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रियलिटी चेक : स्टाफ की कमी से CTU की बसें डिपो में खड़ीं

Fri, 12 Feb 2016 10:14 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 12 Feb 2016 10:14 AM IST
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reality check report of chandigarh transport undertaking

सीटीयू के डिपों में बसें खड़ी हैं लेकिन स्टाफ की कमी से यह चल नहीं पा रही हैं। इंडस्ट्रियल एरिया स्थित सीटीयू के डिपो में 20 एसी और नॉन एसी बसें खड़ी हैं। ड्राइवरों और कंडक्टरों की कमी के चलते इन बसों को डिपो में खड़ा किया गया है। अमर उजाला द्वारा रियलिटी चेक के दौरान यह मामला सामने आया।

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सीटीयू की ओर से जनवरी 2016 में 200 पदों पर स्टाफ की भर्ती किए जाने के दावे किए गए थे। इसमें 117 ड्राइवर और 83 कंडक्टर पदों पर भर्ती की जानी थी। इसके साथ ही शहर में 200 बसें भी चलाई जानी थीं। लेकिन इस स्टाफ की भर्ती पूरी नहीं होने के चलते अभी तक बसें भी नहीं खरीदी गई हैं।
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सीटीयू सूत्रों के मुताबिक बसों और स्टाफ की कमी के चलते वर्तमान में यात्रियों को बस के लिए 20 मिनट से अधिक समय का इंतजार करना पड़ता है। जबकि इंडस्ट्रियल एरिया स्थित सीटीयू के डिपो नंबर 2 में 20 से अधिक बसें स्टाफ की कमी के चलते सड़कों पर नहीं चल पा रही हैं। इन बसों को चलाने के लिए ड्राइवर उपलब्ध नहीं हैं।
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इसके अलावा मेंटीनेंस स्टाफ की कमी के चलते इतनी ही बसें मरम्मत के लिए खड़ी रहती है। वर्कशाप में इस समय एक बस की सामान्य सी रिपेयर करने में तीन घंटे से अधिक का समय लग जाता है। इससे अन्य बसों पर ही यात्रियों दबाव पड़ता है। इस बारे में सेक्टर-17 से आईटी पार्क का सफर करने वाले अमितोज ने बताया कि बस 30 मिनट के पहले नहीं  मिलती है। इससे आईटी पार्क पहुंचने के लिए इंतजार करना पड़ता है।


खटारा बसों की नीलामी नहीं कर पाया सीटीयू
इंडस्ट्रियल एरिया स्थित सीटीयू के डिपो नंबर 2 में तीस कंडम बसें खड़ी हैं। इनकी ऑनलाइन नीलामी के लिए सीटीयू की ओर से आवेदन मांगा गया था, लेकिन  किसी ने उसमें दिलचस्पी नहीं दिखाई। यह बसें अभी तक यहां से हटाई नहीं जा सकी हैं। सीजन के बदलाव के साथ बीमारियों की दस्तक भी बढ़ जाती है। यहां पर पहले भी डेंगू के लारवा भी मिल चुके हैं। इसके  बाद इन्हें यहां से नहीं हटाया गया है। एक सवाल यह भी उठता है कि अगर सीटीयू की ओर से 200 बसें खरीदी जाएगी तो इस तरह से जगह घेरने के बाद नईं बसें कहां खड़ी की जाएंगी।   

सीटीयू में स्टाफ की भर्ती की प्रक्रिया चल रही है। इसे मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा। सीटीयू के 74 रूटों पर सात मिनट में बसें मिलेंगी।
- अमित तलवार, सीटीयू , निदेशक

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