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रेवाड़ी गैंगरेपः जानिए, क्या है पूरा मामला और कैसे तबाह कर दी गई लड़की की जिंदगी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 23 Sep 2018 04:57 PM IST
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रेवाड़ी गैंगरेप
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सेना का जवान और उसके दो दोस्त, एक लड़की को उठाया को उठाया और उसके साथ गैंगरेप कर डाला। 8 घंटे तक तीनों उसकी इज्जत से खिलवाड़ करते रहे। जब लड़की की हालत बिगड़ने लगी तो डॉक्टर संजीव को बुलाया, जिसने उसकी जान तो बचा दी, लेकिन इंसानियत का फर्ज नहीं निभाया।
डॉक्टर को पता था कि लड़कों ने कुछ किया है, उसके बावजूद उसने न तो पुलिस को जानकारी दी और न ही उसके मां-बाप को बताया। उधर, उस कमरे का मालिक दीनदयाल, जहां लड़की के साथ तीन लड़कों ने आठ घंटे तक बर्बरतापूर्वक दुराचार किया। उसे पता था कि लड़के कुछ गलत करेंगे, उसके बावजूद कमरे की चाबी दे दी।
तीन लड़कों की हवस और दो लोगों की अमानवीयता का नतीजा, रेलवे में नौकरी करने का सपना देखने वाली लड़की की जिंदगी बर्बाद हो गई। उसकी हालत ऐसी हो गई है कि अपना खुद का चेहरा देखने से डरती है। दहशत में है, ये सोचकर कि अब आगे क्या होगा। वह कैसे खुद को इस सदमे से उबारेगी और समाज में कैसे रहेगी।
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डॉक्टर को पता था कि लड़कों ने कुछ किया है, उसके बावजूद उसने न तो पुलिस को जानकारी दी और न ही उसके मां-बाप को बताया। उधर, उस कमरे का मालिक दीनदयाल, जहां लड़की के साथ तीन लड़कों ने आठ घंटे तक बर्बरतापूर्वक दुराचार किया। उसे पता था कि लड़के कुछ गलत करेंगे, उसके बावजूद कमरे की चाबी दे दी।
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तीन लड़कों की हवस और दो लोगों की अमानवीयता का नतीजा, रेलवे में नौकरी करने का सपना देखने वाली लड़की की जिंदगी बर्बाद हो गई। उसकी हालत ऐसी हो गई है कि अपना खुद का चेहरा देखने से डरती है। दहशत में है, ये सोचकर कि अब आगे क्या होगा। वह कैसे खुद को इस सदमे से उबारेगी और समाज में कैसे रहेगी।
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कनीना बस स्टैंड से उठाया था
rewari gangrape
- फोटो : फाइल फोटो
12 सितंबर का दिन था, पीड़िता कोचिंग से लौट रही थी। बस स्टैंड पर उसके परिवार का जानकार पंकज और पड़ोस में रहने वाला नीशू मिला। उन्होंने उसे घर पहुंचाने की बात कहकर बाइक पर बिठा लिया। रास्ते में उन्होंने उसे पानी पिलाया, जिसे पीते ही वह बेहोश हो गई। फिर दोनों लड़की को दीनदयाल के कमरे में ले गए।
वहां नीशू ने मनीष को भी बुलाया और फिर तीनों ने 8 घंटे तक उसके साथ दुराचार किया। हालत बिगड़ी तो डॉक्टर को बुलाया और फिर इलाज कराने के बाद वे उसे वापिस बस स्टैंड पर फेंक गए। भागने के बाद नीशू ने पीड़िता के पिता को फोन करके कहा कि उसकी तबीयत खराब है और बस स्टैंड पर बेहोशी की हालत में है।
खबर मिलते ही पिता बस स्टैंड पहुंचे और बेटी को संभाला। होश आया तो उसने सारी वारदात के बारे में बताया। पिता उसे तुरंत महिला पुलिस थाने ले गए, लेकिन पुलिस ने साथ ही नहीं दिया। महिला अफसर ने उनके द्वारा दी गई शिकायत की कॉपी फाड़ दी और उन्हें डांटकर भगा दिया। करीब छह सात घंटे तक भटकते रहे।
