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चंडीगढ़: निगम चुनाव में बदलेगा प्रचार का तरीका, बन सकते हैं 700 से ज्यादा मतदान केंद्र
Fri, 24 Sep 2021 12:40 PM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: Trainee Trainee
Updated Fri, 24 Sep 2021 12:40 PM IST
सार
इस बार चुनाव कोरोना से बचाव के नियमों को ध्यान में रखकर करवाए जाएंगे। कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए इस बार उम्मीदवारों के प्रचार का तरीका भी बदल जाएगा। वहीं , 26 से बढ़कर वार्डों की संख्या 35 हो जाएगी। बैठक में राज्य चुनाव आयुक्त को बताया गया कि प्रशासन ने 13 गांवों को नगर निगम में शामिल कर लिया है।
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चंडीगढ़ नगर निगम
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
दिसंबर में होने वाले नगर निगम चुनाव कोरोना से बचाव के नियमों को ध्यान में रखकर करवाए जाएंगे। वीरवार को राज्य चुनाव आयुक्त एसके श्रीवास्तव ने इस संबंध में यूटी गेस्ट हाउस में अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में प्रशासक के सलाहकार धर्मपाल भी मौजूद रहे। वहीं, कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए निगम चुनाव में इस बार प्रचार का तरीका भी बदल जाएगा।
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बैठक में राज्य चुनाव आयुक्त को बताया गया कि प्रशासन ने 13 गांवों को नगर निगम में शामिल कर लिया है। वहीं, वार्ड भी 26 से बढ़कर 35 हो गए हैं। कोरोना के चलते मतदाताओं की संख्या 1000 प्रति मतदान केंद्र तक सीमित करने के कारण केंद्रों की संख्या में बढ़ोतरी होगी। पिछले चुनाव के दौरान 445 की तुलना में मतदान केंद्रों की संख्या 700 से अधिक होने की संभावना है।
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आयुक्त बोले-चुनाव में बरतें पारदर्शिता
राज्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि चुनाव में पारदर्शिता बरतें। साथ ही पुलिस व्यवस्था को भी मजबूत रखें। सलाहकार धर्मपाल ने आश्वासन दिया कि आवश्यकता के अनुसार सभी रसद, जनशक्ति और बुनियादी ढांचा प्रदान किया जाएगा। चुनाव में इस बार कोरोना के कारण प्रचार का तरीका बदल जाएगा। संक्रमण से बचाव करते हुए उम्मीदवारों को चुनाव प्रचार करना होगा। इस बार बड़ी रैलियों पर भी रोक लग सकती है। सोशल मीडिया की भूमिका काफी अहम होगी । शहर के कई वर्तमान पार्षद पहले ही सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय हो गए हैं। वहीं, सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों को संबोधित करने की भी योजना बन सकती है।
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कोरोना काल में चुनाव कराना बड़ी चुनौती
कोरोना काल में चुनाव कराना बड़ी चुनौती है। इसमें गांव व कॉलोनियों में कोरोना प्रोटोकॉल का पालन कराना आसान नहीं होगा। एक तरफ सभी पार्टियों ने चुनाव को देखते हुए तैयारियां तेज कर दी हैं और दूसरी तरफ कोरोना की तीसरी लहर को लेकर खतरा भी बढ़ता जा रहा है। हालांकि धर्मपाल का दावा है कि चुनाव को लेकर सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।