लोकसभा चुनाव 2019: फिरोजपुर सीट को लेकर दिखा नया संकेत, सुखबीर बादल लड़ सकते हैं चुनाव
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शिअद (ब) के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने पिछले 25 साल से अकाली दल के कब्जे में रही फिरोजपुर लोकसभा सीट से चुनाव में उतरने के संकेत दिए हैं। इसी कड़ी में वे शुक्रवार को फिरोजपुर शहरी विधानसभा के भाजपा-अकाली वर्करों से फीडबैक लेने पहुंचेंगे। गुरुवार को सुखबीर बादल ने अबोहर में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की।
फिरोजपुर लोकसभा सीट पर शिअद (ब) के सीनियर नेता जोरा सिंह मान तीन बार लोकसभा चुनाव जीते हैं। इसके बाद अकाली दल से इसी सीट पर पिछले दो चुनाव से शेर सिंह घुबाया विजयी रहे हैं। विधानसभा चुनाव में बेटे दविंदर सिंह घुबाया को अकाली दल से टिकट न मिलने पर वह पार्टी से नाराज थे। हालांकि घुबाया ने पार्टी नहीं छोड़ी, लेकिन दविंदर घुबाया परिवार के अन्य सदस्यों के साथ विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस में शामिल हो गए थे।
कांग्रेस ने उन्हें फाजिल्का विधानसभा सीट से अकाली दल के खिलाफ खड़ा किया था जिसमें वे जीत गए थे। सांसद घुबाया के पार्टी गतिविधियों व पार्टी द्वारा दूरी बनाए रखने से यह साफ हो गया था कि 2019 के लोकसभा चुनाव में पार्टी कोई नया चेहरा मैदान में उतरेगी।
पिछले कुछ समय से केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल का नाम चर्चा में बना रहा। लेकिन अब पार्टी अध्यक्ष सुखबीर बादल ने अबोहर में गुरुवार को वर्करों के साथ बैठक कर फीडबैक लेने के दौरान फिरोजपुर लोकसभा सीट से चुनाव में उतरने के संकेत दिए हैं।
फिरोजपुर लोकसभा के अंतर्गत बल्लुआना, अबोहर, फाजिल्का और जलालाबाद में सुखबीर ने वर्करों से फीडबैक लिया। शुक्रवार को वह फिरोजपुर शहरी विधानसभा के वर्करों से फीडबैक लेंगे। इसके लिए पूर्व भाजपा विधायक व सीपीएस रहे सुखपाल सिंह नन्नू को तैयारियों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
सियासी सूत्रों के मुताबिक सुखबीर सिंह बादल के फिरोजपुर से लोकसभा चुनाव लड़ने पर पहले ही पार्टी द्वारा निर्णय लिया जा चुका है। इसी के तहत पूर्व मंत्री जनमेजा सिंह सेखों द्वारा लोकसभा हलके के अंतर्गत आने वाली विधानसभाओं में पार्टी नेताओं के साथ बैठकें की गई थी। सुखबीर फिरोजपुर का चुनाव इसलिए भी लड़ने को तैयार हैं, क्योंकि जलालाबाद विधानसभा हलके से दो बार चुनाव जीत चुके हैं।