वहां नीशू ने मनीष को भी बुलाया और फिर तीनों ने 8 घंटे तक उसके साथ दुराचार किया। हालत बिगड़ी तो डॉक्टर को बुलाया और फिर इलाज कराने के बाद वे उसे वापिस बस स्टैंड पर फेंक गए। भागने के बाद नीशू ने पीड़िता के पिता को फोन करके कहा कि उसकी तबीयत खराब है और बस स्टैंड पर बेहोशी की हालत में है।
खबर मिलते ही पिता बस स्टैंड पहुंचे और बेटी को संभाला। होश आया तो उसने सारी वारदात के बारे में बताया। पिता उसे तुरंत महिला पुलिस थाने ले गए, लेकिन पुलिस ने साथ ही नहीं दिया। महिला अफसर ने उनके द्वारा दी गई शिकायत की कॉपी फाड़ दी और उन्हें डांटकर भगा दिया। करीब छह सात घंटे तक भटकते रहे।
मीडिया तक पहुंचने के बाद दर्ज हुई एफआईआर
रेवाड़ी गैंगरेप
मामला मीडिया तक पहुंचा, तो पुलिस विभाग के आला अधिकारियों को भी भनक लग गई। किरकिरी से बचने के लिए एडीजीपी श्री कांत जाधव ने एक एसआईटी टीम गठित कर दी है। इस टीम में नाजनीन, पुलिस अधीक्षक नूंह, डीएसपी अनिल कुमार कोसली, डीएसपी सतेंद्र महेंद्रगढ़, महिला इंस्पेक्टर सरोज बाला, इंस्पेक्टर अनिल एसएचओ नूंह, सोहन लाल डीआई नूंहह व एसआई उषा रानी रेवाड़ी शामिल हैं।
एसआईटी इंचार्ज नाजनीन ने पीड़िता से मुलाकात करके मामले की जानकारी ली। फिर 16 सितंबर को एक आरोपी नीशू, कमरे के मालिक दीनदयाल और डॉक्टर संजीव को गिरफ्तार किया गया। जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य साजिशकर्ता पीड़िता के पड़ोस में रहने वाला नीशू है। बाकी दोनों को आपराधिक साजिश रचने और अपराध को छुपाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
अब नीशू पुलिस रिमांड में है। उसकी निशानदेही पर पुलिस उसके घर से मोबाइल फोन बरामद कर चुकी है। फरार होने से पहले नीशु ने अपना मोबाइल घर ही छोड़ दिया था। रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में जब मोबाइल की जानकारी मिली तो पुलिस उसे लेकर उसके गाव पहुंची और मोबाइल कब्जे में ले लिया। इससे पहले पुलिस नीशु को वारदात स्थल पर भी ले गई थी।
एसआईटी इंचार्ज नाजनीन ने पीड़िता से मुलाकात करके मामले की जानकारी ली। फिर 16 सितंबर को एक आरोपी नीशू, कमरे के मालिक दीनदयाल और डॉक्टर संजीव को गिरफ्तार किया गया। जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य साजिशकर्ता पीड़िता के पड़ोस में रहने वाला नीशू है। बाकी दोनों को आपराधिक साजिश रचने और अपराध को छुपाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
अब नीशू पुलिस रिमांड में है। उसकी निशानदेही पर पुलिस उसके घर से मोबाइल फोन बरामद कर चुकी है। फरार होने से पहले नीशु ने अपना मोबाइल घर ही छोड़ दिया था। रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में जब मोबाइल की जानकारी मिली तो पुलिस उसे लेकर उसके गाव पहुंची और मोबाइल कब्जे में ले लिया। इससे पहले पुलिस नीशु को वारदात स्थल पर भी ले गई थी।
सीएम खट्टर ने बयान देकर किरकिरी कराई
haryana cm khattar
- फोटो : अमर उजाला
