{"_id":"64fc7b64686e46d8250ae856","slug":"teachers-will-be-relieved-from-non-academic-work-kanwarpal-chandigarh-news-c-16-1-pkl1007-234962-2023-09-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से मिलेगी मुक्ति : कंवरपाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से मिलेगी मुक्ति : कंवरपाल
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा में शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से जल्द मुक्ति मिलने वाली है। हरियाणा सरकार इस दिशा में काम कर रही है और जल्द ही इसको अमलीजामा पहनाने की तैयारी है। इसके बाद शिक्षकों की ड्यूटी दूसरे कार्यों में नहीं लगाई जाएगी। सरकार की कोशिश है कि शिक्षकों से केवल शिक्षा से संबंधित ही कार्य कराया जाए। यह कहना है कि हरियाणा के स्कूल शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर का। गौरतलब है कि गैर शैक्षणिक कार्यों को लेकर शुरू से ही शिक्षक विरोध करते आ रहे हैं और आंदोलन भी करते रहे हैं। मीडिया से बातचीत में शिक्षा मंत्री ने कहा कि पहले के मुकाबले सरकार ने शिक्षकों से करवाए जाने वाले गैर शैक्षणिक कार्यों को कम किया है। मगर कुछ कार्य शिक्षकों को करने पड़ते हैं। धीरे-धीरे इन कार्यों से भी शिक्षकों को मुक्त किया जाएगा, ताकि शिक्षक केवल और केवल शिक्षा पर भी फोकस कर सके।
स्कूलों को मर्ज करने के सवाल पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि स्कूलों को बंद नहीं किया जा रहा है। कम बच्चों वाले स्कूलों को समायोजित किया जा रहा है। इसका छात्रों के साथ-साथ अध्यापकों को भी लाभ होगा। विद्यार्थियों को शिक्षक मिल जाएंगे और शिक्षकों को विद्यार्थी। शिक्षकों को कैशलेस की सुविधा को लेकर मंत्री ने कहा कि फाइल एफडी के पास गई हुई है। जल्द ही उस पर फैसला किया जाएगा।
तबादला ड्राइव के लिए विभाग तैयार
स्कूल शिक्षा मंत्री ने कहा कि शिक्षकों के ऑनलाइन तबादलों को लेकर पूरी तैयारी है। किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं है। पिछली बार की कमियों को दूर करके ही ड्राइव चलाया जाएगा। तकरीबन काम हो चुका है। इस ड्राइव में सभी शिक्षकों को लाभ होगा। पिछली बार ड्राइव में 8 से 10 प्रतिशत शिक्षकों का उनकी पसंद से ट्रांसफर नहीं हुआ था। सरकार का प्रयास है कि असंतुष्ट लोगों की संख्या न के बराबर होनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
चंडीगढ़। हरियाणा में शिक्षकों को गैर शैक्षणिक कार्यों से जल्द मुक्ति मिलने वाली है। हरियाणा सरकार इस दिशा में काम कर रही है और जल्द ही इसको अमलीजामा पहनाने की तैयारी है। इसके बाद शिक्षकों की ड्यूटी दूसरे कार्यों में नहीं लगाई जाएगी। सरकार की कोशिश है कि शिक्षकों से केवल शिक्षा से संबंधित ही कार्य कराया जाए। यह कहना है कि हरियाणा के स्कूल शिक्षा मंत्री कंवरपाल गुर्जर का। गौरतलब है कि गैर शैक्षणिक कार्यों को लेकर शुरू से ही शिक्षक विरोध करते आ रहे हैं और आंदोलन भी करते रहे हैं। मीडिया से बातचीत में शिक्षा मंत्री ने कहा कि पहले के मुकाबले सरकार ने शिक्षकों से करवाए जाने वाले गैर शैक्षणिक कार्यों को कम किया है। मगर कुछ कार्य शिक्षकों को करने पड़ते हैं। धीरे-धीरे इन कार्यों से भी शिक्षकों को मुक्त किया जाएगा, ताकि शिक्षक केवल और केवल शिक्षा पर भी फोकस कर सके।
स्कूलों को मर्ज करने के सवाल पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि स्कूलों को बंद नहीं किया जा रहा है। कम बच्चों वाले स्कूलों को समायोजित किया जा रहा है। इसका छात्रों के साथ-साथ अध्यापकों को भी लाभ होगा। विद्यार्थियों को शिक्षक मिल जाएंगे और शिक्षकों को विद्यार्थी। शिक्षकों को कैशलेस की सुविधा को लेकर मंत्री ने कहा कि फाइल एफडी के पास गई हुई है। जल्द ही उस पर फैसला किया जाएगा।
विज्ञापन
तबादला ड्राइव के लिए विभाग तैयार
स्कूल शिक्षा मंत्री ने कहा कि शिक्षकों के ऑनलाइन तबादलों को लेकर पूरी तैयारी है। किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं है। पिछली बार की कमियों को दूर करके ही ड्राइव चलाया जाएगा। तकरीबन काम हो चुका है। इस ड्राइव में सभी शिक्षकों को लाभ होगा। पिछली बार ड्राइव में 8 से 10 प्रतिशत शिक्षकों का उनकी पसंद से ट्रांसफर नहीं हुआ था। सरकार का प्रयास है कि असंतुष्ट लोगों की संख्या न के बराबर होनी चाहिए।
विज्ञापन