{"_id":"5d75bd238ebc3e0148602a13","slug":"recorded-33-percent-decrease-in-rainfall-this-year-at-delhi","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"इस बार कम बरसे बदरा, दिल्ली में 33 फीसदी की आई कमी, हरियाणा में सबसे ज्यादा गिरावट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इस बार कम बरसे बदरा, दिल्ली में 33 फीसदी की आई कमी, हरियाणा में सबसे ज्यादा गिरावट
Mon, 09 Sep 2019 08:16 AM IST
शाहरुख खान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: शाहरुख खान
Updated Mon, 09 Sep 2019 08:16 AM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इस बार मानसून की बारिश ने हरियाणा, यूपी, दिल्ली, उत्तराखंड, चंडीगढ़, जम्मू-कश्मीर व पंजाब को निराश किया है। डेढ़ हफ्ते बाद मानसून की विदाई का वक्त शुरू हो जाएगा।
एक जून से आठ सितंबर तक हुई बारिश के आंकड़ों के मुताबिक हरियाणा में 37, दिल्ली में 33, यूपी में 23, उत्तराखंड में 22, चंडीगढ़, जम्मू-कश्मीर में 15 व पंजाब में 3 फीसदी की कमी दर्ज की गई है। वहीं राजस्थान में 33 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है।
आने वाले दिनों में बारिश की उम्मीद कम ही है। हाल-फिलहाल कोई सिस्टम भी एक्टिव होता नहीं दिख रहा है। बीच में झटके से बारिश हो जाए तो अलग बात है। बारिश नहीं होने से उमस व गर्मी धीरे-धीरे बढ़ रही है।
विज्ञापन
पिछले डेढ़ हफ्ते से दिन का तापमान सामान्य से ज्यादा दर्ज किया जा रहा है। वहीं, मौसम पर नजर रखने वाली प्राइवेट मौसम एजेंसी स्काइमेट के वैज्ञानिक महेश पलावत के मुताबिक इस बार मानसून की ट्रफ साउथ में ज्यादा रही है।
विज्ञापन
एक जून से आठ सितंबर तक हुई बारिश के आंकड़ों के मुताबिक हरियाणा में 37, दिल्ली में 33, यूपी में 23, उत्तराखंड में 22, चंडीगढ़, जम्मू-कश्मीर में 15 व पंजाब में 3 फीसदी की कमी दर्ज की गई है। वहीं राजस्थान में 33 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है।
विज्ञापन
आने वाले दिनों में बारिश की उम्मीद कम ही है। हाल-फिलहाल कोई सिस्टम भी एक्टिव होता नहीं दिख रहा है। बीच में झटके से बारिश हो जाए तो अलग बात है। बारिश नहीं होने से उमस व गर्मी धीरे-धीरे बढ़ रही है।
विज्ञापन
पिछले डेढ़ हफ्ते से दिन का तापमान सामान्य से ज्यादा दर्ज किया जा रहा है। वहीं, मौसम पर नजर रखने वाली प्राइवेट मौसम एजेंसी स्काइमेट के वैज्ञानिक महेश पलावत के मुताबिक इस बार मानसून की ट्रफ साउथ में ज्यादा रही है।
दूसरी तरफ बंगाल की खाड़ी में बनने वाला लो प्रेशर एरिया वेस्ट में रहा है। ऊपर की ओर मूव नहीं कर पाया। इस वजह से महाराष्ट्र, राजस्थान, मध्यप्रदेश, गुजरात, छत्तीसगढ़ में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। अब तो मानसून की विदाई शुरू होने वाली है। ऐसे में बारिश की उम्मीद बहुत कम है। एक दो स्पेल में बारिश हो जाए तो अलग बात है।