शुरू में मामले को लेकर पुलिस और सरकार दोनों ने किरकिरी कराई। जब सीएम खट्टर से बात की गई तो उन्होंने कहा कि पुलिस अपना काम कर रही है। बस इतनी बात कही और वे निकल गए। इससे सीएम विरोधियों के निशाने पर आ गए। फिर शुरू हुआ बयानबाजी और सरकार के खिलाफ तंज कसने का दौर।
हरियाणा के उचाना कलां से बीजेपी की विधायक प्रेमलता ने बेतुका सा बयान देकर सबको चौंका दिया। उनहोंने कहा कि बेरोजगारी की वजह से लोग कुंठित हैं और इस तरह के अपराध को अंजाम दे रहे हैं। ऐसा कहकर एक तरह से उन्होंने अपनी ही सरकार पर सवाल खड़े किए, जो पहले ही बेरोजगारी के विपक्ष के निशाने पर है।
फिर सीएम साहब ने मामले पर खुलकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि आरोपियों की पहचान हो गई है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि आरोपी और पीड़िता एक दूसरे को जानते थे। इससे ज्यादा चौंकाने वाली बात ये है कि एक आरोपी सेना का जवान है। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा, कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
हरियाणा के उचाना कलां से बीजेपी की विधायक प्रेमलता ने बेतुका सा बयान देकर सबको चौंका दिया। उनहोंने कहा कि बेरोजगारी की वजह से लोग कुंठित हैं और इस तरह के अपराध को अंजाम दे रहे हैं। ऐसा कहकर एक तरह से उन्होंने अपनी ही सरकार पर सवाल खड़े किए, जो पहले ही बेरोजगारी के विपक्ष के निशाने पर है।
फिर सीएम साहब ने मामले पर खुलकर बयान दिया। उन्होंने कहा कि आरोपियों की पहचान हो गई है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि आरोपी और पीड़िता एक दूसरे को जानते थे। इससे ज्यादा चौंकाने वाली बात ये है कि एक आरोपी सेना का जवान है। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा, कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
एसपी, महिला दारोगा और एसएमओ पर गिरी गाज
Haryana CM ML Khattar
- फोटो : ani
किरकिरी कराने के बाद सीएम खट्टर एक्शन मोड में आए और कई अफसरों पर गाज गिर गई। रेवाड़ी के एसपी राजेश दुग्गल को हटाने के आदेश जारी कर दिए। अब राहुल शर्मा को रेवाड़ी का नया एसपी बनाया गया है। सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. सुदर्शन पंवार और महिला थाने की सब इंस्पेक्टर हीरामणि को भी लापरवाही के आरोप में सस्पेंड कर दिया गया।
सीएम ने चेतावनी दी कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। मामले को लेकर डीजीपी बीएस संधू ने भी पुलिस को कड़े निर्देश दिए। संधू ने पुलिस मुख्यालय में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए उच्च पुलिस अधिकारियों को खूब खरी-खरी सुनाई। डीजीपी संधू ने चेतावनी देते हुए कहा कि या तो फील्ड अफसर बेहतर प्रदर्शन करें अन्यथा सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें।
रेंज में तैनात एडीजीपी, आईजी, पुलिस आयुक्तों और सभी एसपी को अपराधियों विशेष रूप से महिलाओं के खिलाफ अपराध में शामिल लोगों से निपटने के लिए ’तत्काल पंजीकरण और त्वरित कार्रवाई’ रणनीति अपनाने के कड़े निर्देश दिए। डीजीपी ने कहा कि किसी भी चूक को गंभीरता से लिया जाएगा, संबंधित अधिकारी और कर्मचारी पर लापरवाही की स्थिति में कठोर कार्रवाई होगी।
