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कोवैक्सीन बनाने वाले वैज्ञानिकों को पीयू कंवोकेशन में ऑनरेरी डिग्री
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चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी की ओर से 6 मई को होने वाले दीक्षांत समारोह में ऑनरेरी डिग्री और पीयू रत्न देने के लिए एजेंडे में रखे गए नामों पर सोमवार को आयोजित सीनेट बैठक में मंजूरी दे दी गई। पीयू के भौतिकी विज्ञान के एलुमनी और भारत सरकार के विज्ञान और तकनीकी परिषद् के मुख्य सलाहकार डॉ. अजय कुमार सूद को ऑनरेरी डिग्री दी जाएगी।
इसके अलावा ऑनरेरी डिग्री के लिए भारत बायोटेक के संस्थापक और वैज्ञानिक डॉ. कृष्ण एल्ला और इसी कंपनी की सुचित्रा एल्ला का भी चयन किया गया है। कंपनी की ओर से कोविड-19 के दौरान देश को अपनी कोरोना वैक्सीन मुहैया करवाई गई। मानव सेवा के लिए दिए गए योगदान के लिए इनका नाम का चयन किया गया है।
सीनेटरों ने कमेटी की ओर से सुझाए गए इन नामों के लिए उनके प्रयासों की सराहना की। इसके अलावा लगभग 1100 के करीब पीएचडी शोधार्थियों को डिग्री दी जाएगी। इसमें पिछले तीन साल के शोधार्थी शामिल होंगे। पीयू वीसी प्रो. राजकुमार ने कहा कि अगर कोई सीनेटर ऑनरेरी डिग्री या पीयू रत्न के लिए अलग कोई सुझाव देना चाहता है तो वीसी दफ्तर को सूचना पहुंचा सकता है।
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इनको मिलेंगे पीयू रत्न
पीयू रत्न के लिए कमेटी की ओर से 6 सदस्यों को चुना गया था। इसके लिए सीनेटरों ने मंजूरी दी। इसमें ज्ञान रत्न के लिए एनसीईआरटी के पूर्व निदेशक और शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन कार्य के लिए प्रो. जेएस राजपूत, विज्ञान रत्न के लिए मेडिसिन में बेहतर कार्य करने वाले पद्म श्री वैद्य राजेश कटोच, खेल रत्न के लिए 2010 के वर्ल्ड कप हॉकी चैंपियनशिप में सबसे छोटी उम्र की खिलाड़ी रानी रामपाल, साहित्य रत्न के लिए धर्म, गुरबानी और साहित्य लेखन में बेहतर कार्य करने वाले सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ पंजाब बठिंडा के चांसलर प्रो. जगबीर सिंह, उद्योग रत्न के लिए एवन साइकिल के संस्थापक ओंकार सिंह और कला रत्न के लिए थंकपा पेंटिंग को नई पहचान दिलाने वाले कलाकार खांडु वांगचुक भूटिया को चुना गया है।
नीरज चोपड़ा को खेल रत्न की उठी मांग
सीनेटर प्रो. गुरमीत सिंह और नीरू मलिक की ओर से नीरज चोपड़ा को पीयू खेल रत्न देने की मांग उठाई गई। नीरज चोपड़ा पंजाब यूनिवर्सिटी के छात्र रहे हैं। ऐसे में विश्व स्तर पर पीयू का नाम रोशन करने के लिए वे इसके हकदार बनते हैं।
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इसके अलावा ऑनरेरी डिग्री के लिए भारत बायोटेक के संस्थापक और वैज्ञानिक डॉ. कृष्ण एल्ला और इसी कंपनी की सुचित्रा एल्ला का भी चयन किया गया है। कंपनी की ओर से कोविड-19 के दौरान देश को अपनी कोरोना वैक्सीन मुहैया करवाई गई। मानव सेवा के लिए दिए गए योगदान के लिए इनका नाम का चयन किया गया है।
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सीनेटरों ने कमेटी की ओर से सुझाए गए इन नामों के लिए उनके प्रयासों की सराहना की। इसके अलावा लगभग 1100 के करीब पीएचडी शोधार्थियों को डिग्री दी जाएगी। इसमें पिछले तीन साल के शोधार्थी शामिल होंगे। पीयू वीसी प्रो. राजकुमार ने कहा कि अगर कोई सीनेटर ऑनरेरी डिग्री या पीयू रत्न के लिए अलग कोई सुझाव देना चाहता है तो वीसी दफ्तर को सूचना पहुंचा सकता है।
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इनको मिलेंगे पीयू रत्न
पीयू रत्न के लिए कमेटी की ओर से 6 सदस्यों को चुना गया था। इसके लिए सीनेटरों ने मंजूरी दी। इसमें ज्ञान रत्न के लिए एनसीईआरटी के पूर्व निदेशक और शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन कार्य के लिए प्रो. जेएस राजपूत, विज्ञान रत्न के लिए मेडिसिन में बेहतर कार्य करने वाले पद्म श्री वैद्य राजेश कटोच, खेल रत्न के लिए 2010 के वर्ल्ड कप हॉकी चैंपियनशिप में सबसे छोटी उम्र की खिलाड़ी रानी रामपाल, साहित्य रत्न के लिए धर्म, गुरबानी और साहित्य लेखन में बेहतर कार्य करने वाले सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ पंजाब बठिंडा के चांसलर प्रो. जगबीर सिंह, उद्योग रत्न के लिए एवन साइकिल के संस्थापक ओंकार सिंह और कला रत्न के लिए थंकपा पेंटिंग को नई पहचान दिलाने वाले कलाकार खांडु वांगचुक भूटिया को चुना गया है।
नीरज चोपड़ा को खेल रत्न की उठी मांग
सीनेटर प्रो. गुरमीत सिंह और नीरू मलिक की ओर से नीरज चोपड़ा को पीयू खेल रत्न देने की मांग उठाई गई। नीरज चोपड़ा पंजाब यूनिवर्सिटी के छात्र रहे हैं। ऐसे में विश्व स्तर पर पीयू का नाम रोशन करने के लिए वे इसके हकदार बनते हैं।