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'आप' का सर्वेः बच्चे नहीं पता बताए वे किस क्लास में पढ़ते हैं
ब्यूरो, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 10 Jul 2016 10:49 PM IST
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कैंबवाला में शिक्षा सुधार मुहिम के तहत सर्वे करते आम आदमी पार्टी के सदस्य।
- फोटो : अमर उजाला
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आम आदमी पार्टी ने शिक्षा में सुधार मुहिम की शुरुआत रविवार को कैंबवाला से की। इसके तहत पहले दिन 150 घरों में सर्वे किया।
पार्टी ने दावा किया है कि सर्वे के दौरान कुछ बच्चे यह तक नहीं बता पाएं कि वे किस क्लास में पढ़ते हैं? बच्चों व पेरेंट्स ने बताया कि टीचर जब कुछ पढा़ती हैं तो वे दोबारा नहीं समझाती। साल में सिर्फ एक बार स्कूल मैनेजमेंट कमेटी की मीटिंग हुई है। उसके बाद से कुछ भी अता-पता नहीं है। कुछ ऐसे बच्चे मिले, जो नौंवी में कई बार फेल हो चुके हैं और उन्हें खुद नहीं मालूम कि उनका भविष्य क्या होगा?
आम आदमी पार्टी अगले दस दिन और कैंबवाला में सर्वे करेगी। उसके बाद दूसरे स्कूलों की ओर रुख करेंगे। पार्टी का पूरे शहर के 20 हजार से ज्यादा पेरेंट्स व बच्चों से बात कर एक ड्राफ्ट तैयार करेंगे और उसे एडवाइजर व एजुकेशन मिनिस्ट्री को सौंपेंगे। दरअसल आप ने चंडीगढ़ में शिक्षा में सुधार मुहिम की शुरुआत की है। इसके तहत वह उन स्कूलों के गांवों में जाएंगी, जहां के स्कूलों का रिजल्ट काफी खराब रहा है।
कैंबवाला के स्कूल का इस बार का रिजल्ट मात्र छह प्रतिशत रहा है, जो अब तक की सबसे खराब परफार्मेंस हैं। पार्टी के वरिष्ठ वालंटियर कौशल सिंह ने बताया कि पार्टी ने कैंबवाला में 12 टीमे बनाईं। सभी टीमों ने घर-घर जाकर पेरेंट्स और बच्चों से विस्तार से बात की।
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उन्होंने बताया कि पेरेंट्स चाहते हैं कि उनके बच्चे पढ़-लिखकर सरकारी अफसर बने, लेकिन स्कूलों की दुदर्शा से वे परेशान हैं। बच्चे चाहते हैं कि उनके बच्चे प्राइवेट स्कूल में पढ़े, लेकिन उसके लिए उनके पास रुपये नहीं है। इस मौके पर विक्रम सिंह पुंडीर, जीतेंद्र पाठक, साहिल चावर, योगेश सोनी, कांता धमीजा, शशि लांबा, रीटा, निशा, दलीप कुमार, विनोद कुमार, सुनील सिंह, विकास भाटिया, शिशुपाल, लाडी पन्नू, प्रिंस जुनेजा, नवदीप सहित कई लोग मौजूद रहे।
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पार्टी ने दावा किया है कि सर्वे के दौरान कुछ बच्चे यह तक नहीं बता पाएं कि वे किस क्लास में पढ़ते हैं? बच्चों व पेरेंट्स ने बताया कि टीचर जब कुछ पढा़ती हैं तो वे दोबारा नहीं समझाती। साल में सिर्फ एक बार स्कूल मैनेजमेंट कमेटी की मीटिंग हुई है। उसके बाद से कुछ भी अता-पता नहीं है। कुछ ऐसे बच्चे मिले, जो नौंवी में कई बार फेल हो चुके हैं और उन्हें खुद नहीं मालूम कि उनका भविष्य क्या होगा?
आम आदमी पार्टी अगले दस दिन और कैंबवाला में सर्वे करेगी। उसके बाद दूसरे स्कूलों की ओर रुख करेंगे। पार्टी का पूरे शहर के 20 हजार से ज्यादा पेरेंट्स व बच्चों से बात कर एक ड्राफ्ट तैयार करेंगे और उसे एडवाइजर व एजुकेशन मिनिस्ट्री को सौंपेंगे। दरअसल आप ने चंडीगढ़ में शिक्षा में सुधार मुहिम की शुरुआत की है। इसके तहत वह उन स्कूलों के गांवों में जाएंगी, जहां के स्कूलों का रिजल्ट काफी खराब रहा है।
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कैंबवाला के स्कूल का इस बार का रिजल्ट मात्र छह प्रतिशत रहा है, जो अब तक की सबसे खराब परफार्मेंस हैं। पार्टी के वरिष्ठ वालंटियर कौशल सिंह ने बताया कि पार्टी ने कैंबवाला में 12 टीमे बनाईं। सभी टीमों ने घर-घर जाकर पेरेंट्स और बच्चों से विस्तार से बात की।
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उन्होंने बताया कि पेरेंट्स चाहते हैं कि उनके बच्चे पढ़-लिखकर सरकारी अफसर बने, लेकिन स्कूलों की दुदर्शा से वे परेशान हैं। बच्चे चाहते हैं कि उनके बच्चे प्राइवेट स्कूल में पढ़े, लेकिन उसके लिए उनके पास रुपये नहीं है। इस मौके पर विक्रम सिंह पुंडीर, जीतेंद्र पाठक, साहिल चावर, योगेश सोनी, कांता धमीजा, शशि लांबा, रीटा, निशा, दलीप कुमार, विनोद कुमार, सुनील सिंह, विकास भाटिया, शिशुपाल, लाडी पन्नू, प्रिंस जुनेजा, नवदीप सहित कई लोग मौजूद रहे।