Haryana: सिमरनजीत मान ने उठाई खालिस्तान की मांग, कहा- इससे दक्षिण एशिया में कभी परमाणु युद्ध नहीं होगा
सिमरनजीत सिंह मान का जन्म साल 1945 में शिमला में हुआ था। चंडीगढ़ के सरकारी कॉलेज से स्नातक करने के बाद 1967 में भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) ज्वाइन की थी। 77 साल के सिमरनजीत सिंह मान ने हाल में संगरूर लोकसभा सीट से उपचुनाव जीता है।
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संगरूर से सांसद और शिरोमणि अकाली दल (अमृतसर) के अध्यक्ष सिमरनजीत सिंह मान ने खालिस्तान की मांग की है। उन्होंने इसका फायदा तक बताया। सिमरनजीत सिंह मान ने ऐसा बयान पहली बार नहीं दिया है। वह खालिस्तान समर्थक हैं। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि सबसे पहले, उन्हें (भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार) जवाब देना चाहिए कि वे भारत को बरकरार रख सकते हैं या नहीं। अगर ये अपनी धरती को चीन और पाकिस्तान को दे रहे हैं, यदि खालिस्तान को मंजूरी दे देंगे तो यह परमाणु सक्षम भारत, पाकिस्तान और चीन के बीच खालिस्तान एक बफर राज्य बन जाएगा और इसके कारण दक्षिण एशिया में कभी परमाणु युद्ध नहीं होगा।
हरियाणा सीएम पर साधा निशाना
सिमरनजीत सिंह मान ने करनाल में कहा कि जनता को शर्म आनी चाहिए कि हरियाणवी की जगह एक पंजाबी को हरियाणा का सीएम बनाया गया है और आप पर शासन कर रहा है। गैंगस्टर हरियाणा के हैं पंजाब के नहीं।
ऑपरेशन ब्लू स्टार के विरोध में छोड़ी थी IPS की नौकरी
सिमरनजीत सिंह मान का जन्म साल 1945 में शिमला में हुआ था। चंडीगढ़ के सरकारी कॉलेज से स्नातक करने के बाद 1967 में भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) में शामिल हुए। इस दौरान वे पुलिस अधीक्षक (सतर्कता), एसपी (मुख्यालय), वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) फिरोजपुर, एसएसपी फरीदकोट और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के ग्रुप कमांडेट सहित विभिन्न पदों पर रहे। वे पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के साढ़ू हैं। उन्होंने 18 जून 1984 को ऑपरेशन ब्लू स्टार के विरोध में नौकरी छोड़ दी थी। मान खालिस्तान के समर्थक हैं और विभिन्न मंचों पर सिखों और अल्पसंख्यकों के मुद्दों को उठाते रहे हैं। उनके पिता लेफ्टिनेंट कर्नल जोगिंदर सिंह मान विधानसभा स्पीकर रह चुके थे।
77 साल के सिमरनजीत सिंह मान ने हाल में संगरूर लोकसभा सीट से उपचुनाव जीता है। संगरूर लोकसभा सीट पर आप का दबदबा रहा है। मुख्यमंत्री भगवंत मान 2014 और 2019 में इसी सीट से सांसद चुने गए थे। वह इसी लोकसभा क्षेत्र के धुरी विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। इसमें नौ विधानसभा सीटे हैं। साल 2022 में आप ने सभी विधानसभा सीटों पर जीत हासिल की थी। मुख्यमंत्री बनने के बाद मान ने यह सीट छोड़ दी थी। दो दशक बाद संसद लौटे 77 वर्षीय मान ने 23 साल बाद इस सीट पर जीत हासिल की है। वे साल 1989 में तरनतारन और 1999 में संगरूर से लोकसभा जीत चुके हैं।
Karnal | You (public) should be ashamed that instead of Hariyanvi a Punjabi has been made CM of Haryana and is ruling upon you. Gangsters are from Haryana and not from Punjab...: Simranjit Singh Mann, Shiromani Akali Dal (Amritsar) pic.twitter.com/t4kV3YEmFd
— ANI (@ANI) July 14, 2022
#WATCH | First, they (BJP-led Central govt) should answer whether they can keep India intact or not. If they will approve Khalistan then it'll become a buffer state for nuclear-enabled India, Pakistan & China, & due to it South Asia will never have nuclear war:Punjab's Sangrur MP pic.twitter.com/BNYFiojRbU
— ANI (@ANI) July 14, 2022