पंजाब: बेटी की शादी से पहले दी देश के लिए शहादत
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इसी साल के अंत में बड़ी बेटी की शादी होनी थी। बेटी के कन्यादान से पहले ही बहादुर पिता ने देश के लिए अपनी शहादत दे दी। ये बहादुर पिता हैं एसपी (डी) गुरदासपुर बलजीत सिंह। गुरदासपुर में हुए आतंकी हमले में ये आज शहीद हो गए।
वे मूल रूप से कपूरथला के मोहल्ला संतपुरा की गली नंबर-12 के रहने वाले थे। घटना की सूचना मिलने पर पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।
दोपहर करीब 12 बजे घटना की सूचना मिलते ही उनका बेटा मनिंदर सिंह अपने पारिवारिक सदस्यों के साथ गुरदासपुर को रवाना हो गया। हालांकि उनकी पत्नी कुलदीप कौर को इस बारे में सूचित नहीं किया गया था। क्योंकि उनकी पत्नी हार्ट पेशेंट है।
बलजीत सिंह की दो बेटियां परमिंदर कौर (22), बीडीएस कर रही रविंदर कौर (20), और एक बेटा बीटेक पास मनिंदर सिंह (24) है। जानकारी के अनुसार इस साल नवंबर या दिसंबर में बलजीत सिंह की बड़ी बेटी परमिंदर कौर की शादी होनी थी। एसपी (डी) बलजीत सिंह के चाचा अमर सिंह के अनुसार उनके पिता अच्छर सिंह पंजाब पुलिस में एएसआई थे।
अच्छर की 1984 में ड्यूटी के दौरान एक सड़क हादसे में मौत हुई थी। इनकी अनुकंपा पर बलजीत सिंह की 1987 में बतौर एएसआई तैनाती हुई।
दो माह पहले ही गुरदासपुर के एसपी (डी) के पद पर तैनाती हुई थी
1995 में बलजीत सिंह को बतौर इंस्पेक्टर पदोन्नति मिली। बलजीत सिंह 2002 में कपूरथला सिटी एसएचओ तैनात किए गए। बाद में डीएसपी (डी) बठिंडा भी रहे। इसके बाद बीते दो सालों से बलजीत सिंह एसपी (डी) के पद पर अलग-अलग जगह पर तैनात रहे। दो माह पहले ही उनकी गुरदासपुर के एसपी (डी) के पद पर तैनाती हुई थी।
दोपहर बाद इस हमले की सूचना देने उनके घर जा रहे एसएसपी आशीष चौधरी और एसपी इनवेस्टिगेशन जगजीत सिंह सरोवा को पड़ोसियों ने रास्ते में रोक लिया था। उन्होंने उनसे बलजीत सिंह के परिवारवालों को मिलने के लिए मना कर दिया। क्योंकि उनकी पत्नी हार्ट पेशेंट हैं। लेकिन शाम को बलजीत सिंह की पत्नी को घटना के बारे में सूचित कर दिया गया।
घटना के बाद से पूरे इलाके की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पीसीआर एवं ट्रैफिक इंचार्ज जंग बहादुर और एसएचओ सिटी अश्विनी कुमार मौके पर तैनात हैं। एसएसपी आशीष चौधरी ने कहा कि कपूरथला से पुलिस फोर्स गुरदासपुर भेजी जा चुकी है।