सीएम ने चेतावनी दी कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। मामले को लेकर डीजीपी बीएस संधू ने भी पुलिस को कड़े निर्देश दिए। संधू ने पुलिस मुख्यालय में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए उच्च पुलिस अधिकारियों को खूब खरी-खरी सुनाई। डीजीपी संधू ने चेतावनी देते हुए कहा कि या तो फील्ड अफसर बेहतर प्रदर्शन करें अन्यथा सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें।
रेंज में तैनात एडीजीपी, आईजी, पुलिस आयुक्तों और सभी एसपी को अपराधियों विशेष रूप से महिलाओं के खिलाफ अपराध में शामिल लोगों से निपटने के लिए ’तत्काल पंजीकरण और त्वरित कार्रवाई’ रणनीति अपनाने के कड़े निर्देश दिए। डीजीपी ने कहा कि किसी भी चूक को गंभीरता से लिया जाएगा, संबंधित अधिकारी और कर्मचारी पर लापरवाही की स्थिति में कठोर कार्रवाई होगी।
तीनों आरोपी पीड़िता और उसके परिजनों के जानकार निकले
रेवाड़ी गैंगरेप
तीनों आरोपी पीड़िता और उसके परिजनों के जानकार हैं। आरोपी पंकज को डेढ़ साल पहले पीड़िता के पिता की बदौलत ही सेना में नौकरी मिली थी और उसने उसी की बेटी की इज्जत तार-तार कर दी। जब पंकज को सेना की नौकरी मिली थी तो उसने पीड़िता के पिता को गुरु मानकर सम्मानित भी किया था। इसके बाद ही उसका पीड़िता के घर आना-जाना हो गया।
इसी जानकारी का फायदा उठाकर वह छात्रा को कनीना से अपने साथ ले आया। पहले से परिचय होने की वजह से पीड़िता ने उस पर विश्वास किया। लेकिन पंकज ने विश्वासघात किया। वारदात को लेकर गांव का हर व्यक्ति नाराज है। लोगों का कहना है कि अब तो अपने ही गांव के लोग भक्षक बन गए हैं, बेटी-बहुओं को कैसे बचाएं।
नीशू पीड़ित छात्रा का पड़ोसी है। नीशू भी पीड़िता के घर आने-जाने के दौरान पंकज के संपर्क में आया था। फिर दोनों में दोस्ताना हो गया। घटना के दिन युवती को कनीना से लाने के बाद पंकज ने नीशू को बुलाया था और उसके बाद नीशू ने मनीष को बुला लिया। नीशु पर गांव की एक युवती से छेड़छाड़ का आरोप लगा था, लेकिन बाद में ग्रामीणों ने पंचायत स्तर पर मामले को निपटा दिया था।
मनीष के परिवार में उसके माता-पिता के साथ एक बहन है, जिसकी शादी हो चुकी है। पुलिस ने जब मनीष के पिता से पूछताछ की तो उसने कहा कि वह तो साधु हो गया है, उसको परिवार से कोई लेना-देना नहीं है। मनीष, नीशू का दोस्त था और उसे उसने ही बुलाया था।
इसी जानकारी का फायदा उठाकर वह छात्रा को कनीना से अपने साथ ले आया। पहले से परिचय होने की वजह से पीड़िता ने उस पर विश्वास किया। लेकिन पंकज ने विश्वासघात किया। वारदात को लेकर गांव का हर व्यक्ति नाराज है। लोगों का कहना है कि अब तो अपने ही गांव के लोग भक्षक बन गए हैं, बेटी-बहुओं को कैसे बचाएं।
नीशू पीड़ित छात्रा का पड़ोसी है। नीशू भी पीड़िता के घर आने-जाने के दौरान पंकज के संपर्क में आया था। फिर दोनों में दोस्ताना हो गया। घटना के दिन युवती को कनीना से लाने के बाद पंकज ने नीशू को बुलाया था और उसके बाद नीशू ने मनीष को बुला लिया। नीशु पर गांव की एक युवती से छेड़छाड़ का आरोप लगा था, लेकिन बाद में ग्रामीणों ने पंचायत स्तर पर मामले को निपटा दिया था।
मनीष के परिवार में उसके माता-पिता के साथ एक बहन है, जिसकी शादी हो चुकी है। पुलिस ने जब मनीष के पिता से पूछताछ की तो उसने कहा कि वह तो साधु हो गया है, उसको परिवार से कोई लेना-देना नहीं है। मनीष, नीशू का दोस्त था और उसे उसने ही बुलाया था।
