फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Strike of Punjab Roadways employees continues after Talks With Government Failed  

पंजाब में हड़ताल: सरकार के साथ बैठक बेनतीजा, पीआरटीसी के 2000 हड़ताली ठेका मुलाजिमों को काम पर लौटने का नोटिस 

Thu, 09 Sep 2021 07:55 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़/पटियाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़/पटियाला Published by: निवेदिता वर्मा Updated Thu, 09 Sep 2021 07:55 AM IST
सार

पीआरटीसी के ठेका व आउटसोर्स मुलाजिम नियमित करने की मांग को लेकर सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। हड़ताल के कारण अधिकतर बसें डिपो पर खड़ी हैं और सवारियों को परेशानी हो रही है। वहीं पीआरटीसी को अब तक इस हड़ताल के कारण करोड़ों रुपये का नुकसान हो गया है।  

विज्ञापन
Strike of Punjab Roadways employees continues after Talks With Government Failed  
पंजाब में रोडवेज कर्मियों की हड़ताल। - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर चल रहे पंजाब रोडवेज, पनबस और पीआरटीसी के कच्चे मुलाजिमों की बुधवार को सरकार के साथ हुई बैठक बेनतीजा रही। कर्मियों ने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के मुख्य सलाहकार सुरेश कुमार की पहले हड़ताल समाप्त करने की शर्त को मानने से मना कर दिया। इसके बाद कर्मियों ने हड़ताल जारी रखने और गुरुवार को दो घंटे सभी बस स्टैंड बंद रखने के साथ शुक्रवार को सिसवां फार्म हाउस घेरने की चेतावनी दी है। 

विज्ञापन


वहीं पेप्सू रोड ट्रांसपोर्ट कारपोरेशन (पीआरटीसी) के प्रदेश भर में 2000 के करीब हड़ताली ठेका मुलाजिमों को कॉरपोरेशन मैनेजमेंट ने बुधवार को नोटिस जारी कर दिया। इस नोटिस के माध्यम से हड़ताली मुलाजिमों को गुरुवार से काम पर लौटने को कहा गया है। आदेश का पालन न करने वालों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करते हुए उनका ठेका रद्द करने की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन



पीआरटीसी के ठेका व आउटसोर्स मुलाजिम नियमित करने की मांग को लेकर सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। हड़ताल के कारण अधिकतर बसें डिपो पर खड़ी हैं और सवारियों को परेशानी हो रही है। वहीं पीआरटीसी को अब तक इस हड़ताल के कारण करोड़ों रुपये का नुकसान हो गया है।  मंगलवार और बुधवार को पीआरटीसी के बेड़े में शामिल कुल 1100 बसों में से मात्र 300 बसें ही रूटों पर चलीं। हड़ताली मुलाजिमों में वर्कशाप स्टाफ, एडवांस टिकट बुकर के अलावा ज्यादा गिनती में ड्राइवर व कंडक्टर शामिल हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


यूनियन के प्रधान रेशम सिंह गिल ने बताया कि बैठक में कर्मियों से कहा गया कि पंजाब सरकार जल्द ही कच्चे मुलाजिमों को पक्का करने जा रही है, इसके लिए सरकार की ओर से एक एक्ट भी लाया जा रहा है। इसके बाद कर्मियों ने भी बैठक में कई दलीलें दी गईं, लेकिन सरकार ने उनकी एक भी नहीं सुनी। कर्मियों से कहा गया कि यदि वह हड़ताल को समाप्त कर देते हैं तो उसके बाद उनकी मुलाकात मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से करा दी जाएगी। इस पर कर्मचारी भड़क गए और उन्होंने हड़ताल जारी रखने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि हड़ताल के अगले चरण में गुरुवार को राज्य के सभी बस स्टैंड दो घंटे के लिए बंद रखे जाएंगे। शुक्रवार को मुख्यमंत्री के सिसवां फार्म हाउस का घेराव किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed