, जिन्हें समस्या हुई है। जल्द ही उनके रुपये भी वापस कर दिए जाएंगे। तब तक लोग निशुल्क साइकिल चलाने का लाभ उठा सकते हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी
लोगों की शिकायत पर हमने कंपनी के अधिकारियों को पत्र लिखकर फिलहाल साइकिल की सवारी के लिए शुल्क न लेने को कहा है। जब तक सभी समस्याओं का समाधान नहीं हो जाता तब तक लोगों को कंपनी निशुल्क सुविधा देगी। अब हमारी अनुमति के बाद ही शुल्क लिया जाएगा। -एनपी शर्मा, जीएम, स्मार्ट सिटी
नई व्यवस्था को शुरू करने में समस्याएं आती हैं। हमें नहीं पता था कि नेटवर्क की समस्या रहेगी या बिजली के कारण चार्जिंग परेशानी बनेगी। सभी समस्याओं का जल्द निस्तारण करेंगे। सुविधा न रुके, इसलिए फिलहाल साइकिल निशुल्क चला रहे हैं। -अभिनंदन मल्होत्रा, उपाध्यक्ष, पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट
विज्ञापन
बता दें कि बीते 12 अगस्त को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर और उनके सलाहकार धर्मपाल ने पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट के पहले चरण का शुभारंभ किया था। इस दौरान शहर में बनाए गए 155 डॉकिंग स्टेशन से 1250 साइकिलें चलाई गई थीं। साइकिल की सुविधा शुरू होने के बाद से ही लोगों के सामने समस्याएं आने लगीं। किसी साइकिल का लॉक खुले बिना ही उपयोगकर्ता के रुपये कट रहे थे तो किसी उपयोगकर्ता की साइकिल का लॉक नहीं लग पा रहा था। वहीं, कुछ साइकिलों का कोड डालने पर उसकी जानकारी एप पर प्रदर्शित ही नहीं हो रही थी। लोगों ने इन सभी समस्याओं को स्मार्ट सिटी तक पहुंचाया।
विज्ञापन
स्मार्ट सिटी ने कंपनी से समस्याओं को जांचने के लिए कहा तो पता चला कि नेटवर्क की समस्या के कारण एप ठीक से काम नहीं कर पा रहा है। इसके बाद स्मार्ट सिटी के आदेश पर कंपनी ने साइकिल की सुविधा निशुल्क कर दी है। अब जब तक सभी समस्याएं खत्म नहीं हो जातीं, तब तक कंपनी लोगों को निशुल्क सुविधा देगी। फिलहाल 31 अगस्त का कंपनी ने समस्याओं को खत्म करने की बात कही है।
विज्ञापन
चार्जिंग प्वाइंट न होने से डिस्चार्ज रहती हैं साइकिलें
सभी डॉकिंग स्टेशनों पर कंपनी को फिलहाल बिजली का कनेक्शन नहीं मिल सका है। ऐसे में यहां चार्जिंग प्वाइंट नहीं लगे हैं। चार्जिंग प्वाइंट न होने से बैटरी संचालित साइकिलों की बैटरी चार्ज नहीं हो पा रही है। ऐसे में जब लोग सुबह साइकिल लेने जातेे हैं तो ज्यादातर साइकिलों की बैटरी डिस्चार्ज मिलती है। कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही सभी डॉकिंग स्टेशनों पर चार्जिंग प्वाइंट लगा दिए जाएंगे।
सरल की गई पंजीकरण प्रक्रिया
स्मार्ट सिटी के पास लोगों ने आपत्ति दर्ज कराई थी कि स्मार्ट बाइक एप को मोबाइल में इंस्टॉल करने के बाद उस पर पंजीकरण की प्रक्रिया काफी जटिल है। पंजीकरण के लिए कई दस्तावेजों को मांगा जाता है, जिसमें काफी समय बेकार होता है। स्मार्ट सिटी के निर्देश पर अब कंपनी ने सरकारी दस्तावेजों की अनिवार्यता को खत्म करके पंजीकरण प्रक्रिया को काफी सरल कर दिया है। अब मोबाइल नंबर और पता देने के साथ ही एप पर पंजीकरण हो जाएगा।
कंपनी ने कई लोगों के रुपये लौटाए
कंपनी के उपाध्यक्ष अभिनंदन मल्होत्रा ने बताया कि जिन लोगों ने अतिरिक्त रुपया कटने की शिकायत की थी, उनके रुपये वापस कर दिए गए हैं। वहीं, एप के माध्यम से ऐसे लोगों को चिह्नित किया जा रहा है, जिन्हें समस्या हुई है। जल्द ही उनके रुपये भी वापस कर दिए जाएंगे। तब तक लोग निशुल्क साइकिल चलाने का लाभ उठा सकते हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी
लोगों की शिकायत पर हमने कंपनी के अधिकारियों को पत्र लिखकर फिलहाल साइकिल की सवारी के लिए शुल्क न लेने को कहा है। जब तक सभी समस्याओं का समाधान नहीं हो जाता तब तक लोगों को कंपनी निशुल्क सुविधा देगी। अब हमारी अनुमति के बाद ही शुल्क लिया जाएगा। -एनपी शर्मा, जीएम, स्मार्ट सिटी
नई व्यवस्था को शुरू करने में समस्याएं आती हैं। हमें नहीं पता था कि नेटवर्क की समस्या रहेगी या बिजली के कारण चार्जिंग परेशानी बनेगी। सभी समस्याओं का जल्द निस्तारण करेंगे। सुविधा न रुके, इसलिए फिलहाल साइकिल निशुल्क चला रहे हैं। -अभिनंदन मल्होत्रा, उपाध्यक्ष, पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट