फेसबुक और whatsapp यूज करते दिखे तो खैर नहीं
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पंजाब के सरकारी स्कूलों के क्लासरूम में अगर टीचर मोबाइल पर फेसबुक और whatsapp यूज करते दिखे तो उन पर कार्रवाई होगी। पढ़ाई के दौरान सोशल साइट्स पर चैटिंग करने वाले टीचरों पर कार्रवाई की जाएगी, ताकि बच्चों की पढ़ाई में समस्या न आए।
पंजाब के डायरेक्टर जनरल स्कूल एजुकेशन (डीजीएसई)ने इस संबंध में सभी स्कूलों प्रिंसिपल, एलिमेंट्री व सेकेंडरी जिला शिक्षा अधिकारियों को सख्त हिदायतें जारी की हैं।
डीजीएसई की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि यह आम देखने में आया है कि टीचर क्लास में बच्चों की पढ़ाई पर ध्यान देने के बजाय मोबाइल फोन पर चिपके रहते हैं। बड़ी संख्या में टीचर फेसबुक और वाट्स-ऐप पर व्यस्त रहते हैं।
जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई का नुकसान होता है। सभी टीचरों को हिदायत दी गई है कि वे बच्चों की पढ़ाई के दौरान मोबाइल का इस्तेमाल बिल्कुल न करें। साथ ही स्कूल प्रिंसिपल को निर्देश दिए गए हैं कि वे यह यकीनी बनाएंगे कि टीचर क्लास में मोबाइल का इस्तेमाल न करें। अगर किसी टीचर के खिलाफ शिकायत आती है तो उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
डीजीएसई ने जारी की सभी स्कूलों को हिदायत
वहीं, जिला शिक्षा अधिकारियों को भी इस पर नजर रखने को कहा गया है। गौरतलब है कि शिक्षा विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि टीचर फेसबुक और वाट्स-ऐप पर व्यस्त रहते हैं, जिससे पढ़ाई का नुकसान हो रहा है।
सिलेबस को मासिक आधार पर बांटा
शिक्षा का अधिकार एक्ट के तहत अब सिलेबस भी मासिक आधार पर बांट दिया गया है। विभाग की जानकारी में आया था कि बहुत से टीचर मासिक सिलेबस पूरा नहीं कर रहे थे। जिसके बाद विभाग ने क्लासरूम में मोबाइल फोन पर पाबंदी लगाने का फैसला किया।
संगत दर्शन में उठा था मुद्दा
जानकारी के मुताबिक टीचरों के मोबाइल फोन पर व्यस्त रहने का मामला संगत दर्शन में उठा था। एक संगत दर्शन के दौरान यह शिकायत आई थी कि टीचरों के फेसबुक और वट्स-ऐप पर व्यस्त रहने के कारण बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। जिसके बाद डिप्टी सीएम सुखबीर बादल की ओर से शिक्षा विभाग को इस संबंध में हिदायत जारी की गई थी।