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बटाला में श्रद्धा के साथ मना बाबा नानक का विवाह पर्व, लोगों को बांटे गए मास्क, देखें- तस्वीरें
Wed, 26 Aug 2020 12:33 AM IST
ajay kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, बटाला (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, बटाला (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 26 Aug 2020 12:33 AM IST
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गुरुद्वारा साहिब में चल रहे लंगरों का प्रवाह।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पहली पातशाही श्री गुरु नानक देव जी का विवाह पर्व मंगलवार को पूरी श्रद्धा से मनाया गया। इस बार विवाह पर्व गुरुद्वारा श्री कंध साहिब और गुरुद्वारा श्री डेहरा साहिब तक ही सीमित रहा क्योंकि कोरोना की वजह से स्थानीय प्रशासन ने शहर में भीड़ जुटने और बटाला में बारात रूपी विशाल नगर कीर्तन निकालने की आज्ञा नहीं दी थी। हालांकि नानक नाम लेवा संगत मंगलवार सुबह चार बजे से ही गुरुद्वारा श्री कंध साहिब और डेहरा साहिब में जुटने लगी थी। गुरुद्वारा कंध साहिब के हर गेट पर सैनिटाइजर लेकर सेवादार मौजूद रहे और लोगों को मास्क भी बांटे गए।
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गुरुद्वारा साहिब में श्री अखंड पाठ साहिब का भोग डालते हुए।
गुरुद्वारा श्री कंध साहिब में 23 अगस्त को शुरू किए गए श्री अखंड पाठ साहिब का भोग डालने के बाद मंगलवार को विवाह पर्व की शुरुआत की गई। संगत गुरुद्वारा साहिब में फ्रेम में सुरक्षित ऐतिहासिक कच्ची कंध के दर्शन करके लल्लाहित हुई। गुरुद्वारा साहिब में संगत का आना सुबह 4 बजे ही शुरू हो गया था। जैसे-जैसे समय बढ़ता गया वैसे-वैसे संगत की संख्या भी बढ़ती गई।
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गुरुद्वारा श्री कंध साहिब में फ्रेम में सुरक्षित कच्ची कंध जिसके आगे संगत नतमस्तक होती है।
बटाला में विवाह पर्व के मौके पर शादी जैसा माहौल होता था लेकिन इस पर कोरोना को लेकर लगाई पाबंदियों की वजह से मेले नहीं लगे। गुरुद्वारा साहिब में गुरबाणी का प्रवाह जारी था और संगत के लिए विभिन्न प्रकार के लंगर चल रहे थे। वहीं मंगलवार को श्री अखंड पाठ साहिब का भोग डालने के बाद धार्मिक दीवान सजाए गए।
समाजसेवी संस्था संगत को मास्क बांटते हुए।
कथा वाचकों, कविशरों ने हर जस बाणी का कीर्तन कर संगत को निहाल किया। बटाला के सभी गुरुद्वारों में गुरबाणी का प्रवाह चलता रहा। गुरुद्वारा श्री कंध साहिब के मैनेजर गुरतिंदरपाल सिंह भाटिया और गुरुद्वारा श्री डेहरा साहिब के मैनेजर दविंदर सिंह लाली बाजवा ने समारोह में पहुंचे वरिष्ठ लोगों को सम्मानित किया और समूह संगत को इस पावन अवसर पर बधाई दी।