पीजीआई में शरीर दान करना चाहते हैं तो ये पढ़ें

ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 30 Jan 2014 04:20 PM IST
To Donate Body in PGI, Read it
पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट आफ मेडिकल एजूकेशन एंड रिसर्च का बाडी डोनेशन अभियान अब एक मूवमेंट बन चुका है। जहां पहले एक या दो बाडी ही दान की जाती थीं, वहीं अब पीजीआई में प्रतिवर्ष औसतन पंद्रह बाडी डोनेट की जा रही हैं।

पीजीआई के एनाटामी विभाग के डाक्टरों के अनुसार करीब पंद्रह फीसदी बाडी डोनेट करने वालों में बढ़ोतरी हुई है।
पीजीआई के एनाटामी विभाग के प्रमुख डाक्टर डेजी साहनी ने पीजीआई में आयोजित एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि बाडी डोनेशन की अब ज्यादा आवश्यकता है।

मेडिकल स्टूडेंट्स बढ़े हैं और उनके संग ही नई से नई रिसर्च हो रही हैं। जो स्टाफ पहले से है वह भी ज्यादा एक्सपर्ट ज्ञान चाहता है। इसीलिए पीजीआई ने वर्ष 2007 में शुरू की गई हेल्पलाइन को चौबीस घंटे आन कर दिया है।

पीजीआई ज्यादा से ज्यादा लोगों को शरीरदान की शपथ लेने के लिए जागरूक कर रहा है। पीजीआई में अध्यापन के संग ही रिसर्च और डेवलपमेंट में भी नए सर्जिकल तरीकों के साथ आर्थोस्कोपिक सर्जरी प्लास्टिक सर्जरी एंडोस्कोपिक और इंटरनल आर्गन के लिए भी डोनेटेड बाडी का इस्तेमाल किया जाता है।

बाडी के बदले में ग्रीन बेल्ट
पीजीआई में जब कोई बाडी लाता है तो उसको क्रिसमस ट्री दिया जाता है। इसको कभी भी लगाया जा सकता है। इससे ग्रीन कवर बढ़ रहा है।

यही नहीं, प्रकृति में लकड़ी की कम होती मात्रा को भी नियंत्रित किया जा सकता है। चाहे ईएनटी हो या फिर स्कल बेस प्रोग्राम सभी में बाडी की सबसे ज्यादा आवश्यकता है।

जरूरी है इच्छा

पीजीआई में कोई अपने संबंधी का शरीर लेकर आता है तो उसके साथ मृत्युप्रमाण पत्र होना आवश्यक है। कोई अपनी बाडी को दान करना चाहे तो वह लिखित में देगा।

मौत के एक घंटे के भीतर पीजीआई में इसकी जानकारी प्रदान करनी जरूरी है। इसके साथ पीजीआई में या किसी संबंधित अस्पताल में तीन से पांच घंटे के भीतर मौत के बाद बाडी आ जानी चाहिए। पीजीआई इसके लिए व्हीकल भी प्रदान करता है।

इंफेक्शन है तो नहीं लेंगे बाडी

यदि शरीर में इंफेक्शन है तो बाडी को पीजीआई रिजेक्ट भी कर सकता है। इसके साथ ही शरीर दान के संग ही किडनी, लीवर को भी दान किया जा सकता है।

यह हैं पिकअप लाइन : 0172-2755201/2755202, 9914113291, 9914700439, 9914208202.  0172-2706478, 9914208201.

पीजीआई में दान किया शरीर

यमुनानगर के प्रेम नगर निवासी साठ वर्षीय ललित कुमार की बाडी पीजीआई के डिपार्टमेंट आफ एनाटामी में डोनेट की गई। पीजीआई में यह बाडी बुधवार को दान की गई।

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