वोट रद्द करने पर लोगों ने किया हंगामा, डीसी ऑफिस पर किया प्रदर्शन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वोट रद्द करने पर कई हटाई गई कॉलोनियों के लोगों ने डीसी ऑफिस पहुंचकर तीन घंटे रोष-प्रदर्शन किया। बाद में पुलिस 85 लोगों को बस में चढ़ाकर सेक्टर-17 पुलिस स्टेशन ले गई।
हालांकि बाद में सभी को समझाकर छोड़ दिया गया। प्रवासी भलाई संगठन के बैनर तले लोगों ने प्रशासन और बीजेपी सरकार पर मिलीभगत का आरोप लगाया।
प्रदर्शनकारियों का प्रतिनिधित्व कर रहे प्रवासी भलाई संगठन के नेशनल चेयरमैन अविनाश सिंह ने कहा कि मलोया की गुरु सागर कॉलोनी के लोगों ने रविवार को वार्ड नंबर-7 के बूथ नंबर-14 में मत का प्रयोग किया।
लेकिन सोमवार को इन्हें वोट नहीं डालने दिया गया। इसी तरह से लाल बहादुर शास्त्री कॉलोनी और कबाड़ी कॉलोनी के लोगों के भी वोट काट दिए गए। डीसी अजीत बालाजी जोशी ने इन लोगों को एरिया एसडीएम के पास भेजा।
जो गलती पहले हुई उसे दोहराया नहीं जा सकता
एरिया एसडीएम ने स्टेट इलेक्शन कमिश्नर के पास भेज दिया। अविनाश ने बताया कि यह लोकतंत्र की हत्या है। वह इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट जाएंगे। गुरु सागर कॉलोनी वासी देवराज मिश्रा ने बताया कि वह पिछले कई चुनाव में वोट डालते आए हैं। अचानक एक रात में उनकी वोट कैसे कट गई यह समझ से परे है।
जो गलती पहले हुई उसे दोहराया नहीं जा सकता
वार्ड नंबर-7 की रिटर्निंग ऑफिसर रणजीत कौर ने बताया कि जिस बूथ पर दोबारा मतदान हुआ है, वहां बूथ कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है। मतदाता सूची में कोई दिक्कत नहीं है।
जो सूची रविवार को थी उसी के हिसाब से ही सोमवार को भी पुनर्मतदान हुआ। सूची में जिन मतदाताओं के नाम के सामने रद्द की स्टैंप लगी थी। उन्होंने भी वोट डाल दिए।
जिस कारण इस बूथ पर कुल 685 वोट के बदले 703 वोटिंग हुई। मामले में लापरवाह स्टाफ को सस्पेंड कर दिया है। जो लोग वोट नहीं डालने देने का आरोप लगा रहे हैं आधिकारिक तौर पर उनकी वोट है ही नहीं। पहले जो गलती हुई उसे दोहराया नहीं जा सकता।