51 गांवों की महापंचायत लिए गए कई बड़े फैसले
रेवाड़ी गैंगरेप
रेवाड़ी गैंगरेप के विरोध में शुक्रवार को कोसली में 51 गांवों की महापंचायत हुई, जिसमें ग्रामीणों ने आक्रामक तेवर अपनाते हुए सरकार और पुलिस को चेतावनी दे डाली। दरअसल, हरियाणा में सीबीएसई टॉपर के साथ गैंगरेप की घटना से लोग काफी गुस्से में हैं। विरोध का दौर भी थमने का नाम नहीं ले रहा। पुलिस के हाथ भी दो मुख्य आरोपियों तक पहुंच नहीं पाए हैं।
इसके विरोध में बाला सरपंच हंसराज की अध्यक्षता में एक संघर्ष समिति का गठन किया गया, जिसके तत्वाधान में महापंचायत हुई। इसमें आरोपियों को गिरफ्तार नहीं करने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई है। वक्ताओं ने कहा कि यदि दोनों आरोपियों को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया तो धरने का प्रारंभ किया जाएगा, जो अनिश्चितकाल तक चलेगा। वहीं जन संघर्ष समिति पीड़िता के परिवार को हर संभव सहायता देगी। साथ ही इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाने में भी सहयोग करेगी।
आरोपियों की पैरवी से वकीलों का इनकार
कोसली बार एसोसिएशन के प्रधान दुष्यंत यादव के मुताबिक सभी वकीलों ने एकमत से फैसला लिया है कि कोई भी वकील गैंगरेप के आरोपियों पैरवी नहीं करेगा। साथ ही हरियाणा की हर-एक बार असोसिएशन का समर्थन लिया जाएगा।
इसके विरोध में बाला सरपंच हंसराज की अध्यक्षता में एक संघर्ष समिति का गठन किया गया, जिसके तत्वाधान में महापंचायत हुई। इसमें आरोपियों को गिरफ्तार नहीं करने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई है। वक्ताओं ने कहा कि यदि दोनों आरोपियों को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया तो धरने का प्रारंभ किया जाएगा, जो अनिश्चितकाल तक चलेगा। वहीं जन संघर्ष समिति पीड़िता के परिवार को हर संभव सहायता देगी। साथ ही इस तरह की घटनाओं पर लगाम लगाने में भी सहयोग करेगी।
आरोपियों की पैरवी से वकीलों का इनकार
कोसली बार एसोसिएशन के प्रधान दुष्यंत यादव के मुताबिक सभी वकीलों ने एकमत से फैसला लिया है कि कोई भी वकील गैंगरेप के आरोपियों पैरवी नहीं करेगा। साथ ही हरियाणा की हर-एक बार असोसिएशन का समर्थन लिया जाएगा।
पंकज की पत्नी आई सामने, बोली- चाहे फांसी दो या गोली मार दो
रेवाड़ी गैंगरेप
मुख्य आरोपी पंकज की पत्नी उसके खिलाफ हो गई और उसने जो बयान दिया है, सुनकर पति महाशय भी हक्के-बक्के रह जाएंगे। गैंगरेप मामले में मुख्य आरोपी पंकज फौजी की पत्नी ज्योति ने कहा कि उसका पंकज के साथ अब कोई रिश्ता नहीं हैं। उसने उसके साथ धोखा किया है। वह इस धोखे को बर्दाश्त नहीं कर पाएगी। इसलिए वह अब उसके साथ नहीं रहना चाहती।
ज्योति ने कहा कि पुलिस ने उसके मायके वालों को परेशान कर रखा है। नाबालिग भाई और पिता को पिछले पांच छह दिनों से उठा रखा है। जबकि उनका कोई कसूर भी नहीं हैं। इतना ही नहीं पुलिस रात के 2-2 बजे आकर उन्हें परेशान कर रही है। हमसे बार-बार पंकज के बारे में पूछती है। जब हमें उसके बारे में कुछ पता ही नहीं तो हम क्या बताएं। घर पर कोई आदमी भी नहीं हैं। वह सात माह की गर्भवती है।
