{"_id":"5f7cd5398ebc3e9bc567b914","slug":"sero-survey-to-know-the-level-of-corona-infection-in-chandigarh-chandigarh-news-pkl3901493199","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़ में कोरोना संक्रमण के स्तर को जानने के लिए होगा सीरो सर्वे, पीजीआई बना रहा है योजना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़ में कोरोना संक्रमण के स्तर को जानने के लिए होगा सीरो सर्वे, पीजीआई बना रहा है योजना
Wed, 07 Oct 2020 12:00 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Wed, 07 Oct 2020 12:00 PM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
कोविड-19 के संक्रमण के प्रसार को जानने के लिए पीजीआई सीरो सर्वे करने की तैयारी में है। इससे एक अनुमान लग जाएगा कि चंडीगढ़ की कितनी आबादी कोरोना से संक्रमित हो चुकी है।
पीजीआई के निदेशक प्रो. जगतराम ने बताया कि संस्थान का स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ इस बारे में योजना तैयार कर रहा है। इसके लिए यूटी प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। हालांकि मोहाली और पंचकूला में पंजाब व हरियाणा सरकार सीरो सर्वेक्षण करा चुकी हैं।
बता दें कि हाल ही में ऑक्सफोर्ड की कोरोना वैक्सीन के परीक्षण दौरान 7.6 प्रतिशत स्वयंसेवकों में एंटीबॉडी मिली थी। संक्रामक बीमारियों के संक्रमण को मॉनिटर करने के लिए सीरो सर्वे कराया जाता है। इसे एंटीबॉडी सर्वे भी कहते हैं।
विज्ञापन
इसमें किसी भी संक्रामक बीमारी के खिलाफ शरीर में पैदा हुए एंटीबॉडी का पता लगाया जाता है। कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति के ठीक होने के बाद शरीर में एंटीबॉडी बन जाती हैं, जो वायरस के खिलाफ शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बनती हैं। शरीर में पहले से इसके खिलाफ एंटीबॉडी नहीं है, लेकिन शरीर धीरे-धीरे इसके खिलाफ एंटीबॉडी बना लेता है।
विज्ञापन
पीजीआई के निदेशक प्रो. जगतराम ने बताया कि संस्थान का स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ इस बारे में योजना तैयार कर रहा है। इसके लिए यूटी प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है। हालांकि मोहाली और पंचकूला में पंजाब व हरियाणा सरकार सीरो सर्वेक्षण करा चुकी हैं।
विज्ञापन
बता दें कि हाल ही में ऑक्सफोर्ड की कोरोना वैक्सीन के परीक्षण दौरान 7.6 प्रतिशत स्वयंसेवकों में एंटीबॉडी मिली थी। संक्रामक बीमारियों के संक्रमण को मॉनिटर करने के लिए सीरो सर्वे कराया जाता है। इसे एंटीबॉडी सर्वे भी कहते हैं।
विज्ञापन
इसमें किसी भी संक्रामक बीमारी के खिलाफ शरीर में पैदा हुए एंटीबॉडी का पता लगाया जाता है। कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति के ठीक होने के बाद शरीर में एंटीबॉडी बन जाती हैं, जो वायरस के खिलाफ शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बनती हैं। शरीर में पहले से इसके खिलाफ एंटीबॉडी नहीं है, लेकिन शरीर धीरे-धीरे इसके खिलाफ एंटीबॉडी बना लेता है।
कोरोना की आ सकती है दूसरी लहर
शहर में कोरोना के कुल मामले 12707 हो चुके हैं, लेकिन पिछले कुछ दिनों से संक्रमितों की संख्या में गिरावट आई है। प्रशासक के सलाहकार ने मनोज परिदा ने कहा कि यह कहना अभी जल्दबाजी होगा कि कोरोना का पीक आ गया है। दूसरी लहर भी आ सकती है, इसलिए सभी को सावधान रहना चाहिए।
परिदा ने बताया कि कुछ अध्ययन हैं, जो बताते हैं कि एक के बाद दूसरी लहर आ सकती है। इसलिए पहले से ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है। केरल में पहले केस कम हो गए थे, लेकिन फिर अचानक केसों की संख्या बढ़ी है। आने वाले दिनों में कई सारे त्योहार हैं। लोगों को इसमें बिल्कुल ढिलाई नहीं बरतनी होगी।
अक्तूबर में कोरोना सैंपल और केसों की संख्या
दिन - सैंपल लिए - नए केस - मृत्यु - ठीक हुए
1 अक्तूबर - 901 - 119 - 2 - 196
2 अक्तूबर - 961 - 155 - 5 - 153
3 अक्तूबर - 949 - 148 - 3 - 234
4 अक्तूबर - 766 - 85 - 2 - 202
5 अक्तूबर - 605 - 133 - 3 - 199
6 अक्तूबर - 915 - 129 - 3 - 238
परिदा ने बताया कि कुछ अध्ययन हैं, जो बताते हैं कि एक के बाद दूसरी लहर आ सकती है। इसलिए पहले से ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है। केरल में पहले केस कम हो गए थे, लेकिन फिर अचानक केसों की संख्या बढ़ी है। आने वाले दिनों में कई सारे त्योहार हैं। लोगों को इसमें बिल्कुल ढिलाई नहीं बरतनी होगी।
अक्तूबर में कोरोना सैंपल और केसों की संख्या
दिन - सैंपल लिए - नए केस - मृत्यु - ठीक हुए
1 अक्तूबर - 901 - 119 - 2 - 196
2 अक्तूबर - 961 - 155 - 5 - 153
3 अक्तूबर - 949 - 148 - 3 - 234
4 अक्तूबर - 766 - 85 - 2 - 202
5 अक्तूबर - 605 - 133 - 3 - 199
6 अक्तूबर - 915 - 129 - 3 - 238