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Chandigarh: नशा तस्करों को जेलों से बाहर आने में मदद करने वाले पुलिस कर्मी नपेंगे, होगी केसों की स्टडी

Wed, 19 Jul 2023 08:12 AM IST
निवेदिता वर्मा अमित शर्मा,अमर उजाला, चंडीगढ़
अमित शर्मा,अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Wed, 19 Jul 2023 08:12 AM IST
सार

नशा तस्करी से जुड़े मामलों में पुलिस सख्ती से काम कर रही है। हाईकोर्ट द्वारा गठित एसआईटी की रिपोर्ट पर जहां एआईजी राजजीत सिंह को बर्खास्त कर केस दर्ज किया है वहीं कई जगह केस दर्ज किए हैं। नशा तस्करों की कमर तोड़ने के लिए पुलिस उन्हें हर स्तर पर नुकसान पहुंचा रही है।

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Punjab police decided to conduct study of all cases registered related to drug smuggling
पंजाब पुलिस - फोटो : file photo

विस्तार

अब नशा तस्करी से जुड़े केसों में तय समय में चालान पेश न कर तस्करों को जेलों से बाहर आने में मदद करने वाले पंजाब पुलिस मुलाजिम व अधिकारी नपेंगे। पुलिस ने नशा तस्करी से जुड़े दर्ज किए गए सारे केसों की स्टडी करवाने का फैसला लिया है।
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इसमें यह देखा जाएगा कि कितने अपराधियों को पुलिस की खामियों के चलते जमानत मिली है। साथ ही यह कमी किस स्तर पर रही है। ऐसे में आरोपी अधिकारियों पर कार्रवाई होगी। आईजी हेडक्वार्टर सुखचैन सिंह गिल का कहना है कि सरकार नशा तस्करी पर लगाम लगाने के लिए जुटी हुई है। किसी भी स्तर पर खामियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार इस चीज को लेकर काफी गंभीर है। सभी जिलों में पुलिस अधिकारी बढि़या तरीके से काम कर रहे हैं।
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कई मामलों में तय समय में चालान नहीं हुए पेश
गत एक साल में 18 हजार से अधिक केस दर्ज कर लोगों को गिरफ्तार किया है लेकिन पुलिस के ध्यान में आया कि कुछ मामलों में पुलिस की ओर से तय समय 90 या 180 दिनों में चालान पेश नहीं किए। इसका सीधा फायदा अपराधियों को मिला और वह जेलों से बाहर आ गए। ऐसे में अब पुलिस ने सारे केसों को स्टडी करने फैसला लिया है। 


इसमें यह देखा जा रहा है कि केस कहां दर्ज हुआ था। उस समय उस इलाके का एसएचओ, डीएसपी और एसपी कौन था। चालान पेश करने में देरी किस स्तर पर हुई। साथ ही इससे फायदा किसे मिला। इसका सारा डाटा तैयार किया जाएगा। साथ ही अपराधियों की मदद करने वाले लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।

26.72 करोड़ की प्रॉपर्टी होगी कुर्क
याद रहे कि नशा तस्करी से जुड़े मामलों में पुलिस सख्ती से काम कर रही है। हाईकोर्ट द्वारा गठित एसआईटी की रिपोर्ट पर जहां एआईजी राजजीत सिंह को बर्खास्त कर केस दर्ज किया है वहीं कई जगह केस दर्ज किए हैं। नशा तस्करों की कमर तोड़ने के लिए पुलिस उन्हें हर स्तर पर नुकसान पहुंचा रही है। नशा तस्करों की संपत्तियां तक कुर्क की जा रही हैं ताकि कोई व्यक्ति भूलकर भी इस क्षेत्र में न आए। अब तक पुलिस ने 26.72 करोड़ की प्रॉपर्टी कुर्क की है। ये संपत्तियां कुल 66 हैं। इनमें बरनाला जिले में 2.34 करोड़ की 13 संपत्तियां, फाजिल्का में 1.72 करोड़ की नौ संपत्तियां और मालेरकोटला में 1.13 करोड़ की छह संपत्तियां कुर्क हैं।



 
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