इस समय वह मानसिक रूप से परेशान चल रही है। अगर उसके और उसके पेट में पल रहे बच्चे को कुछ हुआ तो इसका जिम्मेदार पुलिस प्रशासन होगा। बता दें कि 15 नवंबर 2017 को आरोपी पंकज की शादी गांव कुराहवटा निवासी मनोज की बेटी ज्योति के साथ हुई थी। ज्योति ने बताया था कि उसने पंकज के बारे इस प्रकार की कोई शिकायत नहीं सुनी थी। लेकिन अब उसका पंकज से विश्वास उठ गया है। अव वह उसके साथ नहीं रहना चाहती।
ज्योति ने कहा कि पुलिस ने उसके मायके वालों को परेशान कर रखा है। नाबालिग भाई और पिता को पिछले पांच छह दिनों से उठा रखा है। जबकि उनका कोई कसूर भी नहीं हैं। इतना ही नहीं पुलिस रात के 2-2 बजे आकर उन्हें परेशान कर रही है। हमसे बार-बार पंकज के बारे में पूछती है। जब हमें उसके बारे में कुछ पता ही नहीं तो हम क्या बताएं। घर पर कोई आदमी भी नहीं हैं। वह सात माह की गर्भवती है।
इस समय वह मानसिक रूप से परेशान चल रही है। अगर उसके और उसके पेट में पल रहे बच्चे को कुछ हुआ तो इसका जिम्मेदार पुलिस प्रशासन होगा। बता दें कि 15 नवंबर 2017 को आरोपी पंकज की शादी गांव कुराहवटा निवासी मनोज की बेटी ज्योति के साथ हुई थी। ज्योति ने बताया था कि उसने पंकज के बारे इस प्रकार की कोई शिकायत नहीं सुनी थी। लेकिन अब उसका पंकज से विश्वास उठ गया है। अव वह उसके साथ नहीं रहना चाहती।
नीशू की फेसबुक से पता चली उसकी फितरत
रेवाड़ी गैंगरेप
पुलिस को जांच में पता चला है कि निशु फेसबुक पर खूब सक्रिय रहता था।फेसबुक पर उसने कई एलबम अपलोड किये हैं, जिसमें फोटो और वीडियो भी हैं। एक वीडियो में वह अपने पिता के साथ नाच रहा है, जबकि अन्य में वह कई खेल प्रतियोगिता में भाग ले रहा है।
उसने अपने फेसबुक अकाउंट पर महिलाओं व लड़कियों से छेड़छाड़ की शेखी बघारने वाले कई आपत्तिजनक पोस्ट किए हैं। एक में उसने लिखा है, हर शख्स के मन में ये भ्रम है कि उसकी कई गर्लफ्रेंड हैं। लेकिन वो नहीं जानते हैं कि मैं दूसरों की गर्लफ्रेंड और महिलाओं से छेड़खानी करता हूं। इसके अलावा उसने कई अश्लील वीडियो भी शेयर कर रखे हैं।
एक पोस्ट में आरोपी ने लिखा है, जब से आरओ सिस्टम आया है गांव के लड़कों ने कुएं पर महिलाओं को छेड़ने का मौका खो दिया है। फेसबुक पर उसके द्वारा की गई पोस्ट्स उसकी मानसिकता को दर्शाती हैं। ज्यादातर तो ऐसी हैं, जिनके बारे में बताया नहीं जा सकता। कुछ पोस्ट में गैंगरेप का दूसरा आरोपी जवान पंकज भी उसकी कई पोस्ट में टैग नजर आता है।
उसने अपने फेसबुक अकाउंट पर महिलाओं व लड़कियों से छेड़छाड़ की शेखी बघारने वाले कई आपत्तिजनक पोस्ट किए हैं। एक में उसने लिखा है, हर शख्स के मन में ये भ्रम है कि उसकी कई गर्लफ्रेंड हैं। लेकिन वो नहीं जानते हैं कि मैं दूसरों की गर्लफ्रेंड और महिलाओं से छेड़खानी करता हूं। इसके अलावा उसने कई अश्लील वीडियो भी शेयर कर रखे हैं।
एक पोस्ट में आरोपी ने लिखा है, जब से आरओ सिस्टम आया है गांव के लड़कों ने कुएं पर महिलाओं को छेड़ने का मौका खो दिया है। फेसबुक पर उसके द्वारा की गई पोस्ट्स उसकी मानसिकता को दर्शाती हैं। ज्यादातर तो ऐसी हैं, जिनके बारे में बताया नहीं जा सकता। कुछ पोस्ट में गैंगरेप का दूसरा आरोपी जवान पंकज भी उसकी कई पोस्ट में टैग नजर आता है।